आरएएस परीक्षा 2023: सात साल की मेहनत और बिना कोचिंग के कुशल चौधरी ने रचा इतिहास, पाई पहली रैंक
Jaipur . राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) 2023 में टॉप करने वाले कुशल चौधरी ने साबित कर दिया कि यदि इरादा मजबूत हो और मेहनत के साथ संघर्ष किया जाए तो कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है। अजमेर जिले के डूंगरिया कलां गांव के निवासी कुशल चौधरी का परिवार एक साधारण किसान परिवार है। उनके पिता प्रभुराम चौधरी (60) एक किसान हैं और उन्होंने अपने बेटे की शिक्षा में हमेशा महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
कुशल चौधरी का कहना है कि बचपन में जब वह पढ़ाई में उतने अच्छे नहीं थे, तो उनके पिता ने खुद उन्हें पढ़ाया। इस दौरान, उनके पिता ने उन्हें प्रोत्साहित किया और शिक्षा के महत्व को बताया। कुशल की शिक्षा की शुरुआत गांव के स्कूल से हुई थी, लेकिन कक्षा 12वीं तक की पढ़ाई उन्होंने कुचामन के नोबल स्कूल से की। इसके बाद उन्होंने महाराजा कॉलेज जयपुर से ग्रेजुएशन पूरा किया।
यह खबर भी देखें...
एसआई भर्ती 2021 रद्द हुई तो सबने बताया फर्जी, अब परमेश्वर चौधरी ने आरएएस बन दिया करारा जवाब
पहली नौकरी और आरएएस की तैयारी की शुरुआत
कुशल चौधरी ने 2018 में लैब असिस्टेंट के पद पर काम करना शुरू किया। नौकरी मिलने के बाद ही उन्होंने आरएएस की परीक्षा की तैयारी शुरू की। इस समय उनके फिजिक्स टीचर भी इस परीक्षा की तैयारी कर रहे थे और उन्होंने कुशल को प्रोत्साहित किया। साथ ही, उन्होंने अपनी तैयारी के नोट्स भी कुशल को दिए, जिससे कुशल को कोचिंग के बिना ही तैयारी करने का मार्गदर्शन मिला।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान मौसम अपडेट : सर्द उत्तरी हवाओं का दिख रहा असर, कई जगहों पर पारा 15 डिग्री पहुंचा
पहली बार में असफलता, लेकिन हार नहीं मानी
कुशल ने अपनी पहली कोशिश में आरएएस परीक्षा दी, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली और उनकी रैंक 1038 रही। इस असफलता के बाद उन्होंने कुछ समय के लिए तैयारी को छोड़ दिया और खुद को मानसिक तनाव में महसूस किया। लेकिन फिर परिवार के सहयोग और प्रेरणा से उन्होंने एक बार फिर से तैयारी शुरू की। 15 अक्टूबर 2025 को आए RAS परिणाम में उन्होंने पहली रैंक हासिल की।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में लोगों की जान से हो रहा खिलवाड़! बाजार में हर साल बिक रहीं 600 करोड़ की नकली दवाएं
यह खबर भी देखें...
भारत में नहीं बिकेगा जीएम फूड, राजस्थान हाईकोर्ट ने दिखाया सख्त रुख, नियम बनाने का निर्देश
संघर्ष की राह: परिवार और समाज का दबाव
कुशल चौधरी की यात्रा में कई उतार-चढ़ाव आए। समाज और परिवार का दबाव भी काफी था। उनके परिवार में पांच बहनें हैं, और परिवार चाहता था कि उनकी शादी भी जल्द हो जाए। लेकिन कुशल ने परिवार से कुछ और समय मांगा, ताकि वह अपना सपना पूरा कर सकें। कुशल का कहना था कि इस सात साल की यात्रा में उन्होंने कठिनाइयों का सामना किया, लेकिन कभी भी अपने लक्ष्य से भटके नहीं।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में फिर एक अप्रेल से सरकारी स्कूल खोलने की तैयारी, पहले फेल हो चुका यह प्रयोग
आरएएस 2023 में हासिल की पहली रैंक
कुशल चौधरी की मेहनत रंग लाई और आरएएस परीक्षा-2023 में उन्होंने राजस्थान प्रशासनिक सेवा परीक्षा में पहले स्थान पर अपनी जगह बनाई। यह सफलता उनके लिए एक सपना सच होने जैसी थी। दिलचस्प बात यह रही कि जब आरएएस परीक्षा 2023 परिणाम घोषित हुए, तब कुशल कहीं बाहर घूम रहे थे। उन्होंने एक दोस्त से कहा था कि वह रिजल्ट चेक करें, क्योंकि पिछली बार जब उन्होंने खुद रिजल्ट चेक किया था, तो सफलता नहीं मिली थी।
जब उनके दोस्त ने फोन किया और बताया कि कुशल की फर्स्ट रैंक आई है, तो पहले तो कुशल को यकीन ही नहीं हुआ। उन्होंने अपनी एडमिट कार्ड निकालकर रोल नंबर से चेक किया और फिर यकीन हुआ।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में ऊर्जा मंत्री के काफिले ने मारी मासूम को टक्कर, इलाज के दौरान हुई मौत
कांस्टेबल बहन के घर की पढ़ाई
आरएएस परीक्षा टॉपरकुशल चौधरी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने परिवार, विशेष रूप से अपनी बहनों और जीजा को दिया। उन्होंने बताया कि उनकी तैयारी का मुख्य केंद्र उनकी कॉन्स्टेबल बहन के ससुराल में था। वहां उन्होंने पूरी मेहनत से पढ़ाई की और उस समय परिवार का पूरा समर्थन उन्हें मिला।
यह खबर भी देखें...
FAQ
- 1. कुशल चौधरी ने आरएएस परीक्षा 2023 में पहले स्थान पर कैसे सफलता प्राप्त की?
अजमेर जिले के किसान के बेटे कुशल चौधरी ने सात साल की कड़ी मेहनत और संघर्ष के बाद, बिना कोचिंग के अपनी तैयारी की। परिवार और समाज के दबाव के बावजूद, उन्होंने कभी हार नहीं मानी और आरएएस 2023 में पहला स्थान हासिल किया। - 2. आरएएस परीक्षा 2023 में कुशल चौधरी की सफलता के पीछे क्या कारण थे?
कुशल चौधरी की सफलता के पीछे उनके संघर्ष, उनके परिवार का समर्थन और उनकी मेहनत और लगन थी। उन्होंने कभी भी अपने लक्ष्य से विचलित नहीं हुए और अपनी यात्रा को जारी रखा। - 3. आरएएस भर्ती परीक्षा 2023 के टॉपर कुशल चौधरी का भविष्य में क्या लक्ष्य है?
कुशल चौधरी का उद्देश्य सरकारी सेवा में जाकर समाज की सेवा करना है। वह जिस भी विभाग में कार्य करेंगे, वहां वह पूरी निष्ठा और समर्पण से अपनी ड्यूटी निभाएंगे।