राजस्थान में खिलाड़ियों को कम डाइट राशि बनी मुसीबत, 250 रुपए से भी कम में कैसे जीतें मेडल, जानें पूरा मामला
Nitin Kumar Bhal | Aug 18, 2025, 15:03 IST
Photograph: (The Sootr)
राजस्थान में खिलाड़ियों को प्रतिदिन केवल 248 रुपए की डाइट दी जा रही है, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार करना मुश्किल हो रहा है। जानें पूरा मामला The Sootr में
खेलों की दुनिया में कदम रखने वाले खिलाड़ी जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करते हैं, तो उनका शारीरिक और मानसिक विकास बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसके लिए उन्हें न केवल उच्च गुणवत्ता का प्रशिक्षण, बल्कि एक संतुलित और पोषक आहार भी चाहिए। लेकिन राजस्थान में स्थिति कुछ अलग है। राजस्थान के राज्य क्रीड़ा परिषद द्वारा चलाई जा रही खेल अकादमियों में खिलाड़ियों को प्रतिदिन केवल 248 रुपए की डाइट दी जा रही है। यह राशि किसी भी खिलाड़ी के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए पर्याप्त नहीं मानी जा सकती।
राजस्थान में राज्य क्रीड़ा परिषद की 22 अकादमियां संचालित हैं, जिनमें लगभग 648 बच्चे प्रशिक्षण ले रहे हैं। इन अकादमियों में खिलाड़ियों के लिए विभिन्न सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं, जिनमें रुकने, खाने-पीने और स्कूल फीस जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं। हर खिलाड़ी पर प्रतिदिन 248 रुपए का खर्चा किया जा रहा है। इसमें सुबह का नाश्ता, दोपहर और रात का खाना, जूस और खेल उपकरण (जैसे यूनिफॉर्म, ट्रैकसूट और जूते) शामिल होते हैं।
स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) के मुकाबले, जहां खिलाड़ियों के लिए 690 रुपए की डाइट राशि दी जाती है, राजस्थान खेल अकादमियों में खिलाड़ियों की डाइट पर मात्र 248 रुपए खर्च किए जाते हैं।। यह राशि किसी भी खिलाड़ी के लिए उनके शारीरिक और मानसिक विकास को ध्यान में रखते हुए अपर्याप्त है। उच्च प्रदर्शन के लिए खिलाड़ियों को पोषक तत्वों से भरपूर आहार की आवश्यकता होती है, जिससे उनका स्टेमिना बढ़े और वे अपनी क्षमता के अनुरूप प्रदर्शन कर सकें।
हाल ही में राजस्थान के कई खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन कर चुके हैं। जयपुर की आर्चरी अकादमी के रजत चौहान ने तीरंदाजी में राज्य का नाम रोशन किया है। अर्जुन अवॉर्डी रजत ने विश्व चैंपियनशिप में इतिहास रचते हुए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन किया है। वहीं, हैंडबॉल की बालिका अकादमी में ममता मिठारवाल और मुस्कान ने अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व किया।
इसके अलावा, वॉलीबॉल के दुष्यंत जाखड़ ने भारतीय टीम की कप्तानी की और कई अन्य खिलाड़ी भी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भाग ले चुके हैं। यह सभी खिलाड़ी इस बात का उदाहरण हैं कि अगर सही मार्गदर्शन और अवसर मिले, तो राजस्थान से भी अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार किए जा सकते हैं।
जयपुर स्थित सवाई मानसिंह स्टेडियम में 8 खेल अकादमियां संचालित हैं। इन अकादमियों में बालिकाओं के लिए हैंडबॉल, वॉलीबॉल, बास्केटबॉल, तीरंदाजी, हॉकी जैसी अकादमियां हैं, जबकि बालकों के लिए बास्केटबॉल और हॉकी की अकादमियां चल रही हैं। 2023 से यहां पैरा एथलेटिक्स और पावर लिफ्टिंग की अकादमियां भी शुरू हो चुकी हैं। इन अकादमियों में चयनित खिलाड़ियों को हर तरह की सुविधा प्रदान की जाती है, जिसमें उनके खाने-पीने से लेकर उनकी पढ़ाई की भी व्यवस्था की जाती है।
राजस्थान की इन अकादमियों में खिलाड़ियों के लिए दी जाने वाली डाइट राशि अन्य राज्यों के मुकाबले काफी कम है। यह सवाल उठता है कि जब खिलाड़ी अच्छा प्रदर्शन करने के लिए आवश्यक पोषण से वंचित होंगे, तो वे कैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करेंगे? उच्च प्रदर्शन के लिए डाइट के साथ-साथ सही मानसिक स्थिति और शारीरिक विकास भी आवश्यक होता है। ऐसे में कम डाइट राशि से खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ना तय है। राजस्थान में खिलाड़ियों की स्थिति सुधारने के गंभीर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है।
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राजस्थान में खिलाड़ियों के लिए बजट की कमी
राजस्थान खेल अकादमियों में खिलाड़ियों को कितनी डाइट राशि मिलती है ?
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राजस्थान के उत्कृष्ट खिलाड़ी
इसके अलावा, वॉलीबॉल के दुष्यंत जाखड़ ने भारतीय टीम की कप्तानी की और कई अन्य खिलाड़ी भी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भाग ले चुके हैं। यह सभी खिलाड़ी इस बात का उदाहरण हैं कि अगर सही मार्गदर्शन और अवसर मिले, तो राजस्थान से भी अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार किए जा सकते हैं।
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सवाई मानसिंह स्टेडियम में 8 खेल अकादमियां संचालित
खिलाड़ियों के लिए बजट की कमी का असर
FAQ
- 1. राजस्थान के खेल अकादमियों में खिलाड़ियों को दी जा रही डाइट राशि कितनी है?
राजस्थान के खेल अकादमियों में खिलाड़ियों को प्रतिदिन 248 रुपए की डाइट राशि दी जा रही है, जो अन्य राज्यों के मुकाबले बहुत कम है। - 2. क्या कम डाइट राशि से अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों का विकास संभव है?
नहीं, कम डाइट राशि से अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों का विकास करना मुश्किल होता है। खिलाड़ियों को उच्च गुणवत्ता वाले पोषक आहार की आवश्यकता होती है, जो उनके प्रदर्शन को प्रभावित करता है। - 3. राजस्थान के कौन-कौन से खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन कर चुके हैं?
जयपुर की आर्चरी अकादमी के रजत चौहान, हैंडबॉल की बालिका अकादमी की ममता मिठारवाल और मुस्कान, वॉलीबॉल के दुष्यंत जाखड़ आदि ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन किया है। - 4. राजस्थान में खेल अकादमियों के संचालन का जिम्मा किसका है?
राजस्थान में खेल अकादमियों का संचालन राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद द्वारा किया जाता है। - 5. क्या राजस्थान में खिलाड़ियों के लिए पर्याप्त डाइट और सुविधाएं उपलब्ध हैं?
नहीं, राजस्थान में खिलाड़ियों के लिए पर्याप्त डाइट और सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। अन्य राज्यों की तुलना में डाइट राशि बहुत कम है, जो खिलाड़ियों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए अपर्याप्त है।
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