राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्राओं का प्रदर्शन, कैंपस सुरक्षा पर उठाए सवाल, कुलगुरु को देंगी ज्ञापन

Jageshwar prasad | Oct 04, 2026, 09:39 IST
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राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्राओं ने सुरक्षा को लेकर प्रदर्शन किया
राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्राओं ने सुरक्षा को लेकर प्रदर्शन किया

राजस्थान विश्वविद्यालय में छात्राओं ने सुरक्षा से संबंधित समस्याओं को उठाने के लिए प्रदर्शन किया। उन्होंने रात में बाहर आने वाली छात्राओं के लिए सुरक्षा की कमी पर चिंता जताई। प्रदर्शन में छात्राओं ने पितृसत्तात्मक सोच के खिलाफ आवाज उठाई और इसे बदलने का आह्वान किया। छात्राएं सोमवार को कुलगुरु को ज्ञापन सौंपने की योजना बना रही हैं।

समझें क्या है पूरा मामला

  • राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्राओं का प्रदर्शन।
  • छात्राओं ने सुरक्षा को लेकर उठाई आवाज।
  • यूनिवर्सिटी के मुख्य द्वार पर की नारेबाजी।
  • पितृसत्तात्मक सोच के खिलाफ किया विरोध।
  • छात्राएं अब कुलगुरु को सौंपेंगी ज्ञापन।
Jaipur: राजस्थान यूनिवर्सिटी (Rajasthan University) में शनिवार रात छात्राओं ने प्रदर्शन किया। उन्होंने महिलाओं के खिलाफ बढ़ते उत्पीड़न और कैंपस में छात्राओं की सुरक्षा (Women Safety) को लेकर आवाज उठाई। छात्राओं ने विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर नारेबाजी की।

छात्राओं का कहना था कि उनका विरोध पुरुषों के खिलाफ नहीं है। यह उस पितृसत्तात्मक सोच के खिलाफ है, जिसके कारण महिलाओं को ही उनके साथ होने वाली घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराया जाता है। यह सोच बदलने की जरूरत है।

क्यों किया प्रदर्शन?

प्रदर्शन में शामिल छात्रा चित्रा ने कहा कि यह प्रदर्शन पुरुष बनाम महिला नहीं है। उनका विरोध उस सोच के खिलाफ है, जिसमें लड़की के पहनावे पर सवाल उठाए जाते हैं। उसके रात में बाहर निकलने या उसके व्यवहार को लेकर सवाल खड़े किए जाते हैं।

उन्होंने कहा कि समाज में यह सोच बदलने की जरूरत है कि पुरुष होने के नाते कोई भी कुछ भी कर सकता है। छात्राओं ने सरकार से महिलाओं के खिलाफ अपराधों पर कड़े कानून बनाने की मांग की। साथ ही दोषियों को सख्त सजा देने की बात कही।

राजस्थान विश्वविद्यालयों में मानद उपाधियों पर सवाल: 3 साल में 52 को डिग्री, 14 को एक भी नहीं | Questions on Honorary Degrees in Rajasthan Universities: 52 Degrees in 3 Years, 14 None
राजस्थान के विश्वविद्यालयों में मानद उपाधियों के वितरण पर उठे सवाल, 14 विश्वविद्यालयों ने नहीं दी एक भी डिग्री
03 Oct 2026 ,
By Jyoti Mahender Bhardwaj
राजस्थान के 12 विश्वविद्यालयों ने पिछले तीन वर्षों में 52 मानद उपाधियाँ प्रदान की हैं, जबकि 14 विश्वविद्यालयों ने ऐसा कोई कार्य नहीं किया। ये उपाधियाँ उन विशिष्ट व्यक्तियों को दी जाती हैं जिन्होंने अपने क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान किया है। मानद उपाधियों का वितरण स्टैंडिंग कमेटी की स्वीकृति और कुलाधिपति की मंजूरी के बाद ही होता है।
राजस्थान के 12 विश्वविद्यालयों ने पिछले तीन वर्षों में 52 मानद उपाधियाँ प्रदान की हैं, जबकि 14 विश्वविद्यालयों ने ऐसा कोई कार्य नहीं किया। ये उपाधियाँ उन विशिष्ट व्यक्तियों को दी जाती हैं जिन्होंने अपने क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान किया है। मानद उपाधियों का वितरण स्टैंडिंग कमेटी की स्वीकृति और कुलाधिपति की मंजूरी के बाद ही होता है।

देशभर में उठ रही आवाज

छात्रा पूजा शेखावत ने कहा कि महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराधों को लेकर देशभर में गुस्सा और विरोध देखने को मिल रहा है। उन्होंने रेप और दहेज उत्पीड़न जैसे मामलों का जिक्र किया।

उन्होंने कहा कि अलग-अलग राज्यों से इस तरह की शिकायतें सामने आती रहती हैं। राजस्थान यूनिवर्सिटी एक बड़ा शैक्षणिक संस्थान है। इसलिए यहां से उठने वाली आवाज दूर तक पहुंच सकती है। इसी उद्देश्य से विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर प्रदर्शन किया गया।


कैंपस सुरक्षा पर सवाल

छात्राओं ने विश्वविद्यालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उनके मुताबिक कैंपस में कई जगह स्ट्रीट लाइट की समस्या है। रात 8 बजे के बाद भी परिसर में बाहरी लोगों की आवाजाही रहती है।

ऐसे में हॉस्टल से बाहर आने-जाने वाली छात्राओं को कमेंटबाजी और छेड़छाड़ जैसी घटनाओं का सामना करने का डर रहता है। छात्राओं का कहना है कि इन परिस्थितियों के कारण कई छात्राएं हॉस्टल से बाहर निकलने से भी कतराने लगी हैं।


डार्क एरिया की शिकायत

छात्राओं ने आरोप लगाया कि गेस्ट के नाम पर कई बाहरी लोग विश्वविद्यालय परिसर के हॉस्टल और आवासों में आकर रहते हैं। ऐसे में अगर किसी बाहरी व्यक्ति की ओर से कोई अनुचित हरकत की जाती है, तो उसकी जिम्मेदारी तय करने को लेकर सवाल खड़े होते हैं।

छात्राओं ने यह भी आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय का स्विमिंग पूल कई सालों से बंद पड़ा है। वहां अंधेरा रहता है। इस जगह पर लोग बैठकर शराब पीते हैं। लेकिन प्रशासन की ओर से इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही।


कुलगुरु को सौंपेंगी ज्ञापन

प्रदर्शन कर रही छात्राओं ने कहा कि विश्वविद्यालय परिसर में सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं को लेकर सोमवार को कुलगुरु को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

छात्राओं ने प्रशासन से कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की। स्ट्रीट लाइट की समस्या दूर करने की बात कही। साथ ही बाहरी लोगों की आवाजाही पर निगरानी बढ़ाने की मांग की। अब देखना जरूरी है कि प्रशासन इन मांगों पर क्या कदम उठाता है।
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