साध्वी प्रेम बाईसा की मौत: पिता और केयर टेकर का होगा पॉलीग्राफ टेस्ट, हर एंगल पर हो रही जांच
Ashish Bhardwaj | Feb 05, 2026, 18:43 IST
Photograph: (the sootr)
राजस्थान में साध्वी प्रेम बाईसा की मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस अब पॉलीग्राफ टेस्ट का सहारा लेगी। यह टेस्ट साध्वी के पिता और केयर टेकर का कराया जाएगा।
News In Short
- साध्वी प्रेम बाईसा की मौत के मामले में एसआईटी ने डीएनए और अन्य सैंपल्स की एफएसएल में भेजी गई जांच।
- एसआईटी ने साध्वी के पिता और केयर टेकर का पॉलीग्राफ टेस्ट कराने का भी निर्णय लिया।
- जहर की पुष्टि के लिए 35 सैंपल भेजे गए, जिनमें बर्तन, चादर, तौलिया और दवाइयों की बोतलें शामिल।
- वेजाइनल स्वाब सैंपल की जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश कि मानव सीमन मौजूद था या नहीं।
- जांच प्रक्रिया में लग सकता है 7 से 10 दिन का समय, हर एंगल से मामले की हो रही जांच।
News In Detail
डीएनए जांच की प्रक्रिया शुरू
जहर की होगी जांच
वेजाइनल स्वाब सैंपल की जांच
हर एंगल से जांच जारी
कैसे हुई थी प्रेम बाईसा की मौत
पॉलीग्राफ टेस्ट क्या होता है?
- दिल की धड़कन – दिल की धड़कन में परिवर्तन।
- श्वसन दर – सांसों की गति में बदलाव।
- पसीने की उत्पत्ति – पसीने की मात्रा का माप।
पॉलीग्राफ टेस्ट कैसे काम करता है?
सच्चाई का पता कैसे लगाते हैं?
संदिग्ध संकेतों की पहचान: अगर किसी विशेष सवाल का जवाब देते वक्त व्यक्ति की शारीरिक प्रतिक्रियाएँ आमतौर पर बढ़ जाती हैं, तो यह संकेत हो सकता है कि वह सवाल व्यक्ति के लिए किसी तरह का दबाव या तनाव उत्पन्न कर रहा है, जो आमतौर पर झूठ बोलने की स्थिति में होता है।
तुलना और विश्लेषण: पॉलीग्राफ के परिणामों की तुलना यह देखने के लिए की जाती है कि किस सवाल पर शारीरिक प्रतिक्रियाएँ ज्यादा थीं और किस पर कम। इस तरह से यह पता चलता है कि किस सवाल पर व्यक्ति ने असामान्य शारीरिक प्रतिक्रियाएँ दीं, जो संभावित रूप से झूठ बोलने का संकेत हो सकती हैं।
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