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News in Short
केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल को सुबह 8 बजे खुलेंगे।
इस बार यात्रा 10 दिन पहले शुरू हो रही है, पिछले साल से पहले।
यात्रा की शुरुआत 18 अप्रैल को भगवान भैरवनाथ की पूजा से होगी।
डोली 19 अप्रैल को ऊखीमठ से प्रस्थान करके 21 अप्रैल को केदारनाथ पहुंचेगी।
चारधाम यात्रा के अन्य धामों के कपाट 19 और 23 अप्रैल को खुलेंगे।
News in Detail
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में स्थित केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल को सुबह 8 बजे खुलेंगे। महाशिवरात्रि पर उखीमठ स्थित ओंकारेश्वर मंदिर में पंचकेदार गद्दी स्थल पर वैदिक विधि-विधान और पंचांग गणना के बाद शुभ मुहूर्त की घोषणा की गई। इस साल कपाट वृष लग्न में खुलेंगे, जो धार्मिक दृष्टि से शुभ माना जाता है।
इस बार केदारनाथ यात्रा पिछले साल से पहले शुरू हो रही है। 2025 में कपाट 2 मई को खुले थे, जबकि इस बार 22 अप्रैल को खुलेंगे। यानी श्रद्धालु इस बार 10 दिन पहले बाबा केदार के दर्शन कर सकेंगे।
तिथि घोषित होते ही शासन-प्रशासन और बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने यात्रा की तैयारियां तेज कर दी हैं। पैदल मार्ग से बर्फ हटाने, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और यात्रियों के लिए सुविधाएं दुरुस्त करने का काम जारी है। यात्रा को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
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18 अप्रैल से भगवान भैरवनाथ की पूजा
कपाट खुलने की पारंपरिक धार्मिक प्रक्रिया 18 अप्रैल को भगवान भैरवनाथ की पूजा से शुरू होगी। भैरवनाथ को धाम का क्षेत्रपाल देवता माना जाता है और उनकी पूजा के साथ यात्रा की शुरुआत होती है। इसके बाद धाम खुलने से जुड़े अनुष्ठान शुरू हो जाते हैं।
19 अप्रैल को भगवान केदारनाथ की पंचमुखी डोली शीतकालीन गद्दी स्थल ऊखीमठ से प्रस्थान करेगी और उसी दिन फाटा पहुंचेगी। 20 अप्रैल को डोली गौरीकुंड में रात्रि विश्राम करेगी, और 21 अप्रैल को केदारनाथ धाम पहुंचेगी। डोली यात्रा के दौरान श्रद्धालु मार्ग में दर्शन करते हुए चलते हैं, और इसे केदारनाथ की परंपरागत आध्यात्मिक यात्रा का अहम हिस्सा माना जाता है।
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सुबह 8 बजे खुलेंगे कपाट
22 अप्रैल को सुबह 8 बजे, डोली के धाम पहुंचने के बाद शुभ मुहूर्त में मंदिर के कपाट खोले जाएंगे। कपाट खुलने से पहले वैदिक मंत्रोच्चार, रावल की पूजा और विशेष अनुष्ठान सम्पन्न किए जाते हैं। इसके बाद श्रद्धालुओं के लिए दर्शन शुरू होते हैं। साथ ही, छह माह तक चलने वाली केदारनाथ यात्रा विधिवत शुरू हो जाएगी।
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ये कपाट इन तारीखों से खुलेंगे
उत्तराखंड की चारधाम यात्रा इस साल अक्षय तृतीया से शुरू होगी। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट 19 अप्रैल 2026 को खोले जाएंगे। इससे पहले मां गंगा की डोली मुखवा गांव से और मां यमुना की डोली खरशाली से प्रस्थान करेगी। उसके बाद केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल 2026 को सुबह 8 बजे खोले जाएंगे। बद्रीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल 2026 को सुबह 6:15 बजे खोले जाएंगे। बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि बसंत पंचमी पर घोषित की गई।
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23 अक्टूबर भाई बंद हुए थे केदारनाथ के कपाट
केदारनाथ धाम के कपाट 23 अक्टूबर 2025 को भाई दूज के अवसर पर शीतकाल के लिए बंद किए गए थे। कपाट बंद होने के बाद बाबा की डोली पैदल मार्ग से रवाना होकर 55 किलोमीटर की यात्रा तय करती हुई 25 अक्टूबर को उखीमठ पहुंची। वहां ओंकारेश्वर मंदिर में शीतकालीन प्रवास शुरू हुआ। मंदिर समिति के अनुसार, 2025 की यात्रा के दौरान 17,68,795 श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन किए। 2013 की आपदा के बाद यह दूसरा अवसर था, जब इतनी बड़ी संख्या में भक्त धाम पहुंचे।
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