23 साल बाद मकर संक्रांति 2026 पर बना एकादशी का संयोग, जानें शुभ मुहूर्त
Kaushiki | Jan 08, 2026, 13:51 IST
Makar Sankranti 2026
मकर संक्रांति 2026 पर षटतिला एकादशी का खास संयोग। जानें 14 जनवरी का शुभ मुहूर्त, पुण्यकाल और सूर्य देव की विशेष पूजन विधि व दान का महत्व। जानें..
Latest Religious News: हिंदू धर्म में मकर संक्रांति का पर्व सूर्य देव की उपासना के लिए सबसे उत्तम माना जाता है। इस बार साल 2026 में मकर संक्रांति का त्योहार बेहद दुर्लभ और शुभ संयोग लेकर आ रहा है।
इस साल सूर्य देव 14 जनवरी को मकर राशि में प्रवेश कर उत्तरायण होने जा रहे हैं। ज्योतिष गणना के मुताबिक, करीब 23 साल बाद मकर संक्रांति पर एकादशी का अद्भुत संयोग बन रहा है।
इस दिन षटतिला एकादशी होने से इस पर्व का धार्मिक महत्व और भी ज्यादा बढ़ गया है। ऐसा दुर्लभ संयोग पिछली बार साल 2003 में देखने को मिला था। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धि जैसे शुभ योग भी बन रहे हैं।
ये खबर भी पढ़ें...मकर संक्रांति से बसंत पंचमी तक, जानें जनवरी 2026 व्रत त्योहार लिस्ट
![Makar Sankranti 2026: साल 2026 में मकर संक्रांति कब है? जानिए सही तिथि और शुभ मुहूर्त]()
धार्मिक कार्यों और दान-पुण्य के लिए संक्रांति का पुण्यकाल सबसे ज्यादा फलदायी माना जाता है।
![Samriddhi Vinyl Gloss Laminated Picture for Sun God WallArt Divine Chariot With Seven Horses Spirtual Home Decor Photo Wall Hanging : Amazon.in: Home & Kitchen]()
मान्यता के मुताबिक, मकर संक्रांति (Makar Sankranti)और षटतिला एकादशी तिथि का साथ होना दान के महत्व को बढ़ा देता है। इस दिन अन्न, गरम वस्त्र और धन का दान करना बहुत लाभकारी माना गया है। तिल का दान करने से अनजाने में हुए पापों से मुक्ति मिल सकती है।
घी, फल और हरी सब्जियों का दान भी इस दिन उत्तम फल देता है। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, उत्तरायण (मकर संक्रांति का महत्व) में सूर्य की पूजा से स्वास्थ्य बेहतर रहता है। ये पर्व अंधेरे से उजाले की ओर बढ़ने का एक सकारात्मक संदेश देता है।
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी पूरी तरह से सही या सटीक होने का हम कोई दावा नहीं करते हैं। ज्यादा और सही डिटेल्स के लिए, हमेशा उस फील्ड के एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।
ये खबर भी पढ़ें...श्रीनाथजी मंदिर में एक दिन में 8 बार होती है आरती, जानें क्या है 15 मिनट दर्शन का रहस्य
इस साल सूर्य देव 14 जनवरी को मकर राशि में प्रवेश कर उत्तरायण होने जा रहे हैं। ज्योतिष गणना के मुताबिक, करीब 23 साल बाद मकर संक्रांति पर एकादशी का अद्भुत संयोग बन रहा है।
इस दिन षटतिला एकादशी होने से इस पर्व का धार्मिक महत्व और भी ज्यादा बढ़ गया है। ऐसा दुर्लभ संयोग पिछली बार साल 2003 में देखने को मिला था। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धि जैसे शुभ योग भी बन रहे हैं।
ये खबर भी पढ़ें...मकर संक्रांति से बसंत पंचमी तक, जानें जनवरी 2026 व्रत त्योहार लिस्ट
Makar Sankranti 2026: साल 2026 में मकर संक्रांति कब है? जानिए सही तिथि और शुभ मुहूर्त
मकर संक्रांति 2026 के शुभ मुहूर्त
पुण्यकाल: 14 जनवरी को दोपहर 03:04 बजे से शाम 05:57 बजे तक रहेगा। महापुण्यकाल: दोपहर 03:04 बजे से दोपहर 03:28 बजे तक का समय अति श्रेष्ठ है। स्नान-दान समय: सुबह 09:03 बजे से सुबह 10:48 बजे तक भी उत्तम मुहूर्त है। इन मुहूर्तों में की गई पूजा और दान से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है।
संक्रांति की विशेष पूजन विधि
- इस दिन सूर्य देव के साथ भगवान विष्णु की पूजा का भी विशेष विधान रहेगा।
- सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठकर जल में काले तिल मिलाकर स्नान जरूर करना चाहिए।
- स्नान के बाद तांबे के लोटे से सूर्य देव को अर्घ्य देना बहुत शुभ होता है।
- अर्घ्य देते समय "ॐ सूर्याय नमः" मंत्र का जाप करना मन को शांति देता है।
- एकादशी होने के कारण भगवान विष्णु को तिल के व्यंजनों का भोग जरूर लगाएं।
- पूजन के बाद अपनी सामर्थ्य के अनुसार गरीबों को तिल और गुड़ का दान दें।
Samriddhi Vinyl Gloss Laminated Picture for Sun God WallArt Divine Chariot With Seven Horses Spirtual Home Decor Photo Wall Hanging : Amazon.in: Home & Kitchen
महापर्व पर दान का महत्व
घी, फल और हरी सब्जियों का दान भी इस दिन उत्तम फल देता है। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, उत्तरायण (मकर संक्रांति का महत्व) में सूर्य की पूजा से स्वास्थ्य बेहतर रहता है। ये पर्व अंधेरे से उजाले की ओर बढ़ने का एक सकारात्मक संदेश देता है।
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी पूरी तरह से सही या सटीक होने का हम कोई दावा नहीं करते हैं। ज्यादा और सही डिटेल्स के लिए, हमेशा उस फील्ड के एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।
FAQ
- मकर संक्रांति 2026 पर एकादशी का संयोग इतना खास क्यों है?
यह संयोग पूरे 23 साल बाद बन रहा है, जिसे बहुत शुभ माना जाता है। संक्रांति सूर्य की और एकादशी भगवान विष्णु की पूजा के लिए समर्पित पावन तिथियां हैं। इन दोनों का एक साथ होना दान और तप के फल को अनंत गुना बढ़ा देता है। - षटतिला एकादशी के दिन मकर संक्रांति पर क्या दान करना चाहिए?
इस दिन काले तिल, गुड़, कंबल, घी और नए अन्न का दान करना चाहिए। चूंकि यह षटतिला एकादशी है, इसलिए तिल का छह तरह से उपयोग और दान विशेष है। इससे पितरों का आशीर्वाद मिलता है और आर्थिक परेशानियां भी दूर होने लगती हैं। - क्या मकर संक्रांति 2026 का स्नान घर पर भी किया जा सकता है?
हां, अगर आप पवित्र नदी नहीं जा सकते तो घर पर स्नान करें। स्नान के पानी में गंगाजल और काले तिल मिलाकर स्नान करना शुभ होता है। घर पर भी विधि-विधान से पूजा करके आप संक्रांति का पूरा पुण्य पा सकते हैं।
ये खबर भी पढ़ें...श्रीनाथजी मंदिर में एक दिन में 8 बार होती है आरती, जानें क्या है 15 मिनट दर्शन का रहस्य
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA