बिलासपुर जीजीयू : विरोध के बाद बीए-एलएलबी री-एग्जाम नोटिफिकेशन निरस्त
Aishwarya Dwivedi | Jul 24, 2026, 16:08 IST
बिलासपुर-जीजीयू-पुनःपरीक्षा-रद्द
बिलासपुर के गुरु घासीदास विश्वविद्यालय ने बीए एलएलबी छठवें सेमेस्टर का री-एग्जाम रद्द कर दिया है। तैयारी के लिए कम समय मिलने पर छात्रों ने उग्र विरोध प्रदर्शन किया, जिसके बाद प्रशासन झुका।
समझें क्या है पूरा मामला
- बिलासपुर के गुरु घासीदास विश्वविद्यालय में री-एग्जाम रद्द हो गया है।
- यूनिवर्सिटी ने बीए एलएलबी छठवें सेमेस्टर की परीक्षा दोबारा कराने का आदेश दिया था।
- छात्रों ने तैयारी के लिए समय न मिलने पर विरोध शुरू किया था।
- विभागाध्यक्ष से बातचीत विफल होने पर छात्रों ने प्रशासनिक भवन घेरा था।
- छात्रों के कड़े विरोध के बाद प्रशासन ने परीक्षा रद्द करने की घोषणा की।
विरोध के बाद री-एग्जाम रद्द
दरअसल, करीब दो महीने पहले विश्वविद्यालय में पेपर लीक होने का मामला सामने आया था। मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय फैक्ट फाइंडिंग कमेटी (Fact Finding Committee) बनाई गई थी। कमेटी ने बीते 6 जून को अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंप दी थी।
री-एग्जाम फैसले पर भड़के छात्र
छात्रों का कहना था कि दोबारा परीक्षा की तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं दिया गया है। इतनी कम अवधि में पूरे सिलेबस की तैयारी करना पूरी तरह से असंभव है। छात्रों ने सबसे पहले अपने विभागाध्यक्ष से मुलाकात कर अपनी समस्या रखी थी।
छात्र आंदोलन के आगे झुका प्रशासन
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रबंधन को साफ शब्दों में चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि अगर री-एग्जाम का नोटिफिकेशन तुरंत वापस नहीं हुआ तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। छात्रों का हंगामा और बढ़ता विरोध देख विश्वविद्यालय प्रशासन बैकफुट पर आ गया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए यूनिवर्सिटी प्रशासन ने री-एग्जाम का नोटिफिकेशन रद्द कर दिया। विश्वविद्यालय के इस फैसले के बाद छात्रों ने अपना विरोध प्रदर्शन समाप्त कर दिया। अब छात्रों को दोबारा परीक्षा की परेशानी से पूरी तरह मुक्ति मिल गई है।
FAQ
- जीजीयू ने बीए एलएलबी की कौन सी परीक्षा रद्द की है?
उत्तर: गुरु घासीदास विश्वविद्यालय ने बीए एलएलबी छठवें सेमेस्टर की री-एग्जाम (दोबारा परीक्षा) के नोटिफिकेशन को रद्द कर दिया है। - जीजीयू छात्रों ने री-एग्जाम का विरोध क्यों किया था?
उत्तर: छात्रों का कहना था कि री-एग्जाम की तैयारी के लिए उन्हें पर्याप्त समय नहीं दिया गया था। इतनी जल्दी दोबारा परीक्षा की तैयारी करना उनके लिए असंभव था - जीजीयू छात्रों ने री-एग्जाम कराने का फैसला क्यों लिया गया था?
उत्तर: करीब दो महीने पहले पेपर लीक का मामला सामने आया था। जांच कमेटी की रिपोर्ट के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने दोबारा परीक्षा कराने का आदेश दिया था।
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