सीएम हेल्पलाइन पर मिली नाली की सफाई और पीने के पानी जैसी समस्याएं भी नहीं सुलझा पाए अधिकारी, शिकायतें ऊपर तक पहुंचीं

VINAY VERMA | Nov 05, 2026, 20:38 IST
Share
<br>नाली सफाई और पेयजल शिकायतों में लापरवाही, 9 अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
नाली सफाई और पेयजल शिकायतों में लापरवाही, 9 अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस

छत्तीसगढ़ में आम जनता की शिकायतों को हल्के में लेना नगरीय निकायों के 9 अधिकारियों को भारी पड़ गया है। नाली की सफाई और पेयजल आपूर्ति जैसी बुनियादी समस्याओं का समय पर समाधान नहीं करने पर नगरीय प्रशासन एवं विकास संचालनालय ने इन अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।

विभाग ने साफ कहा है कि अधिकारियों की लापरवाही से शासन और विभाग की छवि जनता के बीच खराब हो रही है। सभी से 7 दिन के भीतर जवाब मांगा गया है। जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो बिना किसी और सूचना के एकतरफा कार्रवाई की जा सकती है।

प्रशिक्षण मिला, फिर भी नहीं सुधरा कामकाज

नगरीय प्रशासन संचालनालय ने अपने नोटिस में CM हेल्पलाइन योजना को राज्य सरकार की प्राथमिकता वाला कार्यक्रम बताया है। इस योजना का मकसद आम लोगों की शिकायतों का पारदर्शी और तय समय में निराकरण करना है। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को शिकायत दर्ज करने, समय-सीमा में निराकरण करने और पोर्टल चलाने का प्रशिक्षण भी दिया गया था।

सीएम किसान हेल्पलाइन का वादा अधूरा: 2 दिन में जवाब का दावा, 7 दिन बाद भी किसान परेशान! | CM Kisan Helpline's Promise Unfulfilled: Claim of Response in 2 Days, Farmers Still Suffering After 7 Days!
सीएम किसान हेल्पलाइन: 2 दिन में जवाब देने का वादा, 7 दिन बाद भी नहीं आया फोन!
05 Nov 2026 ,
By Atul Dwivedi
मान लीजिए, आप किसान हैं। आपके पास खेत है, खेती करने की तैयारी भी है, लेकिन समझ नहीं आ रहा कि इस मौसम में कौन-सी फसल लगाएं। सरकार ने आपकी इसी परेशानी को दूर करने के लिए हेल्पलाइन शुरू की है। आप फोन लगाते हैं। दूसरी तरफ से फोन भी उठा लिया जाता है। आपकी पूरी जानकारी ली जाती है।
मान लीजिए, आप किसान हैं। आपके पास खेत है, खेती करने की तैयारी भी है, लेकिन समझ नहीं आ रहा कि इस मौसम में कौन-सी फसल लगाएं। सरकार ने आपकी इसी परेशानी को दूर करने के लिए हेल्पलाइन शुरू की है। आप फोन लगाते हैं। दूसरी तरफ से फोन भी उठा लिया जाता है। आपकी पूरी जानकारी ली जाती है।

इसके बावजूद शिकायतों के निपटारे में लापरवाही सामने आई। यानी अधिकारियों को जिम्मेदारी भी पता थी और काम करने का तरीका भी सिखाया गया था, लेकिन इसके बाद भी शिकायतें लंबित रहीं।

नाली और पानी की शिकायतें भी नहीं सुलझीं

कार्रवाई की सबसे अहम वजह यह है कि शहरों में नाली सफाई और पेयजल आपूर्ति जैसी रोजमर्रा की समस्याओं को लेकर लोग लगातार शिकायतें कर रहे थे। इन शिकायतों को तय समय में हल करने के बजाय संबंधित अधिकारी उन्हें लटकाते रहे।

CM हेल्पलाइन में शिकायतों के निराकरण के लिए L-1 से L-4 तक की व्यवस्था है। इसमें सबसे पहले L-1 स्तर के अधिकारी को शिकायत का समाधान करना होता है। जरूरत पड़ने पर मामला अगले स्तर पर जाता है। लेकिन इन मामलों में L-1 स्तर पर ही शिकायतों का ठीक से निराकरण नहीं हुआ, और शिकायतें L-2 और L-3 स्तर तक पहुंच गईं।

छत्तीसगढ़ में सेवा का संकल्प: विष्णुदेव साय के नेतृत्व में सुशासन का सेतु, जनकल्याणकारी योजनाओं से संवरता प्रदेश | Chhattisgarh's Pledge of Service: Bridge of Good Governance Under Vishnu Deo Sai's Leadership, State Being Transformed by Public Welfare Schemes
सेवा का संकल्प, सुशासन का सेतु... विष्णु भैया के नेतृत्व में संवरता छत्तीसगढ़
28 Oct 2026 ,
By The Sootr
रायपुर. आम लोगों की जिंदगी तब बदलती है, जब सरकारी योजनाओं का लाभ उन तक पहुंचता है। किसी परिवार को पक्का घर मिलता है, किसी महिला को अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए आर्थिक मदद मिलती है। किसी किसान के खेत में सिंचाई की सुविधा पहुंचती है और किसी बच्चे की सेहत में सुधार आता है। किसी नागरिक की लंबे समय से अटकी समस्या का समाधान होता है तो उसके लिए आगे बढ़ने के नए रास्ते खुलते हैं।
रायपुर. आम लोगों की जिंदगी तब बदलती है, जब सरकारी योजनाओं का लाभ उन तक पहुंचता है। किसी परिवार को पक्का घर मिलता है, किसी महिला को अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए आर्थिक मदद मिलती है। किसी किसान के खेत में सिंचाई की सुविधा पहुंचती है और किसी बच्चे की सेहत में सुधार आता है। किसी नागरिक की लंबे समय से अटकी समस्या का समाधान होता है तो उसके लिए आगे बढ़ने के नए रास्ते खुलते हैं।

संचालनालय ने इसे गंभीर लापरवाही माना है। विभाग का कहना है कि जब छोटी और बुनियादी समस्याओं का समाधान भी समय पर नहीं होगा, तो जनता के बीच सरकार और नगरीय प्रशासन की छवि खराब होना स्वाभाविक है।

रायपुर से बिलासपुर और भिलाई तक कार्रवाई

जिन 9 अधिकारियों को नोटिस जारी किया गया है, उनमें अलग-अलग नगरीय निकायों के इंजीनियर, जोन कमिश्नर और सर्वेयर शामिल हैं:

हितेन्द्र यादव, जोन कमिश्नर, जोन क्रमांक-9, नगर निगम रायपुर

भूपेन्द्र उपाध्याय, जोन कमिश्नर, नगर निगम बिलासपुर

रंजना अग्रवाल, जोन कमिश्नर, नगर निगम बिलासपुर

बसंत जायसवाल, प्रभारी कार्यपालन अभियंता, नगर निगम चिरमिरी

धन्नूलाल देवांगन, प्रभारी कार्यपालन अभियंता, नगर निगम बीरगांव

आलोक पसीने, प्रभारी कार्यपालन अभियंता, नगर निगम भिलाई चरोदा

विनिता वर्मा, कार्यपालन अभियंता, नगर निगम दुर्ग

राहुल थवानी, उप अभियंता, नगर पालिका गोबरानवापारा

उमेश तिवारी, सर्वेयर, नगर निगम चिरमिरी

7 दिन में जवाब नहीं तो एकतरफा कार्रवाई

संचालनालय ने सभी अधिकारियों से पूछा है कि छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियम 1966 और संबंधित सेवा नियमों के तहत उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई क्यों न की जाए। अधिकारियों को नोटिस मिलने के 7 दिनों के भीतर अपना पक्ष रखने का मौका दिया गया है।


निर्धारित समय में जवाब नहीं देने या स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाए जाने पर विभाग एकतरफा दंडात्मक कार्रवाई कर सकता है। फिलहाल नोटिस जारी होने के बाद इन अधिकारियों पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है।

यह खबर क्यों जरूरी है

शहरों में नाली सफाई और पीने के पानी जैसी बुनियादी सुविधाएं सीधे आम लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़ी हैं। CM हेल्पलाइन पर शिकायतों के समय पर निपटारे से जनता का भरोसा सरकारी व्यवस्था पर बना रहता है। इस नोटिस से यह संदेश गया है कि शिकायतों की लापरवाही पर जवाबदेही तय होगी।


FAQ

सवाल 1: किन अधिकारियों को नोटिस मिला है?

जवाब: नगर निगम रायपुर, बिलासपुर, चिरमिरी, बीरगांव, भिलाई चरोदा, दुर्ग और नगर पालिका गोबरानवापारा के 9 अधिकारियों को नोटिस जारी किया गया है।

सवाल 2: नोटिस का जवाब कितने दिन में देना होगा?

जवाब: अधिकारियों को नोटिस मिलने के 7 दिनों के भीतर अपना पक्ष रखना होगा।

सवाल 3: जवाब संतोषजनक न होने पर क्या होगा?

जवाब: विभाग के अनुसार बिना किसी और सूचना के एकतरफा दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
Tags:
  • सीएम हेल्पलाइन
  • कारण बताओ नोटिस
  • नगरीय प्रशासन विभाग
  • नाली सफाई शिकायत
  • पेयजल आपूर्ति
  • नगर निगम अधिकारी
  • CM Helpline Chhattisgarh
  • Urban administration notice
उज्जैन में दीपावली पर सोने से माता लक्ष्मी का अनोखा श्रृंगार, 40 लाख के असली नोटों से सजता है गजलक्ष्मी मंदिर

By Amresh Kushwaha

उज्जैन में दीपावली पर सोने से माता लक्ष्मी का अनोखा श्रृंगार, 40 लाख के असली नोटों से सजता है गजलक्ष्मी मंदिर
MP नीट पीजी काउंसलिंग: हाईकोर्ट ने नहीं हटाई रोक, चिकित्सा विभाग की मांग खारिज, 17 नवंबर तक इंतजार

By Neel Tiwari

MP नीट पीजी काउंसलिंग: हाईकोर्ट ने नहीं हटाई रोक, चिकित्सा विभाग की मांग खारिज, 17 नवंबर तक इंतजार
अमित जोगी का बड़ा बयान: मां-पत्नी को किया गया अपमानित, गुजरात में हूं फिर भी घर पर चस्पा किया नोटिस

By Umeshwari Baghel

अमित जोगी का बड़ा बयान: मां-पत्नी को किया गया अपमानित, गुजरात में हूं फिर भी घर पर चस्पा किया नोटिस
DAVV में 75 दिनों के भीतर होंगे छात्रसंघ चुनाव, हाईकोर्ट ने विश्वविद्यालय प्रशासन को दिए निर्देश

By Sanjay Gupta

DAVV में 75 दिनों के भीतर होंगे छात्रसंघ चुनाव, हाईकोर्ट ने विश्वविद्यालय प्रशासन को दिए निर्देश
सीएम किसान हेल्पलाइन: 2 दिन में जवाब देने का वादा, 7 दिन बाद भी नहीं आया फोन!

By Atul Dwivedi

सीएम किसान हेल्पलाइन: 2 दिन में जवाब देने का वादा, 7 दिन बाद भी नहीं आया फोन!
TNCP के ज्वाइंट डायरेक्टर नीरज आनंद लिखार को हाईकोर्ट से राहत, जाति प्रमाण पत्र विवाद में भाई की अपील से जुड़ा मामला

By Neel Tiwari

TNCP के ज्वाइंट डायरेक्टर नीरज आनंद लिखार को हाईकोर्ट से राहत, जाति प्रमाण पत्र विवाद में भाई की अपील से जुड़ा मामला
MP में नियमितीकरण की लड़ाई, कभी जेल भरो आंदोलन, कभी लाठीचार्ज, फिर भी क्यों नहीं निकला समाधान?

By Atul Dwivedi

MP में नियमितीकरण की लड़ाई, कभी जेल भरो आंदोलन, कभी लाठीचार्ज, फिर भी क्यों नहीं निकला समाधान?