अमित शाह की सख्ती का दिखा असर: नक्सलियों ने की हथियार डालने की पेशकश, एक महीने सीजफायर की अपील
Sanjay Dhiman | Sept 17, 2025, 15:16 IST
Photograph: (the sootr)
CPI (माओवादी) ने अस्थायी रूप से हथियारबंद संघर्ष को रोकने और शांति वार्ता के लिए तैयार होने की घोषणा की है। नक्सली नेता अभय ने बताया कि लंबे समय से पुलिस और सुरक्षा बलों के साथ संघर्ष चल रहा है, जिसमें दोनों पक्षों को नुकसान हुआ है।
गृहमंत्री अमित शाह के अल्टीमेटम का असर अब नक्सलियों पर दिखाई देने लगा है। सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाइयों से घबराए नक्सलियों ने अब केंद्र और छत्तीसगढ़ सरकार के सामने सीजफायर का प्रस्ताव रखा है।
यह प्रस्ताव सीपीआई (एम) के बड़े नेता अभय की ओर से एक प्रेस नोट के जरिए दिया गया है। इस प्रेस नोट में नक्सली नेता ने कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से सुरक्षा बलों के साथ संघर्ष कर रही है, जिससे दोनों पक्षों को नुकसान हो रहा है।
हालांकि इस पत्र पर 15 अगस्त की तारीख डाली गई है, लेकिन यह पत्र मंगलवार 16 सितंबर से सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इस पत्र में नक्सली नेता ने एक महीने का सीजफायर करने, हथियारबंद संघर्ष रोकने और जेल में बंद बड़े नक्सली नेताओं से वीडियो कॉल पर बात करवाने की मांग भी की है।
देश के छत्तीसगढ़, ओडिशा सहित कुछ अन्य राज्यों में सक्रिय नक्सलियों को लेकर केंद्र सरकार पिछले कुछ महीनों से काफी सख्त रुख अपनाए हुए है। गृहमंत्री अमित शाह ने देश से 2026 तक नक्सलवाद के खात्मे की डेडलाइन तय कर दी है।
इसी डेडलाइन के तहत देश के सुरक्षा बलों और अर्द्धसैनिक बलों द्वारा छत्तीसगढ़ के जंगलों में नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान में बीते एक महीने में ही दस करोड़ से अधिक इनामी नक्सलियों को ढेर किया जा चुका है।
लगातार हो रही ताबड़तोड़ कार्रवाई के चलते नक्सलियों के पैर उखड़ने लगे हैं, जिसके कारण अब वे बंदूक का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने की बात कह रहे हैं।
CPI (माओवादी) का कहना है कि यदि सरकार शांति वार्ता की गंभीरता को समझती है, तो वह जेल में बंद माओवादी नेताओं से भी विचार-विमर्श की अनुमति दे। इसके अलावा, संगठन ने यह भी स्पष्ट किया है कि वह 30 दिनों के लिए सीजफायर लागू करने और अभियान को रोकने को तैयार है। उनका यह प्रस्ताव एक सकारात्मक दिशा में कदम बढ़ाने की ओर इशारा करता है, जिसमें वे शांति की ओर एक लंबा रास्ता तय करने के लिए तैयार हैं।
यह खबरें भी पढ़ें...
एक करोड़ की इनामी महिला नक्सली सुजाता ने किया सरेंडर,बीजापुर में 16 लाख के इनामी 2 माओवादी ढेर
छत्तीसगढ़ नक्सल एनकाउंटर में बड़ी सफलता,5 करोड़ के इनामी 12 नक्सली ढेर,हेलीकॉप्टर से लाए गए शव
![2b1abd06-3ae]()
नक्सली लीडर अभय ने 15 अगस्त 2025 को एक प्रेस नोट जारी किया था जो अब वायरल हो रहा है। इस प्रेस नोट में उन्होंने सरकार से अनुरोध किया कि वह एक महीने तक सीजफायर घोषित करे और शांति वार्ता की प्रक्रिया शुरू करने का अवसर दे। अभय ने कहा कि वीडियो कॉल के जरिए भी बातचीत की जा सकती है, जिससे संवाद का रास्ता खुल सके। उनका मानना है कि अगर सरकार इस पहल को गंभीरता से लेती है, तो शांति की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सकता है।
इस प्रेस नोट के बाद बस्तर IG सुंदरराज पी ने बताया कि वे इस पर्चे की जांच कर रहे हैं। उनके अनुसार, यह स्पष्ट किया गया है कि सरकार इस मामले पर गंभीरता से विचार करेगी और उसके बाद ही कोई प्रतिक्रिया दी जाएगी।
साथ ही, गृह मंत्री विजय शर्मा ने भी स्पष्ट किया कि सरकार किसी भी सार्थक वार्ता के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए कोई शर्त नहीं होनी चाहिए। सरकार का कहना है कि नक्सलियों को मुख्यधारा में लौटने के लिए उनके शर्तों को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट करना होगा।
यह खबरें भी पढ़ें...
खत्म होने की कगार पर नक्सलवाद,बीजापुर में 26 नक्सली गिरफ्तार,गरियाबंद में 10 ढेर
दंतेवाड़ा में नक्सली हमला, IED ब्लास्ट में जवान घायल, एरिया डोमिनेशन पर थी CRPF टीम
नक्सली संगठन के भीतर इस समय काफी उथल-पुथल मची हुई है। पिछले कुछ महीनों में, खासकर 2024 से, माओवादी संगठन और नक्सलियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ सशस्त्र बलों को उल्लेखनीय सफलता मिली है। बीते कुछ दिनों में ही करोड़ों रूपए के इनामी नक्सली मारे गए है। जिससे इन्हें काफी नुकसान हुआ।
नक्सलियों के प्रवक्ता अभय ने पहले भी शांति वार्ता का प्रस्ताव रखा था, जिसमें उन्होंने कहा था कि यदि ऑपरेशन बंद किया जाता है, तो वे शांति वार्ता के लिए तैयार हैं। छत्तीसगढ़ नक्सलवाद की समस्या का स्थायी समाधान किया जा सकेगा।
यह प्रस्ताव सीपीआई (एम) के बड़े नेता अभय की ओर से एक प्रेस नोट के जरिए दिया गया है। इस प्रेस नोट में नक्सली नेता ने कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से सुरक्षा बलों के साथ संघर्ष कर रही है, जिससे दोनों पक्षों को नुकसान हो रहा है।
हालांकि इस पत्र पर 15 अगस्त की तारीख डाली गई है, लेकिन यह पत्र मंगलवार 16 सितंबर से सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इस पत्र में नक्सली नेता ने एक महीने का सीजफायर करने, हथियारबंद संघर्ष रोकने और जेल में बंद बड़े नक्सली नेताओं से वीडियो कॉल पर बात करवाने की मांग भी की है।
गृहमंत्री ने 2026 तक खात्मे की दी है डेडलाइन
इसी डेडलाइन के तहत देश के सुरक्षा बलों और अर्द्धसैनिक बलों द्वारा छत्तीसगढ़ के जंगलों में नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान में बीते एक महीने में ही दस करोड़ से अधिक इनामी नक्सलियों को ढेर किया जा चुका है।
लगातार हो रही ताबड़तोड़ कार्रवाई के चलते नक्सलियों के पैर उखड़ने लगे हैं, जिसके कारण अब वे बंदूक का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने की बात कह रहे हैं।
क्या है शांति वार्ता का प्रस्ताव?
यह खबरें भी पढ़ें...
एक करोड़ की इनामी महिला नक्सली सुजाता ने किया सरेंडर,बीजापुर में 16 लाख के इनामी 2 माओवादी ढेर
छत्तीसगढ़ नक्सल एनकाउंटर में बड़ी सफलता,5 करोड़ के इनामी 12 नक्सली ढेर,हेलीकॉप्टर से लाए गए शव
2b1abd06-3ae
नक्सली लीडर अभय का प्रेस नोट
नक्सलियों के प्रस्ताव और सरकार के जबाव को ऐसे समझें
|
बस्तर IG ने कहा प्रेस नोट की कर रहे जांच
साथ ही, गृह मंत्री विजय शर्मा ने भी स्पष्ट किया कि सरकार किसी भी सार्थक वार्ता के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए कोई शर्त नहीं होनी चाहिए। सरकार का कहना है कि नक्सलियों को मुख्यधारा में लौटने के लिए उनके शर्तों को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट करना होगा।
यह खबरें भी पढ़ें...
खत्म होने की कगार पर नक्सलवाद,बीजापुर में 26 नक्सली गिरफ्तार,गरियाबंद में 10 ढेर
दंतेवाड़ा में नक्सली हमला, IED ब्लास्ट में जवान घायल, एरिया डोमिनेशन पर थी CRPF टीम
नक्सलियों की लगातार कमजोर होती स्थिति
नक्सलियों के प्रवक्ता अभय ने पहले भी शांति वार्ता का प्रस्ताव रखा था, जिसमें उन्होंने कहा था कि यदि ऑपरेशन बंद किया जाता है, तो वे शांति वार्ता के लिए तैयार हैं। छत्तीसगढ़ नक्सलवाद की समस्या का स्थायी समाधान किया जा सकेगा।
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA