भर्ती परीक्षाओं में नकल पर 5 साल जेल और 5 लाख जुर्माना, विधानसभा में पेश होगा विधेयक
Arun Tiwari | Mar 12, 2026, 10:46 IST
chhattisgarh recruitment exam anti cheating bill 2026 strict punishment
छत्तीसगढ़ सरकार भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता लाने के लिए विधानसभा में अनुचित साधनों की रोकथाम विधेयक-2026 पेश करने जा रही है। इसमें कड़ी सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान है।
Raipur. छत्तीसगढ़ में भर्ती परीक्षाओं में होने वाली गड़बड़ियों और पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए राज्य सरकार अब कड़ा कानून लाने की तैयारी में है। विष्णु देव साय सरकार जल्द ही विधानसभा के बजट सत्र में छत्तीसगढ़ (लोक भर्ती एवं व्यावसायिक परीक्षाओं में अनुचित साधनों की रोकथाम) विधेयक-2026 पेश करेगी। इस कानून का उद्देश्य प्रदेश में भर्ती परीक्षाओं को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना है, ताकि युवाओं का भरोसा भर्ती प्रक्रिया पर बना रहे।
हाल के वर्षों में कई राज्यों में भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक और नकल के मामले सामने आए हैं। छत्तीसगढ़ में भी सीजीपीएससी (CGPSC) भर्ती विवाद के बाद सरकार पर परीक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का दबाव बना था। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार ने यह सख्त कानून तैयार किया है।
प्रस्तावित कानून के मुताबिक, यदि कोई अभ्यर्थी भर्ती परीक्षा के दौरान नकल करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे अभ्यर्थी कोएक से पांच साल तक की जेल की सजा हो सकती है। इसके साथ ही उस पर पांच लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है। सरकार का मानना है कि सख्त सजा के प्रावधान से परीक्षा में अनुचित साधनों का इस्तेमाल करने वालों पर प्रभावी रोक लगेगी।
सिर्फ परीक्षार्थियों ही नहीं, बल्कि नकल या पेपर लीक कराने वाले गिरोहों के खिलाफ भी इस कानून में बेहद कठोर प्रावधान रखे गए हैं। यदि कोई व्यक्ति या संगठित गिरोह भर्ती परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक करने या नकल कराने में शामिल पाया जाता है, तो उसे कड़ी सजा दी जाएगी। ऐसे मामलों में एक करोड़ रुपए तक का जुर्माना लगाया जा सकता है और दोषियों को कठोर कारावास भी भुगतना पड़ सकता है।
सरकार का कहना है कि यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस गारंटी को पूरा करने की दिशा में है, जिसमें उन्होंने देशभर में भर्ती परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने और युवाओं के साथ होने वाले अन्याय को खत्म करने की बात कही थी। राज्य सरकार के मुताबिक, यह कानून लागू होने के बाद भर्ती परीक्षाओं में होने वाले भ्रष्टाचार और धांधली पर प्रभावी रोक लगेगी।
इस विधेयक में कोचिंग संस्थानों को लेकर भी सख्त नियमों का प्रावधान किया जा रहा है। कई बार देखा गया है कि कुछ कोचिंग संस्थान चयन की 100 प्रतिशत गारंटी देने या भ्रामक विज्ञापनों के जरिए युवाओं को लुभाते हैं। नए कानून के तहत अब कोई भी कोचिंग संस्थान इस तरह का दावा नहीं कर सकेगा। यदि कोई संस्थान चयन की गारंटी या झूठे वादे करता है, तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा कोचिंग संस्थानों द्वारा भ्रामक प्रचार, सफलता की गलत दर बताने या छात्रों को गुमराह करने जैसी गतिविधियों पर भी पूरी तरह रोक लगाने की तैयारी है। सरकार का मानना है कि इस तरह के दावों से युवाओं के मन में गलत उम्मीदें पैदा होती हैं और कई बार उनका आर्थिक शोषण भी होता है।
राज्य सरकार का मुख्य उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाना है। सरकार का कहना है कि यदि परीक्षाएं ईमानदारी से होंगी, तो योग्य और मेहनती युवाओं को उनका हक मिल सकेगा। साथ ही इससे भर्ती परीक्षाओं को लेकर युवाओं में जो अविश्वास पैदा हुआ है, उसे भी खत्म किया जा सकेगा।
सरकार को उम्मीद है कि इस कानून के लागू होने के बाद परीक्षा प्रणाली में सुधार होगा और प्रदेश के युवाओं का विश्वास दोबारा बहाल होगा। इसके साथ ही भर्ती प्रक्रिया में किसी भी तरह की धांधली या भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का रास्ता भी साफ हो जाएगा।
ये खबर भी पढ़िए...
खाड़ी संकट में छत्तीसगढ़ियों की चिंता, साय सरकार ने दिल्ली में नोडल अफसर किया तैनात
छत्तीसगढ़ सरकार ने खदानों के लिए दे दी सवा 2 लाख पेड़ों की बलि, हसदेव के 1 लाख पेड़ों पर चली उद्योगपतियों की आरी
अब एक ही परीक्षा से मिलेंगे कई विभागों में नौकरी के मौके, छत्तीसगढ़ में बनेगा कर्मचारी चयन मंडल
छत्तीसगढ़ से राज्यसभा के लिए लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम निर्विरोध निर्वाचित,बीजेपी-कांग्रेस को मिली एक-एक सीट
नकल पर नकेल
क्या है कानून के मसौदे में?
गिरोह पर 1 करोड़ जुर्माना
मोदी की गारंटी
कोचिंग संस्थानों पर भी लगाम
छात्रों को नहीं कर सकेंगे गुमराह
भर्ती की पारदर्शी प्रक्रिया
सरकार को उम्मीद है कि इस कानून के लागू होने के बाद परीक्षा प्रणाली में सुधार होगा और प्रदेश के युवाओं का विश्वास दोबारा बहाल होगा। इसके साथ ही भर्ती प्रक्रिया में किसी भी तरह की धांधली या भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का रास्ता भी साफ हो जाएगा।
ये खबर भी पढ़िए...
खाड़ी संकट में छत्तीसगढ़ियों की चिंता, साय सरकार ने दिल्ली में नोडल अफसर किया तैनात
छत्तीसगढ़ सरकार ने खदानों के लिए दे दी सवा 2 लाख पेड़ों की बलि, हसदेव के 1 लाख पेड़ों पर चली उद्योगपतियों की आरी
अब एक ही परीक्षा से मिलेंगे कई विभागों में नौकरी के मौके, छत्तीसगढ़ में बनेगा कर्मचारी चयन मंडल
छत्तीसगढ़ से राज्यसभा के लिए लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम निर्विरोध निर्वाचित,बीजेपी-कांग्रेस को मिली एक-एक सीट
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari