जज बनने बच्चे की प्री-डिलीवरी कराई, सिविल जज टॉपर श्वेता के संघर्ष...
Marut raj | Dec 13, 2024, 08:46 IST
Civil Judge Exam Result Shweta Dewan Topper the sootr
CG Civil Judge Exam Result Shweta Dewan Topper : सीजी पीएससी ने पिछले दिनों सिविल जज परीक्षा का रिजल्ट घोषित किया है। इसमें श्वेता दीवान ने टॉप किया है।
CG Civil Judge Exam Result Shweta Dewan Topper : सीजी पीएससी ने पिछले दिनों सिविल जज परीक्षा का रिजल्ट घोषित किया है। इसमें श्वेता दीवान ने टॉप किया है। श्वेता के लगन की कहानी बड़ी संघर्ष भरी है।
दरअसल, सिविल जज परीक्षा के पहले अटेम्प्ट में मेंस के ही दिन डॉक्टर ने डिलीवरी की डेट दी थी, लेकिन परीक्षा के लिए उन्होंने प्री-डिलीवरी कराने का निर्णय लिया। यही नहीं इसके बाद वह नवजात बच्चे को छोड़कर पेपर देने गईं। हालांकि, पहले प्रयास में वह इंटरव्यू तक पहुंचीं, लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पाया। उन्होंने दूसरे प्रयास में सफलता हासिल की।
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श्वेता का कहना है कि उनकी सिविल जज की यात्रा बच्चे के जन्म से पहले की है। दरअसल, पहले अटेम्प्ट में सिविल जज के प्री-एग्जाम के दौरान मैं प्रेग्नेंट थीं और मेंस के ही दिन डिलिवरी की डेट दी गई थी।
एग्जाम में बैठने के लिए मैंने प्री-डिलिवरी कराई। इंटरव्यू तक भी पहुंचीं लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पाया। दैनिक भास्कर डिजिटल की रिपोर्ट के मुताबिक श्वेता का कहना है कि पहले अटेम्प्ट में तमाम कोशिशों के बाद भी सलेक्शन नहीं हो सका था।
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![बच्चे को साथ लेकर सिविल जज की तैयारी करती श्वेता दीवान]()
दूसरे अटेम्प्ट में बच्चा 4 महीने का था। उसकी देखरेख करते हुए उन्होंने तैयारी की। श्वेता का कहना है कि दूसरे प्रयास में छोटे बच्चे के साथ परीक्षा की तैयारी करनी थी। ऐसे में पति सुयश धर दीवान के साथ मायके और ससुराल वालों ने भी पूरा सहयोग किया।
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श्वेता का कहना है कि 11वीं और 12वीं में मैथ्स सब्जेक्ट से उन्होंने पढ़ाई की थी। इसके बाद इंजीनियरिंग किया और बालको (भारत एल्युमीनियम कंपनी लिमिटेड) में असिस्टेंट मैनेजर के पद पर काम भी किया। 2018 में जब शादी हुई उसके बाद तय किया कि मुझे सिविल जज बनना है। इसलिए 2019 में मैंने लॉ किया और फिर सिविल जज की तैयारी की।
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दरअसल, सिविल जज परीक्षा के पहले अटेम्प्ट में मेंस के ही दिन डॉक्टर ने डिलीवरी की डेट दी थी, लेकिन परीक्षा के लिए उन्होंने प्री-डिलीवरी कराने का निर्णय लिया। यही नहीं इसके बाद वह नवजात बच्चे को छोड़कर पेपर देने गईं। हालांकि, पहले प्रयास में वह इंटरव्यू तक पहुंचीं, लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पाया। उन्होंने दूसरे प्रयास में सफलता हासिल की।
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इंटरव्यू तक भी पहुंचीं, लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पाया
एग्जाम में बैठने के लिए मैंने प्री-डिलिवरी कराई। इंटरव्यू तक भी पहुंचीं लेकिन सिलेक्शन नहीं हो पाया। दैनिक भास्कर डिजिटल की रिपोर्ट के मुताबिक श्वेता का कहना है कि पहले अटेम्प्ट में तमाम कोशिशों के बाद भी सलेक्शन नहीं हो सका था।
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बच्चे को साथ लेकर सिविल जज की तैयारी करती श्वेता दीवान
दूसरे अटेम्प्ट में बच्चा 4 महीने का था। उसकी देखरेख करते हुए उन्होंने तैयारी की। श्वेता का कहना है कि दूसरे प्रयास में छोटे बच्चे के साथ परीक्षा की तैयारी करनी थी। ऐसे में पति सुयश धर दीवान के साथ मायके और ससुराल वालों ने भी पूरा सहयोग किया।
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FAQ
- श्वेता दीवान ने सिविल जज बनने का फैसला कब किया ?
श्वेता दीवान ने सिविल जज बनने का फैसला 2018 में शादी के बाद किया। इसके लिए उन्होंने 2019 में लॉ की पढ़ाई शुरू की और सिविल जज परीक्षा की तैयारी की। - श्वेता ने पहले अटेम्प्ट में किस तरह की चुनौतियों का सामना किया ?
पहले अटेम्प्ट में श्वेता प्रेग्नेंट थीं और मेंस परीक्षा के दिन ही उनकी डिलीवरी की तारीख थी। परीक्षा देने के लिए उन्होंने प्री-डिलीवरी कराने का निर्णय लिया। हालांकि, वह इंटरव्यू तक पहुंचीं लेकिन चयन नहीं हो पाया। - श्वेता दीवान को दूसरे अटेम्प्ट में सफलता पाने में किसका सहयोग मिला ?
दूसरे अटेम्प्ट में, जब उनका बच्चा केवल चार महीने का था, उन्हें अपने पति सुयश धर दीवान और मायके व ससुराल वालों का पूरा सहयोग मिला। उनके समर्थन से ही श्वेता ने सफलता पाई।
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