बदहाल सड़क ने उजागर की व्यवस्था की सच्चाई, बीमार महिला को कंधों पर उठाकर पहुंचाया अस्पताल

Krishna Kumar Sikander | Aug 10, 2025, 13:45 IST
Share
The dilapidated road exposed the truth of the system the sootr
The dilapidated road exposed the truth of the system the sootr

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ के कंडरजा गांव में खराब सड़क की वजह से एक बीमार महिला को उसके परिवार वालों को कंधों पर उठाकर अस्पताल ले जाना पड़ा। यह घटना प्रशासन के विकास के दावों के विपरीत है।

छत्तीसगढ़ में विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच रायगढ़ जिले के ग्राम कंडरजा में खराब सड़क व्यवस्था ने एक बार फिर प्रशासन की लापरवाही को उजागर किया है। कीचड़ और दलदल से भरे रास्तों ने स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को इस कदर मुश्किल बना दिया कि एक बीमार महिला को अस्पताल ले जाने के लिए परिजनों को उसे कंधों पर उठाकर पैदल चलना पड़ा। यह घटना न केवल स्थानीय प्रशासन की उदासीनता को दर्शाती है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की कमी को भी रेखांकित करती है।

ये खबर भी पढ़ें... बदहाल सड़क ने उजागर की व्यवस्था की सच्चाई, बीमार महिला को कंधों पर उठाकर पहुंचाया अस्पताल

क्या है पूरा मामला?

ग्राम पंचायत विजय नगर के कंडरजा मोहल्ला पटना पारा की निवासी तुलसी बाई राठीया, पत्नी लक्ष्मण राम राठीया, की तबीयत अचानक बिगड़ गई। गंभीर हालत में उन्हें तत्काल कापू अस्पताल ले जाने की जरूरत थी। परिवार ने एंबुलेंस को बुलाया, लेकिन गांव तक पहुंचने वाला रास्ता इतना जर्जर और कीचड़ से भरा था कि एंबुलेंस तुलसी बाई के घर तक नहीं पहुंच सकी। मजबूरी में परिजनों और ग्रामीणों ने मिलकर तुलसी बाई को कंधों पर उठाया और दलदल भरे रास्तों से होकर पैदल ही अस्पताल पहुंचाया। इस दौरान परिवार की व्यथा और ग्रामीणों का आक्रोश साफ झलक रहा था।

ये खबर भी पढ़ें... रायसेन में सीएम के कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने बदला रास्ता, जर्जर सड़कों की बजाय हाइवे से निकलवाया काफिला

ग्रामीणों की व्यथा, सालों से अनसुनी मांग

कंडरजा और आसपास के गांवों के निवासियों का कहना है कि सड़कों की बदहाल स्थिति कोई नई समस्या नहीं है। कई सालों से ग्रामीण सड़क निर्माण और मरम्मत के लिए प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। बारिश के मौसम में स्थिति और भी बदतर हो जाती है, जब रास्ते कीचड़ और दलदल में तब्दील हो जाते हैं।

नतीजतन, न केवल एंबुलेंस, बल्कि कोई भी वाहन गांव तक नहीं पहुंच पाता। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसी स्थिति में गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और गंभीर मरीजों को समय पर इलाज मिलना असंभव हो जाता है, जिससे उनकी जान को खतरा बढ़ जाता है।

ये खबर भी पढ़ें... ANUPPUR: जर्जर सड़क सड़क को लेकर अनोखा प्रदर्शन, गड्ढों में कुर्सी रखकर मनाई पार्टी

स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ रहा असर

खराब सड़कें सिर्फ आवागमन की समस्या नहीं, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच में सबसे बड़ी बाधा बन रही हैं। कंडरजा जैसे कई गांवों में आपातकालीन स्थिति में मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना एक चुनौती है। ग्रामीणों ने बताया कि अक्सर मरीजों को खाट या कंधों पर उठाकर ले जाना पड़ता है।

इससे इलाज में देरी होती है और कई बार मरीज की जान तक चली जाती है। इस घटना ने एक बार फिर सवाल उठाया है कि जब बुनियादी सड़क सुविधाएं ही उपलब्ध नहीं हैं, तो ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं का क्या हाल होगा?

ये खबर भी पढ़ें... रील्स और स्टंट के लिए सड़क जाम करने वालों पर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट सख्त, पुलिस को लापरवाही पर फटकार

प्रशासन पर उठे सवाल तुलसी बाई की घटना ने स्थानीय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके बार-बार शिकायत करने के बावजूद सड़कों की मरम्मत या निर्माण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। विजय नगर पंचायत और कंडरजा सहित आसपास के गांवों में सड़कों की स्थिति इतनी खराब है कि बारिश में पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासन तत्काल सड़क निर्माण शुरू करे ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

विकास के दावों पर सवाल

छत्तीसगढ़ सरकार और स्थानीय प्रशासन अक्सर ग्रामीण विकास और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के दावे करते हैं, लेकिन कंडरजा जैसे गांवों की स्थिति इन दावों की हकीकत बयां करती है। जब एक बीमार महिला को कंधों पर उठाकर अस्पताल ले जाना पड़े, तो यह स्पष्ट है कि विकास की गंगा अभी इन गांवों तक नहीं पहुंची है। ग्रामीणों ने सरकार से मांग की है कि सड़क निर्माण को प्राथमिकता दी जाए और स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।

सड़क-स्वास्थ्य सेवाओं की कमी मुसीबत

यह घटना न केवल कंडरजा की समस्या को उजागर करती है, बल्कि छत्तीसगढ़ के कई अन्य ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति को भी दर्शाती है, जहां सड़क और स्वास्थ्य सेवाओं की कमी लोगों के लिए मुसीबत बनी हुई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सड़कों का निर्माण नहीं हुआ, तो वे विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। प्रशासन को इस घटना को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई करने की जरूरत है, ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदी दोबारा न हो।

thesootr links

द सूत्र कीt खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃 🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧

रायगढ़ जिले में खराब सड़क की समस्या | कंडरजा गांव में महिला को कंधे पर उठाकर ले गए | कीचड़ भरी सड़क से स्वास्थ्य सेवा बाधित | छत्तीसगढ़ में ग्रामीण क्षेत्रों की बुनियादी सुविधाएं | खराब सड़क व्यवस्था के कारण मरीजों की परेशानी

Tags:
  • रायगढ़ जिले में खराब सड़क की समस्या
  • कंडरजा गांव में महिला को कंधे पर उठाकर ले गए
  • कीचड़ भरी सड़क से स्वास्थ्य सेवा बाधित
  • छत्तीसगढ़ में ग्रामीण क्षेत्रों की बुनियादी सुविधाएं
  • खराब सड़क व्यवस्था के कारण मरीजों की परेशानी
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा