400 छात्रों के लिए सिर्फ 3 शिक्षक, 5 दिन में दूसरी बार छात्रों ने किया चक्काजाम

Harrison Masih | Aug 25, 2026, 18:03 IST
Share
चक्काजाम
चक्काजाम

छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के आत्मानंद स्कूल के छात्रों ने 5 दिन में दूसरी बार चक्काजाम कर दिया है। छात्रों का आरोप है कि 400 विद्यार्थियों के लिए स्कूल में सिर्फ 3 शिक्षक और 1 प्रिंसिपल हैं, जबकि 17 शिक्षकों की जरूरत है।

समझें क्या है पूरा मामला

छत्तीसगढ़ के दुर्ग में 5 दिन के भीतर दूसरी बार स्कूली बच्चों ने अपनी मांगों को लेकर चक्काजाम कर दिया। पेंड्रावन के आत्मानंद स्कूल में 9वीं से 12वीं तक की कक्षाएं लगती हैं, जहां करीब 400 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। स्कूल में सिर्फ 3 शिक्षक और 1 प्रिंसिपल हैं। बच्चों का आरोप है कि इस वजह से उनका कोर्स पूरा नहीं हो पाता। नियमानुसार यहां कम से कम 17 शिक्षक होने चाहिए।

शिक्षकों की संख्या बढ़ाने की मांग को लेकर बच्चों ने 21 अगस्त को पहला प्रदर्शन किया था। मांग पूरी नहीं होने पर उन्होंने दोबारा खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग जाम कर दिया।

यह रास्ता बेमेतरा और धमधा को जोड़ता है, चक्काजाम की वजह से लंबा जाम लग गया। स्कूली छात्राओं ने साफ कहा कि वे कलेक्टर और शिक्षा मंत्री के अलावा किसी और से बात नहीं करेंगी।

मांग पूरी नहीं हुई तो दोबारा सड़क पर उतरे

स्टूडेंट्स का कहना है कि 21 अगस्त के प्रदर्शन के बाद प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचकर उनकी समस्याएं सुन गए थे। इसके बाद उन्हें उम्मीद थी कि स्कूल में शिक्षकों की कमी दूर की जाएगी, लेकिन 25 अगस्त तक शिक्षकों की कमी पूरी नहीं हुई।

इससे नाराज स्टूडेंट्स ने मंगलवार को दोबारा चक्काजाम कर दिया। उनका कहना है कि वे पढ़ाई छोड़कर सड़क पर नहीं बैठना चाहते, लेकिन जब स्कूल में पढ़ाने के लिए पर्याप्त शिक्षक ही नहीं हैं, तो उनकी पढ़ाई और भविष्य प्रभावित हो रहा है।

ओपन स्कूल बंद करने की भी मांग

स्टूडेंट्स की मांग सिर्फ शिक्षकों की कमी दूर करने तक सीमित नहीं है। वे ओपन स्कूल बंद करने की मांग को लेकर भी प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि स्कूल में जो कुछ शिक्षक हैं, उन्हें भी ओपन स्कूल में भेज दिया जाता है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।

स्टूडेंट्स के मुताबिक जब स्कूल में पर्याप्त शिक्षक और जरूरी व्यवस्था नहीं है, तो उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उनका आंदोलन किसी राजनीतिक मुद्दे को लेकर नहीं, बल्कि अपनी पढ़ाई और भविष्य से जुड़ी समस्याओं को लेकर है।

बारिश में भी डटे रहे बच्चे

धमधा SDOP (Sub Divisional Officer of Police) डॉ. चित्रा वर्मा बच्चों से बात करने पहुंचीं, लेकिन बच्चों ने उनसे बात करने से इनकार कर दिया और उन्हें लौट जाने को कहा।

बारिश के दौरान भी स्कूली बच्चे मौके पर डटे रहे। उनका रुख साफ था कि वे सिर्फ कलेक्टर या शिक्षा मंत्री से ही अपनी बात रखेंगे।

21 अगस्त को भी हुआ था चक्काजाम

पेंड्रावन आत्मानंद स्कूल के स्टूडेंट्स ने 21 अगस्त को भी शिक्षकों की कमी को लेकर खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग पर चक्काजाम किया था। उस समय बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं सड़क पर बैठ गए थे।

इससे कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ था। प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे थे और स्टूडेंट्स से बातचीत की थी। इसके बावजूद चार दिन बाद भी मांग पूरी नहीं होने पर उन्होंने दोबारा आंदोलन शुरू कर दिया।

शिक्षा मंत्री के गृह जिले में हुआ प्रदर्शन

पेंड्रावन स्कूल दुर्ग जिले के धमधा क्षेत्र में आता है। दुर्ग शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव का गृह जिला है।

स्टूडेंट्स का कहना है कि स्कूल में शिक्षक उपलब्ध कराना शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी है। उनके मुताबिक पढ़ाई के लिए उन्हें बार-बार सड़क पर उतरकर अपनी आवाज उठाने की जरूरत नहीं पड़नी चाहिए।

अब आगे क्या

फिलहाल छात्रों की मुख्य मांग यही है कि कलेक्टर या शिक्षा मंत्री खुद मौके पर आकर उनसे बात करें और शिक्षकों की कमी दूर करें। जब तक यह मांग पूरी नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहने की आशंका है।

आने वाले दिनों में प्रशासन की तरफ से क्या ठोस कदम उठाया जाता है, इस पर सभी की नजर रहेगी।

ये खबरें भी पढ़ें...

शिक्षा मंत्री के जिले में GEN-ALFA का गुस्सा, शिक्षक मांगते हुए किया प्रदर्शन

छत्तीसगढ़ में शिक्षकों की कमी, ढाई साल में सिर्फ 2 हजार मास्साब की भर्ती

सूरजपुर में स्कूल गेट पर छात्रों का प्रदर्शन, प्राचार्य पर अभद्रता के आरोप

एमपी के सरकारी स्कूलों पर संकट? भोपाल में Gen Z, Gen Alpha हुए एकजुट

Tags:
  • छत्तीसगढ़
  • चक्काजाम
  • आत्मानंद स्कूल
  • शिक्षकों की कमी
  • छात्रों का प्रदर्शन
अटक सकती है लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त, 1500 रुपए आने से पहले इन पांच बातों का रखें ध्यान

By Sourabh Bhatnagar

अटक सकती है लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त, 1500 रुपए आने से पहले इन पांच बातों का रखें ध्यान
Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!

By Amresh Kushwaha

Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!
Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!

By Amresh Kushwaha

Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!
Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!

By Amresh Kushwaha

Weather Update: MP के 8 जिलों में फिर बरसेंगे बादल, राजस्थान में गुलाबी ठंड की दस्तक, CG से मानसून की विदाई!
आज यूथ कॉन्क्लेव 2026 में 20 हजार युवाओं से संवाद करेंगे सीएम मोहन यादव, रोजगार और स्टार्टअप पर चर्चा होगी चर्चा

By Aman Vaishnav

आज यूथ कॉन्क्लेव 2026 में 20 हजार युवाओं से संवाद करेंगे सीएम मोहन यादव, रोजगार और स्टार्टअप पर चर्चा होगी चर्चा
News Strike: एक कचौड़ी दो समोसा...’ शिवराज ने क्यों दोहराया वायरल नारा, क्या BJP में फिर उठे उपेक्षा के सवाल?

By Harish Divekar

News Strike: एक कचौड़ी दो समोसा...’ शिवराज ने क्यों दोहराया वायरल नारा, क्या BJP में फिर उठे उपेक्षा के सवाल?
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत कारंजा ही क्यों जा रहे? बालासाहेब देवरस के गांव में सेवा की नई कसौटी

By Ramanand Tiwari

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत कारंजा ही क्यों जा रहे? बालासाहेब देवरस के गांव में सेवा की नई कसौटी