रावतपुरा मान्यता घोटाला: कर्नाटक सरकार की बड़ी कार्रवाई,तीन डॉक्टरों को किया निलंबित
Harrison Masih | Sept 17, 2025, 19:42 IST
karnataka-government-suspends-three-doctors--rawatpura-scam-case
कर्नाटक सरकार ने रावतपुरा मेडिकल कॉलेज मान्यता घोटाले में शामिल तीन डॉक्टरों को निलंबित कर दिया है। इन डॉक्टरों पर आरोप है कि उन्होंने रायपुर के इस संस्थान के लिए मान्यता दिलवाने के बदले 55 लाख की रिश्वत ली थी।
Rawatpura college scam: कर्नाटक सरकार ने रावतपुरा सरकारी चिकित्सा विज्ञान और अनुसंधान संस्थान को मान्यता दिलवाने के मामले में फंसे तीन डॉक्टरों को निलंबित कर दिया है। मेडिकल एजुकेशन डिपार्टमेंट ने मंगलवार को यह कदम उठाया। इन डॉक्टरों पर आरोप है कि उन्होंने रायपुर के इस संस्थान के लिए मान्यता प्राप्त करने के लिए रिश्वत ली थी। इस मामले में पहले भी CBI ने तीनों डॉक्टरों को गिरफ्तार किया था, और अब तक 34 लोग इस घोटाले में शामिल पाए गए हैं।
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में फर्जी मरीज और छात्रों को फैकल्टी बताकर NMC से ली मान्यता, CBI ने खोली पोल
1 जुलाई 2025 को CBI ने तीनों डॉक्टरों को गिरफ्तार किया था। इन पर आरोप है कि इन्होंने कुल 55 लाख रूपए की रिश्वत ली थी। बदले में, इन डॉक्टरों ने रायपुर स्थित रावतपुरा सरकारी चिकित्सा विज्ञान और अनुसंधान संस्थान के लिए पॉजिटिव इंस्पेक्शन रिपोर्ट जारी की। यह रिश्वत मीडिएटर्स के माध्यम से दी गई थी, और इन मीडिएटर्स ने सभी प्रक्रिया को पूरी तरह से मैनेज किया।
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में 150 MBBS सीटों की मान्यता रद्द, NMC ने घोषित किया जीरो ईयर
जांच में यह सामने आया कि इंस्पेक्शन प्रोग्राम और मूल्यांकनकर्ताओं की पहचान पहले ही लीक कर दी गई थी। इस जानकारी का फायदा उठाकर रावतपुरा संस्थान ने पहले से सभी रिकॉर्ड और दस्तावेज तैयार कर लिए थे ताकि वे मानकों के अनुरूप दिख सकें। इस तरीके से मेडिकल कॉलेज को सीट मंजूरी मिल गई और संस्था को मान्यता मिल गई, जिससे यह घोटाला सफल हुआ।
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में फर्जी मरीज और छात्रों को फैकल्टी बताकर NMC से ली मान्यता, CBI ने खोली पोल
इस मामले में अब तक 34 लोग एफआईआर में नामजद किए गए हैं, जिनमें मंत्रालय, नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) और अन्य कई अधिकारी शामिल हैं। गिरफ्तार होने वाले पहले आरोपी ये तीन डॉक्टर ही हैं, जिनका कर्नाटक सरकार ने निलंबन किया है।
ये खबर भी पढ़ें... डॉ अतिन कुंडू पर रावतपुरा सरकार से ज्यादा स्वास्थ्य विभाग का था आशीर्वाद,CBI की कार्रवाई के बाद खुलासा
कर्नाटक सरकार और सीबीआई ने इस घोटाले की गंभीरता को देखते हुए और अधिक जांच शुरू की है। अधिकारियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इस घोटाले को लेकर मेडिकल और शैक्षिक संस्थाओं में हड़कंप मच गया है और देशभर में मेडिकल कॉलेजों के मान्यता प्राप्त करने की प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग बढ़ रही है।
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में फर्जी मरीज और छात्रों को फैकल्टी बताकर NMC से ली मान्यता, CBI ने खोली पोल
निलंबित डॉक्टरों की पहचान:
- डॉ. चैत्रा एम.एस. - एसोसिएट प्रोफेसर (अटल बिहारी वाजपेयी मेडिकल कॉलेज, बेंगलुरु)
- डॉ. मंजप्पा सी.एन. - प्रोफेसर और प्रमुख (ऑर्थोपेडिक्स विभाग, मंड्या इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज)
- डॉ. अशोक शेलके - असिस्टेंट प्रोफेसर (कम्युनिटी मेडिसिन विभाग, बीदार इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज)
क्या था घोटाले का पूरा मामला?
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में 150 MBBS सीटों की मान्यता रद्द, NMC ने घोषित किया जीरो ईयर
घोटाले के तरीके:
ये खबर भी पढ़ें... रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में फर्जी मरीज और छात्रों को फैकल्टी बताकर NMC से ली मान्यता, CBI ने खोली पोल
इस घोटाले में कितने लोग शामिल हैं?
रावतपुरा मेडिकल कॉलेज घोटाला क्या है?रिश्वत ली गई: तीन डॉक्टरों ने रावतपुरा मेडिकल कॉलेज के लिए 55 लाख रुपये की रिश्वत ली।सीबीआई गिरफ्तार: 1 जुलाई 2025 को CBI ने तीनों डॉक्टरों को गिरफ्तार किया। फर्जी दस्तावेज़: कॉलेज ने इंस्पेक्शन की जानकारी लीक कर, डॉक्यूमेंट्स पहले से तैयार किए। 34 आरोपी: इस मामले में कुल 34 लोग आरोपी हैं, जिसमें मंत्रालय और NMC अधिकारी भी शामिल हैं। निलंबन और कार्रवाई: कर्नाटक सरकार ने तीनों डॉक्टरों को निलंबित कर दिया, सीबीआई जांच जारी है। |
कार्रवाई:
FAQ
रावतपुरा मान्यता घोटाला क्या है?
रावतपुरा मेडिकल कॉलेज घोटाला एक भ्रष्टाचार मामला है, जिसमें तीन डॉक्टरों पर आरोप है कि उन्होंने रायपुर स्थित रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज को मान्यता दिलवाने के लिए 55 लाख रुपये की रिश्वत ली। इस घोटाले में CBI ने डॉक्टरों को गिरफ्तार किया और 34 अन्य लोगों को आरोपी बनाया।- रावतपुरा घोटाले में कितने लोग शामिल हैं?
रावतपुरा मेडिकल कॉलेज घोटाले में अब तक 34 लोग आरोपी बन चुके हैं। इनमें कर्नाटक के तीन डॉक्टर, मंत्रालय और नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के अधिकारी शामिल हैं। CBI ने इन आरोपियों के खिलाफ जांच तेज कर दी है।
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari