कम हुई शराब खरीदी की लिमिट, अब चढ़ेगा हल्का-हल्का सुरूर

छत्तीसगढ़ में लागू हुई नई शराब नीति में बहुत सारे बदलाव किए गए हैं। विष्णु सरकार ने भूपेश सरकार की शराब नीति को बदल दिया है। सबसे बड़ा बदलाव शराब खरीदी की लिमिट को लेकर है। अब सुरा प्रेमी एक बार में सिर्फ एक बोतल खरीद सकता है। 

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Jitendra Shrivastava
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अरुण तिवारी, RAIPUR. छत्तीसगढ़ के मदिरा प्रेमियों के लिए थोड़ी निराश करने वाली खबर है। विष्णुदेव सरकार ने नशे पर लगाम लगाने और लोगों को इसके शिकंजे से दूर करने के लिए नया फैसला किया है। बीजेपी सरकार ने भूपेश सरकार के फैसले को बदल दिया है। एक अप्रैल से लागू हुई नई आबकारी नीति के तहत दाम तो बढ़ा दिए गए हैं, लेकिन शराब खरीदी की लिमिट भी तय कर दी है। अब नशे के शौकीन शराब तो खरीद सकेंगे पर ज्यादा नहीं बल्कि थोड़ी-थोड़ी। कितनी है अब शराब खरीदी की लिमिट आइए आपको बताते हैं। 

एक बार में सिर्फ एक बोतल

छत्तीसगढ़ में लागू हुई नई शराब नीति में बहुत सारे बदलाव किए गए हैं। विष्णु सरकार ने भूपेश सरकार की शराब नीति को बदल दिया है। सबसे बड़ा बदलाव शराब खरीदी की लिमिट को लेकर है। अब सुरा प्रेमी एक बार में सिर्फ एक बोतल खरीद सकता है। फिर चाहे वो बोतल यानी एक लीटर हो, दो अद्धा हो या फिर चार पौव्वा यानी क्वार्टर। आबकारी विभाग के अधिकारियों के अनुसार देशी,अंग्रेजी या प्रीमियम शराब की दुकान से एक व्यक्ति एक बार में सिर्फ एक बोतल ही ले सकता है।

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भूपेश सरकार में चार बोतल खरीद सकता था

इससे पहले भूपेश सरकार में लागू हुई शराब नीति में एक व्यक्ति एक बार में शराब की चार बोतल खरीद सकता था। इसके पीछे सरकार का मकसद लोगों की शराब पीने की आदत पर नियंत्रण करना है। हालांकि, शराब रखने के नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। एक व्यक्ति पहले की तरह अपने साथ तीन बोतल शराब रख सकता है। चुनाव आयोग ने नई शराब नीति को लागू करने की अनुमति दे दी है। 

कीमतें बढ़ी और टारगेट भी 

सरकार ने शराब की एक भी नई दुकान नहीं बढ़ाई, लेकिन नई शराब नीति में कीमतें बढ़ा दी गई हैं। पुरानी सरकार ने शराब पर कोरोना, गोठान, शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए टैक्स लगाया था। ये छह फीसदी टैक्स था। अब नई सरकार इस टैक्स को हटाकर 10 फीसदी इंफ्रास्ट्रक्चर टैक्स लगा रही है। इस टैक्स से मिलने वाली राशि को प्रदेश के विकास में खर्च की जाएगी। इस टैक्स के लगने के बाद विदेशी शराब की एक बोतल पर 120 रुपए, आधा लीटर पर 80 रुपए और क्वाटर पर 40 रुपए का इजाफा हो जाएगा। इसी तरह देशी मदिरा पर बोतल में 80 रुपए, आधी बोतल पर 40 रुपए और क्वाटर पर 20 रुपए की वृध्दि होगी। सरकार ने पिछली साल शराब से 8 हजार करोड़ रुपए कमाए थे। इस साल ये टारगेट 11 हजार करोड़ तक रखा है।

आबकारी नीति शराब खरीदी की लिमिट