नक्सलियों ने फिर ले ली ग्रामीण की जान, खून से सनी सड़क किनारे मिला शव
Marut raj | Feb 19, 2024, 15:47 IST
नक्सली
छत्तीसगढ़ में नक्सलियों की ओर से बेकसूर ग्रामीणों को निशाना बनाया जा रहा है। ग्रामीणों के साथ जानलेवा वारदात को अंजाम दिया जा रहा है। इससे ग्रामीणों में भय का माहौल है।
रायपुर. नक्सलियों ने एक बार फिर सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया है। नक्सलियों ने एक बेकसूर ग्रामीण की बेरहमी से हत्या कर दी। घटना से क्षेत्र में दहशत का माहौल है। वारदात को दंतेवाड़ा क्षेत्र में अंजाम दिया गया है। नक्सलियों ने ग्रामीण की हत्या कर उसकी लाश फेंक दी।
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार नक्सलियों ने एक ग्रामीण की हत्या कर लाश को बारसूर-ओरछा मार्ग पर फेंक दी। मृतक का नाम चैतू बताया जा रहा है। मृतक के शव के आस पास कोई पर्चा नहीं मिला है। यह पूरा मामला मलेवाही थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने ग्रामीण का शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है।
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2000 में मध्यप्रदेश से अलग होकर छत्तीसगढ़ राज्यगठन हुआ था। 2001 के बाद अब तक सुकुमा जिले में 354 ग्रामीणों की हत्या नक्सलियों ने की है और इसमें सबसे ज्यादा एर्राबोर गांव जहां 95 ग्रामीणों को मौत के घाट उतारा गया है। वहीं, कुछ ग्रामीण ऐसे भी है जिनका नाम पुलिस रिकार्ड में नहीं है क्योंकि नक्सलियों के डर से ग्रामीण पुलिस को नहीं बताऐ।
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार नक्सलियों ने एक ग्रामीण की हत्या कर लाश को बारसूर-ओरछा मार्ग पर फेंक दी। मृतक का नाम चैतू बताया जा रहा है। मृतक के शव के आस पास कोई पर्चा नहीं मिला है। यह पूरा मामला मलेवाही थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने ग्रामीण का शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है।
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2000 में मध्यप्रदेश से अलग होकर छत्तीसगढ़ राज्यगठन हुआ था। 2001 के बाद अब तक सुकुमा जिले में 354 ग्रामीणों की हत्या नक्सलियों ने की है और इसमें सबसे ज्यादा एर्राबोर गांव जहां 95 ग्रामीणों को मौत के घाट उतारा गया है। वहीं, कुछ ग्रामीण ऐसे भी है जिनका नाम पुलिस रिकार्ड में नहीं है क्योंकि नक्सलियों के डर से ग्रामीण पुलिस को नहीं बताऐ।
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