एमपी की लाड़ली बहना परेशान, योजना की राशि आना बंद, यहां सड़कों पर उतरीं!

एमपी के बुरहानपुर जिले में कई लाडली बहनों की किस्त रुक गई है। यहां की दर्जनों महिलाएं पिछले 8 महीनों से अपनी किस्तों के लिए ऑफिसों के चक्कर काट रही हैं। पूरा मामला जानने के लिए खबर आखिरी तक पढ़ें।

author-image
Aman Vaishnav
New Update
ladali bahna burhanpur
Listen to this article
0.75x1x1.5x
00:00/ 00:00

पूरी खबर 5 पॉइंट में समझें...

  • एमपी के बुरहानपुर जिले की कई महिलाओं की लाड़ली बहना किस्त बंद हुई।

  • पिछले 8 महीनों से बिना सूचना के राशि आना बंद है।

  • मंगलवार, 6 जनवरी को 36 से ज्यादा महिलाएं शिकायत लेकर जनसुनवाई में पहुंचीं।

  • जिला पंचायत सीईओ सृजन वर्मा ने जांच के आदेश दिए।

  • महिलाओं ने नगर पालिका और सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत की।

बुरहानपुर के नेपानगर और ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाएं परेशान हैं। मंगलवार, 6 जनवरी को 36 से ज्यादा महिलाएं आईएएस हर्ष सिंह के पास पहुंचीं। उन्होंने लाड़ली बहना योजना का लाभ दोबारा शुरू करने की मांग रखी। महिलाओं का कहना है कि वे लंबे समय से परेशान हैं। उनकी सुनवाई कहीं नहीं हो रही है। उन्होंने नगर पालिका, महिला बाल विकास विभाग और यहां तक कि सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत की, पर अब तक कोई हल नहीं निकला।

8 महीने से किस्त का इंतजार

पीड़ित महिला मीठाबाई ने अपना दर्द साझा किया। उन्होंने बताया कि पहले किस्त नियमित मिल रही थी। अचानक 8 महीने पहले बिना सूचना के योजना की राशि आना बंद हो गई। उन्हें कारण भी नहीं बताया गया कि लाभ क्यों रोका गया।

Ladli Behna installments stopped 

मजदूर महिलाओं की बढ़ी मुश्किलें

एक महिला ने बताया कि वे मजदूर वर्ग से हैं। वे पूरी तरह इस योजना की राशि पर ही निर्भर हैं। अधिकारियों से बार-बार शिकायत करने के बाद भी समाधान नहीं हुआ। महिलाओं ने मांग की है कि पुरानी बकाया किस्तों का भुगतान जल्द किया जाए।

पात्र महिलाओं को लाभ न मिलने का आरोप

पूर्व पार्षद राजेश पटेल ने कहा कि सरकार ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए यह योजना शुरू की है। अब पात्र महिलाओं को ही लाभ नहीं मिल पा रहा है। महिलाएं सरकारी विभागों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।

36 women in Nepanagar were deprived of the Ladli Behna Yojana. | नेपानगर  में 36 महिलाएं लाडली बहना योजना से वंचित: बोलीं- पहले नियमित मिलती थी  किश्तें, अब अचानक बंद ...

प्रशासन ने दिया जांच का भरोसा

जिला पंचायत सीईओ सृजन वर्मा ने महिलाओं की बात सुनी। उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों से जानकारी ली है। उन्होंने बताया कि 36 से ज्यादा महिलाओं की सूची प्राप्त हुई है। इसकी गहन जांच कराई जा रही है। कारण स्पष्ट होते ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

इस खबर के मायने क्या हैं?

योजना का लाभ अचानक और बिना किसी पूर्व सूचना के बंद होना प्रशासन के कामकाज पर सवाल उठाता है। यह स्थिति दर्शाती है कि तकनीकी या कागजी खामियों के कारण गरीब और जरूरतमंद महिलाओं तक सहायता नहीं पहुंच पा रही है। बिना जानकारी के महीनों तक किस्त रुकने से मजदूर वर्ग की इन महिलाओं के घरेलू बजट और आर्थिक स्थिरता पर गहरा बुरा असर पड़ रहा है।

सूत्र नॉलेज

लाड़ली बहना योजना सरकार की एक बहुत बड़ी योजना है। इस योजना को महिलाओं को मजबूत बनाने के लिए शुरू किया गया है। कोई महिला सरकार के नियमों के हिसाब से फिट बैठती है, तो यह उसका हक है कि उसे पैसे मिलें। 

यदि आपकी भी लाड़ली बहना योजना की किस्त रुकी हुई है, तो आप इन माध्यमों से शिकायत दर्ज करा सकते हैं:

  • अपने जिले के कलेक्ट्रेट कार्यालय में जाकर आवेदन दें। जनसुनवाई में अपनी समस्या बताएं।
  • महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों से संपर्क करें।
  • घर बैठे CM हेल्पलाइन (181) पर कॉल करके अपनी शिकायत दर्ज कराएं।

आगे क्या?

जिला पंचायत सीईओ द्वारा दिए गए जांच के आदेश के बाद अब विभाग यह पता लगाएगा कि इन 36 महिलाओं की किस्त किन तकनीकी कारणों से रुकी थी। जांच पूरी होने के बाद पोर्टल पर डेटा सुधार की प्रक्रिया शुरू की जाएगी ताकि भविष्य में भुगतान न रुके। उम्मीद है कि समस्या का समाधान होते ही प्रशासन इन महिलाओं की पिछले 8 महीनों की बकाया राशि  भी उनके खातों में जल्द ट्रांसफर करेगा।

ये खबरें भी पढ़िए...

लाड़ली बहना योजना : इस तारीख को आएगी 32वीं किस्त

लाड़ली बहना योजना पर सियासी घमासान शुरू, पटवारी बोले- अंधेर नगरी, मुखिया मौन

PM स्वनिधि योजना में बड़ा बदलाव, रेहड़ी-पटरी वालों के लोन का ब्याज भरेगी सरकार

53 साल की योजनाएं, हजारों करोड़ खर्च फिर भी इंदौर ने पीया जहरीला पानी

नगर पालिका जिला पंचायत सीईओ बुरहानपुर आईएएस हर्ष सिंह लाडली बहना योजना महिला बाल विकास विभाग
Advertisment