Sonam Raghuwanshi Ghazipur - गाजीपुर के ढाबे पर मिली सोनम के साथ अब आगे क्या होगा? यूपी पुलिस ने सब कुछ बता दिया! - sonam raghuwanshi found ghazipur indore couple missing case -
राजा के मर्डर में छिपे हैं कई राज, क्या सोनम रघुवंशी अपने पापा से नहीं कह पाई थी मन की बात?
Sourabh Bhatnagar | Jun 09, 2025, 16:37 IST
indore-couple-case-sonam-arrested-murder-raja-raghuvanshi
राजा रघुवंशी की हत्या के बाद जो सबसे चौंकाने वाली बात सामने आई, वह है सोनम की असहजता। शादी के बाद उसके व्यवहार में वो सहजता नहीं थी, जो एक नवविवाहिता में होती है।
इंदौर के राजा रघुवंशी हत्याकांड ने क्या इंदौर, क्या मध्यप्रदेश और क्या देश... हर किसी को झकझोर दिया है। हर जगह सिर्फ इसी केस की बात है। एक नई शादी, सुंदर जोड़ा और कुछ ही दिनों में ऐसी भयावह घटना...जिसने समाज और रिश्तों पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस की जांच में जितनी तहें खुल रही हैं, उससे ज्यादा परतें समाज के भीतर छिपे उस दबाव की हैं, जिसकी वजह से कई 'सोनम' आज भी अपने 'मन की बात' कहने से डरती हैं। सवाल सिर्फ हत्या का नहीं है। सवाल उस मानसिकता का है, जो आज भी बेटी को 'हां' कहने की इजाजत देती है, पर 'ना' कहने की ताकत और साहस नहीं। पढ़िए ये खास रिपोर्ट...
![Sonam Raghuwanshi Ghazipur - गाजीपुर के ढाबे पर मिली सोनम के साथ अब आगे क्या होगा? यूपी पुलिस ने सब कुछ बता दिया! - sonam raghuwanshi found ghazipur indore couple missing case -]()
![a16731bc-0f5]()
![Raja Raghuvanshi and Sonam Case - गाजीपुर के ढाबे से ऐसे पकड़ी गई सोनम! अफेयर के चलते रची थी पति की हत्या की साजिश? पुलिस ने किया बड़ा खुलासा - raja raghuwanshi]()
डॉ. त्रिवेदी अब तक इस केस में सामने आए बयानों और घटनाक्रम का विश्लेषण करते हुए कहते हैं, आज का अपराध सिर्फ गुस्से या लालच का रिजल्ट नहीं होता। आज अपराध थ्रिल बन चुका है...एक एक्सपेरिमेंट जैसा, जिसमें युवाओं को लगता है कि वे सब कंट्रोल कर सकते हैं। राजा रघुवंशी के केस में पुलिस का दावा है कि यह योजनाबद्ध साजिश थी। सोनम ने मददगार भी चुने, सबूत मिटाने की कोशिशें की गईं और सोशल मीडिया को नॉर्मल बनाए रखा गया। इससे पता चलता है कि अपराध के पीछे कॉग्निटिव बायस (संज्ञानात्मक पूर्वाग्रह) काम करता है। अपराधी सोचता है कि वही सबसे चालाक है। अपराध के बाद भी पकड़ा नहीं जाएगा।
मेघालय पुलिस का खुलासा- राजा की हत्या राज ने इंदौर से कराई, 3 हत्यारे और सोनम रघुवंशी साथ थी फिर शिलांग से भागे
![सोनम रघुवंशी केस: ऐसी ही 5 मर्डर मिस्ट्री फिल्में, जिसमें पति को मौत की नींद सुलाया - News18 हिंदी]()
![1338d206-f12]()
यह सवाल समाज की जड़ तक जाता है। डॉ. त्रिवेदी कहते हैं, अगर पति ने पत्नी की हत्या करवाई होती तो शायद हम इतनी चर्चा नहीं करते। समाज को इसलिए झटका लगा, क्योंकि यहां महिला पर आरोप है, पर यही तो चिंता की बात है, हम अपराध को जेंडर से जोड़ते हैं, इंसान से नहीं।
जनता इस घटना को लेकर इसलिए चिंतित है, क्योंकि हमारे समाज में यह हमेशा से माना जाता रहा है कि अपराध जेंडर विशेष (पुरुष) ही कर सकते हैं। वे कहते हैं, पहले महिलाएं इतनी ओपन नहीं थीं। अब परिस्थितियां बदल रही हैं, इसलिए हमें यह आश्चर्य बिलकुल नहीं होना चाहिए कि ऐसा महिलाएं कैसे कर सकती हैं।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें
📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
thesootr links
पुलिस की जांच में जितनी तहें खुल रही हैं, उससे ज्यादा परतें समाज के भीतर छिपे उस दबाव की हैं, जिसकी वजह से कई 'सोनम' आज भी अपने 'मन की बात' कहने से डरती हैं। सवाल सिर्फ हत्या का नहीं है। सवाल उस मानसिकता का है, जो आज भी बेटी को 'हां' कहने की इजाजत देती है, पर 'ना' कहने की ताकत और साहस नहीं। पढ़िए ये खास रिपोर्ट...
क्या वाकई सोनम इस शादी को नहीं चाहती थी?
a16731bc-0f5
राजा रघुवंशी की हत्या के बाद जो सबसे चौंकाने वाली बात सामने आई, वह है सोनम की असहजता। शादी के बाद उसके व्यवहार में वो सहजता नहीं थी, जो एक नवविवाहिता में होती है। परिवार वालों का कहना है कि वह राजा से बात तक ठीक से नहीं करती थी। सोनम को राजा में इंटरेस्ट नहीं था। इस बारे में जब 'द सूत्र' ने देश के सीनियर मनोचिकित्सक डॉ.सत्यकांत त्रिवेदी से बात की तो उन्होंने जो बताया, वह चिंता में डालने वाला है। वे कहते हैं, हमारा समाज अब भी पुरुष प्रधान ही है। सोनम (या उस जैसी लड़कियां) को अपने पिता से यह कहने की आजादी ही नहीं है कि इस लड़के से शादी नहीं करना है या मेरा कहीं प्रेम-प्रसंग है। सोनम जैसी बेटियां पिता से यह कहने का साहस नहीं जुटा पातीं कि वो जिससे शादी कर रही हैं, उससे प्यार नहीं करतीं या भविष्य में भी इसकी संभावना नहीं है। डॉ. त्रिवेदी का मानना है कि यह मामला सिर्फ हत्या का नहीं है, यह पैट्रियार्की और कम्युनिकेशन गैप का मिक्स मैच है।
अपराधों में रिलेशनल थ्रिल क्यों बढ़ रहा है?
Raja Raghuvanshi and Sonam Case - गाजीपुर के ढाबे से ऐसे पकड़ी गई सोनम! अफेयर के चलते रची थी पति की हत्या की साजिश? पुलिस ने किया बड़ा खुलासा - raja raghuwanshi
डॉ. त्रिवेदी अब तक इस केस में सामने आए बयानों और घटनाक्रम का विश्लेषण करते हुए कहते हैं, आज का अपराध सिर्फ गुस्से या लालच का रिजल्ट नहीं होता। आज अपराध थ्रिल बन चुका है...एक एक्सपेरिमेंट जैसा, जिसमें युवाओं को लगता है कि वे सब कंट्रोल कर सकते हैं। राजा रघुवंशी के केस में पुलिस का दावा है कि यह योजनाबद्ध साजिश थी। सोनम ने मददगार भी चुने, सबूत मिटाने की कोशिशें की गईं और सोशल मीडिया को नॉर्मल बनाए रखा गया। इससे पता चलता है कि अपराध के पीछे कॉग्निटिव बायस (संज्ञानात्मक पूर्वाग्रह) काम करता है। अपराधी सोचता है कि वही सबसे चालाक है। अपराध के बाद भी पकड़ा नहीं जाएगा।
राजा और सोनम के केस से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें...
क्या सिनेमा और वेब सीरीज जिम्मेदार हैं?
सोनम रघुवंशी केस: ऐसी ही 5 मर्डर मिस्ट्री फिल्में, जिसमें पति को मौत की नींद सुलाया - News18 हिंदी
डॉ.त्रिवेदी इस पर महत्वपूर्ण बात करते हैं। उन्होंने कहा, हमारे समाज में आज अपराध और अपराधियों का महिमा मंडम हो रहा है। वेब सीरीज और फिल्मों में अपराधियों को स्मार्ट, चालाक और चतुर दिखाया जा रहा है। फिर उन्हीं को हीरो के रूप में प्रेजेंट किया जा रहा है। जब 'द सूत्र' ने सवाल किया कि क्या ऐसे मामलों में आरोपियों को अंजाम की जानकारी नहीं होती? इसके जवाब में डॉ.त्रिवेदी कहते हैं, ऐसे मामलों में अपराधियों के मन में कॉग्निटिव बायस ही आता है कि हम अपराध ऐसे स्मार्ट तरीके से करेंगे कि पकड़े ही नहीं जाएंगे। इस तरह ड्रामा और ज्यादा हो जाता है। यही वजह है कि हमारे देश में इस तरह के केस बढ़ रहे हैं। दूसरे तरीके से कहें तो आजकल के नायक असल में खलनायक होते हैं। वे बैंक लूटते हैं, सिस्टम को चकमा देते हैं और आखिर में हीरो बन जाते हैं। यही छवि युवाओं के दिमाग में बैठ रही है। जब फिल्मों में गुनहगार को स्टाइलिश और जीतता हुआ दिखाया जाता है, तब रियल लाइफ में अपराध भी सामान्य लगने लगता है। सोनम के केस में भी कुछ ऐसा ही देखने मिला है, वह सास से बात कर रही है, ऑडियो में सामान्य लग रहा है, लेकिन परदे के पीछे हो सकता है कोई स्क्रिप्ट लिखी जा रही हो?
अगर हत्यारा कोई पुरुष होता तो क्या होता?
1338d206-f12
यह सवाल समाज की जड़ तक जाता है। डॉ. त्रिवेदी कहते हैं, अगर पति ने पत्नी की हत्या करवाई होती तो शायद हम इतनी चर्चा नहीं करते। समाज को इसलिए झटका लगा, क्योंकि यहां महिला पर आरोप है, पर यही तो चिंता की बात है, हम अपराध को जेंडर से जोड़ते हैं, इंसान से नहीं।
जनता इस घटना को लेकर इसलिए चिंतित है, क्योंकि हमारे समाज में यह हमेशा से माना जाता रहा है कि अपराध जेंडर विशेष (पुरुष) ही कर सकते हैं। वे कहते हैं, पहले महिलाएं इतनी ओपन नहीं थीं। अब परिस्थितियां बदल रही हैं, इसलिए हमें यह आश्चर्य बिलकुल नहीं होना चाहिए कि ऐसा महिलाएं कैसे कर सकती हैं।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें
📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
जबलपुर में भाजपा की बड़ी पदयात्रा, सीएम मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल दिखाएंगे ताकत, एक लाख लोगों के जुटने का दावा
By Ramanand Tiwari
प्रखरश्री दीदी ने जज की परीक्षा पास कर छोड़ा सांसारिक मोह; पहले पूरा किया माता-पिता का सपना, अब चुना संन्यास
By Amresh Kushwaha
एमपी में एप्को पर आर्थिक संकट के सवाल, 8 करोड़ का अनुदान रुका तो कर्मचारियों के भविष्य पर बढ़ी चिंता
By Ramanand Tiwari
पत्नी की निजी जानकारी के लिए RTI का इस्तेमाल गलत, राजस्थान हाई कोर्ट ने बरकरार रखा तलाक
By Mukesh Sharma
मध्यप्रदेश में IAS के 68 पद खाली, 4 अफसरों को दिल्ली जाने से रोका; आखिर कब पूरी होगी अधिकारियों की कमी?
By Ramanand Tiwari
मध्यप्रदेश में RTI के हजारों आवेदन अटके, 10 हजार 350 लोगों को अब तक नहीं मिली जानकारी, सरकारी जवाबदेही पर सवाल
By Ramanand Tiwari
महादेव सट्टा ऐप का मास्टरमाइंड सौरभ चंद्राकर भारत लाया गया, करोड़ों के सट्टे और हवाला नेटवर्क की जांच तेज
By VINAY VERMA