आरक्षक की पत्नी के गर्भ में पल रहे बच्चे को भी मुआवजा देने का इंदौर जिला कोर्ट आदेश

इंदौर जिला कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया। कोर्ट ने मृतक आरक्षक की पत्नी के गर्भ में पल रहे शिशु को मुआवजा देने का आदेश दिया। मृतक के परिवार को 60 लाख रुपए का मुआवजा मिला।

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Sandeep Kumar
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News in Short

  • सीहोर जिले के जवरा थाना क्षेत्र में सड़क दुर्घटना में मौत।
  • मृतक की पत्नी गर्भवती थी, परिवार ने मुआवजे के लिए याचिका दायर की।
  • कोर्ट ने अजन्मे शिशु को भी मृतक पर आश्रित माना और मुआवजा दिया।
  • मुआवजा 50 लाख 88 हजार रुपए, ब्याज सहित बढ़कर 60 लाख रुपए।
  • कानूनी विशेषज्ञों ने इसे ऐतिहासिक निर्णय माना, पीड़ित परिवार ने संतोष जताया।

News in Detail

जिला कोर्ट ने सीहोर जिले के जवरा थाना क्षेत्र में हुई सड़क दुर्घटना में मौत को लेकर एक अहम और संवेदनशील फैसला सुनाया है। इस फैसले में गर्भ में पल रहे अजन्मे शिशु को भी मृतक के परिजनों की श्रेणी में शामिल करते हुए मुआवजा देने का आदेश दिया गया है।

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क्या दायर हुई थी याचिका?

मृतक की पत्नी रेखा सात महीने की गर्भवती थीं। हादसे के बाद परिवार ने न्यायालय में हर्जाने की याचिका दायर की। कोर्ट ने मृतक की पत्नी गर्भवती होने को गंभीरता से लिया। कोर्ट ने शिशु को भी मृतक पर आश्रित माना। मृतक के परिवार को 50 लाख 88 हजार रुपए का मुआवजा मिला। इसके बाद 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज के साथ राशि बढ़कर 60 लाख रुपए तक पहुंच गई।

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पीड़ित परिवार ने फैसले पर संतोष जताया

इस मुआवजे में मृतक की पत्नी, दो बच्चे, मां, अजन्मा शिशु और छोटा भाई शामिल हैं। कानूनी विशेषज्ञों ने इसे ऐतिहासिक निर्णय बताया। उनका कहना है कि यह निर्णय गर्भस्थ शिशु के अधिकारों को मान्यता देता है। पीड़ित परिवार ने फैसले पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह मुआवजा उनके भविष्य को सुरक्षित करेगा। यह फैसला सड़क दुर्घटनाओं में पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने का उदाहरण है।

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पीड़ित परिवार के लिए राहत

अधिवक्ता राजेश खंडेलवाल के अनुसार, यह फैसला पीड़ित परिवार के लिए राहत है। यह भविष्य के मामलों के लिए मिसाल बनेगा। आरक्षक सतीश, पिता कैलाश रुडेलें, झाबुआ में पदस्थ थे। वे सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। यह हादसा जवरा थाना क्षेत्र में हुआ। एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी कार को टक्कर मारी। दुर्घटना में आरक्षक सतीश सहित एक अन्य की मौके पर ही मौत हो गई।

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