NeSDA रिपोर्ट 2026: डिजिटल सेवाओं में मध्यप्रदेश दूसरे स्थान पर, 1752 ई-सेवाओं से नागरिकों को मिली बड़ी सुविधा

Pawan Modiya | Mar 30, 2026, 16:23 IST
Share
66
Photograph: (the sootr)

NeSDA रिपोर्ट 2026 में मध्यप्रदेश डिजिटल सेवाएं (Madhya Pradesh Digital Services) के क्षेत्र में दूसरे स्थान पर पहुंचा। राज्य में 1752 ई-सेवाएं नागरिकों को उपलब्ध।

भारत सरकार के प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग (DARPG) द्वारा जारी NeSDA रिपोर्ट फरवरी 2026 (NeSDA Report February 2026) में मध्यप्रदेश को डिजिटल सेवा वितरण के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में शामिल किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार मध्यप्रदेश डिजिटल सेवाएं (Madhya Pradesh Digital Services) नागरिकों तक पहुंचाने के मामले में देश में दूसरे स्थान पर है।

यह उपलब्धि राज्य में तेजी से विकसित हो रहे ई-गवर्नेंस (e-Governance) सिस्टम और सरकार की डिजिटल प्रशासन नीति का परिणाम मानी जा रही है। मध्यप्रदेश में वर्तमान में 1752 ई-सेवाएं नागरिकों को ऑनलाइन उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे सरकारी सेवाएं पहले की तुलना में अधिक सुलभ और पारदर्शी बन गई हैं।

डिजिटल इंडिया मिशन के तहत राज्यों में ई-गवर्नेंस को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसी कड़ी में मध्यप्रदेश ने डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से नागरिक सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में उल्लेखनीय कदम उठाए हैं।

देश के शीर्ष राज्यों की सूची: ई-सेवाओं में कौन आगे

NeSDA रिपोर्ट 2026 में राज्यों को नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही ई-सेवाओं की संख्या के आधार पर रैंकिंग दी गई है।

शीर्ष चार राज्य

  1. कर्नाटक – 2102 ई-सेवाएं
  2. मध्यप्रदेश – 1752 ई-सेवाएं
  3. छत्तीसगढ़ – 1645 ई-सेवाएं
  4. तमिलनाडु – 1634 ई-सेवाएं
इस सूची से स्पष्ट है कि मध्यप्रदेश डिजिटल गवर्नेंस (Digital Governance) के क्षेत्र में देश के प्रमुख राज्यों में तेजी से उभर रहा है।

59 अनिवार्य ई-सेवाओं का 100% क्रियान्वयन

NeSDA रिपोर्ट की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक यह है कि मध्यप्रदेश ने 59 अनिवार्य ई-सेवाओं (Mandatory e-Services) का 100 प्रतिशत क्रियान्वयन सुनिश्चित किया है। यह उपलब्धि इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इन सेवाओं का संबंध सीधे आम नागरिकों की दैनिक जरूरतों से है।

प्रमुख अनिवार्य ई-सेवाएं

  • जन्म प्रमाणपत्र
  • मृत्यु प्रमाणपत्र
  • आय प्रमाणपत्र
  • जाति प्रमाणपत्र
  • निवास प्रमाणपत्र
  • लाइसेंस एवं परमिट
  • कर एवं शुल्क भुगतान
  • शिकायत निवारण सेवाएं
इन सेवाओं के डिजिटल होने से नागरिकों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते।

मुख्यमंत्री मोहन यादव का बयान

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस उपलब्धि पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह राज्य की प्रशासनिक दक्षता और जनहितैषी नीतियों का परिणाम है।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में राज्य सरकार निम्न क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देगी—

  • मोबाइल आधारित सेवाएं
  • आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित प्रशासन
  • डेटा आधारित निर्णय प्रणाली
  • अधिक सेवाओं का डिजिटलीकरण
सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को सरकारी सेवा डिजिटल माध्यम से उपलब्ध हो।

मध्यप्रदेश में डिजिटल सेवाओं का विस्तार

NeSDA रिपोर्ट के अनुसार देशभर में राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों द्वारा 25,000 से अधिक ई-सेवाएं नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही हैं।

इन सेवाओं में प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं:

  • स्थानीय शासन सेवाएं
  • बिजली, पानी और गैस जैसी उपयोगिता सेवाएं
  • राजस्व विभाग सेवाएं
  • स्वास्थ्य सेवाएं
  • शिक्षा सेवाएं
  • परिवहन सेवाएं
  • सामाजिक सुरक्षा योजनाएं
फरवरी 2026 तक कई राज्यों ने सैकड़ों नई ई-सेवाएं जोड़ी हैं, जिससे डिजिटल सेवा वितरण (Digital Service Delivery) और मजबूत हुआ है।

MP e-Service Portal: डिजिटल सेवाओं का मुख्य केंद्र

मध्यप्रदेश में डिजिटल शासन का सबसे महत्वपूर्ण प्लेटफॉर्म MP e-Service Portal (MP e-Service Portal) है। यह पोर्टल राज्य के विभिन्न विभागों की सेवाओं को एकीकृत रूप से नागरिकों तक पहुंचाने का कार्य करता है।

पोर्टल की प्रमुख विशेषताएं

  • 56 विभागों की सेवाओं का एकीकरण
  • 1752 से अधिक ऑनलाइन सेवाएं
  • मोबाइल ऐप के माध्यम से सेवाएं
  • ऑनलाइन आवेदन और ट्रैकिंग
  • डिजिटल भुगतान सुविधा
इस पोर्टल के माध्यम से नागरिक घर बैठे कई महत्वपूर्ण सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं।

MP e-Service Portal पर उपलब्ध प्रमुख सेवाएं

नागरिक सेवाएं (Citizen Services)

  • जन्म एवं मृत्यु प्रमाणपत्र
  • आय, जाति और निवास प्रमाणपत्र
  • लाइसेंस और परमिट
  • टैक्स और फीस भुगतान
  • शिकायत निवारण
  • सामाजिक योजनाओं के आवेदन
यह पोर्टल नागरिकों को सरकारी कार्यालयों में जाने की आवश्यकता कम करता है।



डिजिटल इंडिया मिशन को मजबूत कर रहा मध्यप्रदेश

NeSDA फरवरी 2026 की रिपोर्ट से स्पष्ट है कि मध्यप्रदेश डिजिटल गवर्नेंस (Digital Governance) और ई-सेवा पोर्टल (e-Service Portal) के माध्यम से तेजी से आगे बढ़ रहा है।

राज्य ने:

  • अनिवार्य ई-सेवाओं का पूर्ण क्रियान्वयन
  • डिजिटल सेवा वितरण को मजबूत
  • नागरिक सेवाओं को ऑनलाइन किया
  • पारदर्शी प्रशासन को बढ़ावा दिया
यह उपलब्धि डिजिटल इंडिया मिशन (Digital India Mission) को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

FAQs

1. NeSDA रिपोर्ट क्या है और इसका उद्देश्य क्या है?

NeSDA रिपोर्ट (National e-Governance Service Delivery Assessment) भारत सरकार द्वारा जारी एक मूल्यांकन रिपोर्ट है। इसका उद्देश्य राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में डिजिटल सेवाओं की उपलब्धता और गुणवत्ता का आकलन करना है। यह रिपोर्ट बताती है कि किस राज्य में ई-गवर्नेंस भारत (e-Governance) और डिजिटल सेवाएं (Digital Services) कितनी प्रभावी हैं।

2. मध्यप्रदेश में कितनी डिजिटल सेवाएं उपलब्ध हैं?

NeSDA रिपोर्ट फरवरी 2026 के अनुसार मध्यप्रदेश डिजिटल सेवाएं (Madhya Pradesh Digital Services) के तहत राज्य में 1752 ई-सेवाएं नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही हैं। ये सेवाएं विभिन्न विभागों से संबंधित हैं और MP e-Service Portal के माध्यम से ऑनलाइन प्राप्त की जा सकती हैं।

3. MP e-Service Portal क्या है और इससे नागरिकों को क्या लाभ है?

MP e-Service Portal (MP e-Service Portal) मध्यप्रदेश सरकार का एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है। इसके माध्यम से नागरिक घर बैठे कई सरकारी सेवाओं के लिए आवेदन कर सकते हैं। इससे समय की बचत होती है, सरकारी कार्यालयों के चक्कर कम लगते हैं और सेवा प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनती है।

ये खबरें भी पढ़ें....

डिजिटल अरेस्ट के खिलाफ सरकार सख्त, व्हाट्सएप डिवाइस ID को ब्लॉक करने के दिए आदेश

PPP मोड पर चलेगी एमपी की राज्य परिवहन बस योजना, निजी ऑपरेटर नाराज

7 दिन में व्हाट्सएप पर बर्थ सर्टिफिकेट, भोपाल में सफल अब पूरे एमपी में लागू होगा डिजिटल मॉडल

नई परियोजनाओं पर डिजिटल चेक: अब बिना क्लियरेंस नहीं होगा काम शुरू

Tags:
  • मध्यप्रदेश
  • कर्नाटक
  • मध्यप्रदेश डिजिटल सेवाएं
  • NeSDA रिपोर्ट 2026
  • MP e-Service Portal
  • Digital Governance
  • ई-गवर्नेंस भारत
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा