गणतंत्र दिवस पर आईपीएस बोले- मदरसे के छात्र भगवत गीता भी पढ़ें

एमपी के एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी ने गणतंत्र दिवस के मौके पर सीहोर जिले के मदरसे के छात्रों से कुरान के साथ भगवद्गीता पढ़ने को कहा। उनका मानना है कि इससे छात्रों को जीवन में मार्गदर्शन मिलेगा।

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Sanjay Dhiman
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IPS said on Republic Day Madrasa students should also read Bhagwat Geeta

Photograph: (the sootr)

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NEWS IN SHORT 

  • मध्य प्रदेश के आईपीएस अधिकारी राजा बाबू सिंह ने मदरसे के छात्रों से श्रीमद्भगवद्गीता पढ़ने को कहा।
  • सीहोर जिले के दोराहा गांव स्थित मदरसे में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान यह बात की गई।
  • अधिकारी ने छात्रों से विज्ञान, सहिष्णुता, और पर्यावरण संरक्षण पर भी ध्यान देने को कहा।
  • उनका कहना था कि गीता पढ़ने से छात्रों के जीवन में मार्गदर्शन मिलेगा।
  • मदरसे के मौलाना ने मामले पर टिप्पणी करने से बचते हुए इसे एक प्रेरणा भरी बातचीत बताया। 

NEWS IN DETAIL

SEHORE. मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के दोराहा गांव स्थित एक मदरसे में गणतंत्र दिवस के अवसर पर एक खास घटना घटी। पुलिस महानिरीक्षक (प्रशिक्षण) राजा बाबू सिंह ने मदरसे के छात्रों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने छात्रों से एक महत्वपूर्ण बात की-  "आपको पवित्र कुरान शरीफ के साथ भगवद्गीता का अध्ययन भी करना चाहिए।" उन्होंने कहा कि भगवद्गीता सदियों से मानवता को आलोकित कर रही है और यह छात्रों के जीवन को सही दिशा दे सकती है।

सिंह ने इस दौरान छात्रों को पर्यावरण संरक्षण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और सहिष्णुता के प्रति जागरूक होने की भी सलाह दी। उनका मानना था कि गीता और कुरान दोनों ही इंसान को एक बेहतर इंसान बनने के लिए प्रेरित करते हैं।

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मौलाना की चुप्पी

मदरसे के मौलाना अमीन उल्लाह ने इस पर कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया नहीं दी। जब उनसे इस मुद्दे पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने सीधे तौर पर कुछ भी कहने से बचते हुए बस इतना कहा कि पुलिस महानिरीक्षक राजा बाबू सिंह ने बच्चों से करीब सात मिनट तक बात की और उन्हें किताबें पढ़ने के लिए प्रेरित किया।

राजा बाबू सिंह का दृष्टिकोण

राजा बाबू सिंह 1994 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं और कश्मीर में सीमा सुरक्षा बल के महानिरीक्षक रह चुके हैं। उन्होंने अपने करियर के दौरान कई ऐसी पहल की हैं जो समाज की भलाई के लिए रही हैं। उनका मानना है कि भारत की अखंडता और एकता बनाए रखना सभी का कर्तव्य है, चाहे वह कोई भी समुदाय हो।

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चर्चा में रह चुके हैं आईपीएस अधिकारी

राजा बाबू सिंह पहले भी चर्चा में रहे हैं जब उन्होंने मध्य प्रदेश के सभी पुलिस प्रशिक्षण स्कूलों को निर्देश दिया था कि वे अपने भर्तियों के लिए भगवद्गीता और रामचरितमानस के पाठ सत्र आयोजित करें। उनका यह कदम नीतिपरक जीवन जीने के लिए था। इस बार भी उन्होंने मदरसा के छात्रों को गीता पढ़ने की सलाह देकर यह संदेश दिया कि धार्मिक ग्रंथों का अध्ययन इंसान को बेहतर मार्ग दिखाता है।

FAQ

IPS राजा बाबू सिंह ने छात्रों को गीता पढ़ने की सलाह क्यों दी?
उन्होंने यह सलाह छात्रों को धार्मिक ग्रंथों का अध्ययन करने और जीवन को बेहतर दिशा में ले जाने के लिए दी।
मौलाना अमीन उल्लाह ने इस बारे में क्या प्रतिक्रिया दी?
मौलाना ने इस पर कोई स्पष्ट टिप्पणी नहीं की, केवल इतना कहा कि आईपीएस अधिकारी ने छात्रों को प्रोत्साहित किया।
क्या यह कोई विवादास्पद बयान था?
हां, क्योंकि धार्मिक मामलों पर यह विचार खुलकर सामने आया था, लेकिन मौलाना ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।



मध्य प्रदेश सीहोर कुरान शरीफ मदरसा आईपीएस अधिकारी श्रीमद्भगवद्गीता राजा बाबू सिंह
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