सांसद महेन्द्र सिंह सोलंकी का बयान, खामेनेई गया 72 हूरों के पास, कांग्रेस का पलटवार

बीजेपी सांसद महेन्द्र सिंह सोलंकी ने ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत पर बयान दिया है। उन्होंने कहा, खामेनेई 72 हूरों के पास गया। इस पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।

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Sandeep Kumar
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News in Short

  • 28 फरवरी को ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की मृत्यु के बाद देशभर में प्रदर्शन हुए।
  • बीजेपी सांसद महेन्द्र सिंह सोलंकी ने फेसबुक पोस्ट में विवादित टिप्पणी की।
  • सोलंकी ने कहा- खामेनेई तो 72 हूरों के पास गया।
  • कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने इसे बेतुका बयान बताया और गोडसे का हवाला दिया।
  • मसूद ने कहा कि गांधी की विचारधारा दुनिया में प्रभावी रही है।

News in Detail

BHOPAL. 28 फरवरी 2026 को तेहरान में एक हवाई हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मृत्यु हो गई। ईरानी सरकार और मीडिया ने एक मार्च को उनकी मौत की पुष्टि की। खामेनेई की मौत के बाद देशभर में प्रदर्शन हुए। खामेनेई के समर्थन में हो रहे प्रदर्शनों पर बीजेपी सांसद डॉ. महेन्द्र सिंह सोलंकी ने फेसबुक पोस्ट किया। इस पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।

देवास से बीजेपी सांसद डॉ. महेन्द्र सिंह सोलंकी ने सोशल मीडिया पर लिखा, रमजान के पवित्र महीने में अल्लाह का नाम लेना चाहिए, कुरआन शरीफ का पाठ करना चाहिए, हुजूर पाक को याद करना चाहिए। ये खामेनेई-खामेनेई क्या लगा रखा है? वह तो गया 72 हूरों के पास।

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गोडसे की किताब पढ़ी है गांधी की नहीं: कांग्रेस

देवास सांसद के पोस्ट पर भोपाल मध्य से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने कहा, ये सांसद महोदय हमेशा बेतुका बयान देते हैं। उन्हें यह नहीं पता कि पूरी दुनिया में गांधी ने अहिंसा के नाम पर युद्ध को गलत बताया था। इन्होंने गांधी की किताब नहीं पढ़ी, इन्होंने गोडसे की किताब पढ़ी है।

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...तब ईरान हमारे साथ खड़ा था

आरिफ मसूद ने कहा, गांधी की विचारधारा से पूरी दुनिया प्रभावित हुई है। जब भारत पर संकट था और कश्मीर का झगड़ा शुरू हुआ था, तब ईरान हमारे साथ खड़ा था। इन्हें समझना चाहिए कि उनके ये बेतुके बयान हैं। इस समय देश में अहिंसा की बात करनी चाहिए। इजराइल शुरू से ही आतंकवादी गतिविधियों में शामिल रहा है और इस तरह की चीजों को प्रोत्साहित करता रहा है।

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क्या बोले मौलना ?

खामेनेई की मौत पर इंदौर में मातम मनाते लोगों को एक मौलाना ने संबोधित किया। उन्होंने कहा, कुछ को लगता है कि जिनका निधन हो गया, बात खत्म हो गई। आपने कुरान नहीं पढ़ी। कुरान में कहा गया है, जो मिट्टी के नीचे चला गया, वह मुर्दा नहीं है, वह जिंदा है। मुर्दा वे हैं जो जमीन पर चल रहे हैं। उनका जमीर इतना मरा हुआ है कि जालिम के खिलाफ आवाज नहीं उठा सकते।

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