रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव: एक जगह निवेश किया, शाबाशी दो जगह ले ली

Raj Singh | Dec 16, 2024, 09:38 IST
Share
concleave
concleave

मध्यप्रदेश की 6 रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 2.13 लाख करोड़ के निवेश प्रस्तावों का दावा किया गया, लेकिन सागर और नर्मदापुरम कॉन्क्लेव के आंकड़ों में 7 हजार 550 करोड़ के निवेश प्रस्ताव दो बार गिन दिए।

मध्यप्रदेश में हाल ही में आयोजित 6 रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव (Regional Industry Conclave) में 2.13 लाख करोड़ के निवेश प्रस्तावों का दावा किया गया है। हालांकि, इन आंकड़ों की जब गहराई से पड़ताल की गई, तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। कई निवेश प्रस्तावों को दो अलग-अलग कॉन्क्लेव में गिना गया है, जिससे निवेश के दावों पर सवाल खड़े हो गए हैं।

सागर और नर्मदापुरम के आंकड़ों में दोहराव

7 दिसंबर को नर्मदापुरम कॉन्क्लेव में 31 हजार 425 करोड़ के निवेश प्रस्ताव की घोषणा हुई। लेकिन इसमें से 7 हजार 550 करोड़ का निवेश पहले 27 सितंबर को सागर में हुई कॉन्क्लेव में गिना जा चुका था। सागर कॉन्क्लेव में कुल 23 हजार 181 करोड़ के निवेश प्रस्ताव का दावा किया गया था। रिन्युएबल एनर्जी (Renewable Energy) क्षेत्र में 22 कंपनियों ने नर्मदापुरम कॉन्क्लेव में 18 हजार 123 करोड़ का निवेश प्रस्ताव रखा। लेकिन इनमें से 3 हजार 350 करोड़ का निवेश उन्हीं कंपनियों का था, जिन्हें सागर कॉन्क्लेव में गिना गया था। इसके अलावा, अन्य कंपनियों के 4 हजार 200 करोड़ के निवेश प्रस्ताव भी दोहराव की श्रेणी में आ गए।

अधिकारियों की सफाई

एमपीआईडीसी (MPIDC) के अधिकारियों का कहना है कि यह एक चूक हो सकती है। एमपीआईडीसी के एमडी चंद्रमौली शुक्ला ने बताया कि सागर में निवेश प्रस्ताव दिए गए थे और नर्मदापुरम में उन्हीं कंपनियों को जमीन आवंटित कर भूमिपूजन कराया गया। उनका कहना है कि निवेश के आंकड़े गिनती में ऊपर-नीचे हो गए होंगे।

उन्होंने उदाहरण देते हुए आगे बताया कि सनकाइंड इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (Sunkind India Pvt. Ltd.) का निवेश सागर में गिना गया था, जबकि नर्मदापुरम में वही निवेश सनकाइंड फोटोवोल्टेक्स प्राइवेट लिमिटेड (Sunkind Photovoltaics Pvt. Ltd.) के नाम से दिखाया गया। दोनों कंपनियों के डायरेक्टर एक ही व्यक्ति हैं।

निवेश के दावों पर उठते सवाल

यह स्थिति दर्शाती है कि निवेश के आंकड़ों को स्पष्ट और पारदर्शी तरीके से प्रस्तुत नहीं किया गया। रिन्युएबल एनर्जी सेक्टर (Renewable Energy Sector) में निवेश की बड़ी-बड़ी घोषणाएं तो की गईं, लेकिन आंकड़ों के दोहराव ने इन दावों की सटीकता पर प्रश्नचिन्ह खड़ा कर दिया है। निवेशकों (Investors) और आम जनता के बीच भरोसे की बहाली के लिए जरूरी है कि सरकार और संबंधित विभाग इन आंकड़ों को पूरी सटीकता और पारदर्शिता के साथ पेश करें।

एक निवेश को दो कॉनक्लेव में ऐसे गिनाया

कंपनीसागरनर्मदापुरम्
अल्पेक्स सोलर लि.750 करोड़727 करोड़
इंसोलेशन ग्रीन एनर्जी लि.1600 करोड़1800 करोड़
सनकाइंड इंडिया प्राइवेट लि.1000 करोड़1400 करोड़
नर्मदापुरम् की अन्य रिन्युएबल (एनर्जी कंपनियां)4200 करोड़
(सागर के 4200 करोड़ नहीं घटाए)
14196 करोड़


FAQ

  1. रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव क्या है?
    रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव एक औद्योगिक कार्यक्रम है, जिसमें निवेशकों को निवेश के अवसर दिए जाते हैं।
  2. नर्मदापुरम् कॉन्क्लेव में कितने निवेश प्रस्ताव मिले?
    नर्मदापुरम् कॉन्क्लेव में 31,425 करोड़ के निवेश प्रस्ताव की घोषणा हुई।
  3. सागर और नर्मदापुरम् के आंकड़ों में क्या गड़बड़ी हुई?
    7,550 करोड़ के निवेश प्रस्ताव को दोनों कॉन्क्लेव में गिना गया, जिससे आंकड़ों में दोहराव सामने आया।

thesootr links

द सूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

Tags:
  • MP News
  • एमपी न्यूज
  • सीएम मोहन यादव
  • MP
  • मोहन सरकार
  • मध्य प्रदेश
  • मध्य प्रदेश सरकार
  • MPIDC
  • मध्य प्रदेश समाचार
  • रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव
  • सागर रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव
  • नर्मदापुरम में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच

By Jitendra Shrivastava

भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज

By Sanjay Dhiman

UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज