इंदौर में महिला क्रिकेट खिलाड़ियों से छेड़छाड़ का मामला: पुलिस की सुरक्षा में चार बड़ी चूकें, जिसे जानने के बाद आप भी रह जाएंगे सन्न
The Sootr | Oct 27, 2025, 15:10 IST
two-australian-women-cricketers-molested-Indore-Police-Mistakes-and-Players-Irresponsibility
इंदौर में आईसीसी महिला विश्व कप के दौरान ऑस्ट्रेलियाई टीम की सदस्यों से छेड़छाड़ की घटना के बाद सुरक्षा की खामियां उजागर हुई हैं। जांच में पुलिस की चूक के साथ-साथ क्या-क्या गड़बड़ियां हुई हैं... इसका खुलासा द सूत्र कर रहा है।
राहुल दवे @ INDORE
जांच में यह भी पता चला कि कुछ विदेशी खिलाड़ी बिना किसी सूचना के पब और बार में गईं, जो सुरक्षा प्रोटोकॉल की साफ-साफ अनदेखी थी। वहीं मामले में पुलिस प्रशासन ने लापरवाही बरती है, उसे जानकर तो आपके होश ही उड़ जाएंगे।
आप भी सोचेंगे कि इतना बड़ा शहर इंदौर, जो सफाई के मामले में नाम कमा चुका है। क्या यहां महिलाओं की सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं हो सकती?
इस मामले में द सूत्र एक ऐसा खुलासा करने जा रहा है, जिसे जानने के बाद आप भी सन्न रह जाएंगे! आप भी सोचेंगे कि जिन लोगों पर कानून की रक्षा का जिम्मा था, वही कैसे चूक गए।
इसकी पूरी कहानी हम आपको बता रहे हैं। पुलिस प्रशासन की लापरवाही की वो परतें, जिन्हें अब तक छिपाया गया था, हम उसे खोल रहे हैं।
प्रोटोकॉल की अनदेखी
घटना वाले दिन भी दोनों खिलाड़ी बाहर निकलीं, लेकिन इसकी जानकारी पुलिस (Indore Police) को नहीं थी। हालांकि ऑस्ट्रेलियाई महिला सुरक्षा मैनेजर का कहना है कि खिलाड़ियों ने उन्हें कैफे जाने की सूचना दी थी।
मैनेजर ने बीसीसीआई को यह मैसेज किया था। वहीं इस मामले में डीसीपी कुमार प्रतीक ने बताया कि उन्हें या टीम को किसी भी प्रकार की कोई जानकारी नहीं थी।
एएसआई से लेकर आरक्षक तक की थी ड्यूटी
शहर में जब कोई आंदोलन या प्रदर्शन होता है, तो एडीसीपी स्तर के अधिकारी मौके पर पहुंचते हैं। सुरक्षा व्यवस्था संभालते हैं, जबकि विदेशी खिलाड़ियों की सुरक्षा में केवल एएसआई और आरक्षक स्तर के पुलिसकर्मियों को जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
जिस अधिकारी का हुआ ट्रांसफर, उन्हें बनाया लोकल लाइजनिंग अधिकारी
पुलिस की सुरक्षा में चूक का अंदाजा इससे भी लगाया जा सकता है कि विजय नगर एसीपी आदित्य पटले, जिनका ट्रांसफर हो चुका है और वे रिलीव भी हो चुके हैं, उन्हें चार्ट के हिसाब से होटल रेडिसन सुरक्षा व्यवस्था में लोकल लाइजनिंग अधिकारी बनाया गया है। यह भी एक बड़ी चूक मानी जा रही है कि जो अधिकारी यहां पर हैं ही नहीं, उन्हें चार्ट में अधिकारी बनाया गया है। हालांकि फिलहाल उनका प्रभार राजकुमार सराफ देख रहे हैं।
चार्ट के हिसाब से यह थी होटल रेडिसन पर पुलिस व्यवस्था
बल लगाने का समय दोपहर 14.00 बजे से रहेगा।
पर्यवेक्षण अधिकारी – आदित्य पटले
(लोकल लाइजनिंग) सहायक विजय नगर
(पहली शिफ्ट) – बल लगाने का समय : 14.00 बजे से 22.00 बजे तक
सउनि आर.एस. मावई
थाना विजय नगर (1–1 का बल)
प्रआर 3105 शीतल राव, आयुषी
(दूसरी शिफ्ट) – बल लगाने का समय : 22.00 बजे से 06.00 बजे तक
सउनि किशोर खेडकर
थाना विजय नगर (1–1 का बल)
प्रमोद , अपर्णा
ऐसे हुई सुरक्षा में चूकचूक नंबर 1 : खिलाड़ियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी तीनों शिफ्ट में 1-4 की गार्ड के साथ 24 घंटे दी जाना थी, मगर जो चार्ट जारी हुआ उसमें सबसे पीक टाइम यानी सुबह 6-2 बजे तक किसी की ड्यूटी ही नहीं लगाई गई। बता दें कि खिलाड़ियों से छेड़छाड़ की घटना गुरुवार (23 अक्टूबर) सुबह करीब 11 बजे इसी शिफ्ट में हुई। चूक नंबर 2 : सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहे IPS अफसर आदित्य पटले 17 अक्टूबर को अपनी रिलीव हो गए थे, मगर अंतरराष्ट्रीय स्तर के मैच की जिम्मेदारी अब कौन संभालेगा, किसी को पता ही नहीं था। चूक नंबर 3 : 18 अक्टूबर को राजकुमार सराफ ने विजय नगर ACP की जिम्मेदारी संभाली, लेकिन उन्होंने भी खिलाड़ियों की सुरक्षा के मामले को गंभीरता से नहीं लिया। यहां तक कि आदित्य पटले ही कागजों में इस व्यवस्था के जिम्मेदार बने रहे। चूक नंबर 4 : पुलिस सुरक्षा में लगे जवान जब शिफ्ट बदलते हैं तो हैंड ओवर- टेक ओवर करते हैं। ऐसे में सुबह 6 बजे छूटने वाले पुलिसकर्मी किसे ड्यूटी हैंड ओवर कर रहे थे? कम से कम इन जवानों को तो इस बारे में अपने अफसर को बताना चाहिए था। | |
एएसपी स्तर के अधिकारी कर रहे थे मॉनिटरिंग
ऐसे में पुलिस की सुरक्षा में यह चूक सामने आई कि खिलाड़ियों के होटल से बाहर निकलने की उन्हें जानकारी ही नहीं थी। इससे यह पता चलता है कि इंदौर पुलिस का खुफिया कितना एक्टिव है।
मॉल और पब गई थीं विदेशी खिलाड़ी
इसी तरह, न्यूजीलैंड टीम की दो महिला खिलाड़ी कुछ दिन पहले पब और रेस्टोरेंट में पार्टी करने गई थीं, तब भी पुलिस सुरक्षा मौजूद नहीं थी।
जांच में यह बात भी सामने आई है कि पर्याप्त महिला सुरक्षा बल होने के बावजूद विदेशी खिलाड़ियों की सुरक्षा में उन्हें नहीं लगाया गया था।
ये खबरें भी पढ़ें...
हर टीम के साथ होता है सुरक्षा अधिकारी
सितारा खिलाड़ियों को देखने के लिए प्रशंसकों की भीड़ इकठा हो सकती है, जिससे कानून व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हो सकती है। इसलिए खिलाड़ियों और टीमों की आधिकारिक यात्रा के दौरान पुलिस और बाउंसर तैनात किए जाते हैं।
पहले ही तय किया था सूचना देना
सूचना के लिए बनाए गए व्हाट्सएप ग्रुप में भी नहीं दी जानकारी
इसका उद्देश्य यह था कि खिलाड़ी जहां भी जाएं, उसकी सूचना दें या किसी को कोई परेशानी हो तो सूचित करें, ताकि सुरक्षा व्यवस्था सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
लेकिन दोनों खिलाड़ियों ने ग्रुप पर भी इसकी जानकारी नहीं दी थी। विदेशी खिलाड़ियों के पब और शॉपिंग जाने की जानकारी अपने सोर्स से मिलने के बाद पुलिस ने वहां सुरक्षा उपलब्ध कराई थी।
मामले में बोलने से पल्ला झाड़ रहे जिम्मेदार!
जब प्रमोद सोनकर को कॉल किया तो उन्होंने साफ कह दिया कि PRO के तौर पर राजेश दंडोतिया को जिम्मेदारी दी गई है उनसे बात करें। जवाब देने से पल्ला झाड़ लिया।
इससे साफ होता है कि चूक तो हुई है लेकिन जवाब क्या दें ये नहीं पता। शायद इसलिए एक अधिकारी दूसरे अधिकारी पर जवाब देने की बात कह रहा है ।
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA