सुखाड़िया विश्वविद्यालय : बीए की परीक्षा में मराठा की जगह पराठा लिखने पर हंगामा, परीक्षा नियंत्रक का इस्तीफा
Amit Baijnath Garg | Oct 05, 2025, 18:32 IST
Photograph: (the sootr)
राजस्थान के उदयपुर में सुखाड़िया विश्वविद्यालय में बीए इतिहास के पेपर में मराठा की जगह पराठा लिखे जाने से छात्रों में आक्रोश फैल गया। इसके बाद परीक्षा नियंत्रक को इस्तीफा देना पड़ा। वहीं प्रशासन से कार्रवाई की मांग की गई है।
राजस्थान के उदयपुर में मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय में एक और विवाद ने तूल पकड़ लिया है। यह मामला बीए फोर्थ सेमेस्टर प्राइवेट इतिहास पेपर से जुड़ा है, जिसमें छात्रों द्वारा कई गड़बड़ियां सामने लाई गईं।
इस पेपर में न सिर्फ सिलेबस से बाहर के सवाल पूछे गए, बल्कि पेपर में टाइपिंग की भी बड़ी गलती की गई। सबसे चौंकाने वाली गलती यह थी कि मराठा शब्द की जगह पराठा लिखा गया। यह गलती सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद छात्रों और एबीवीपी कार्यकर्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
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इतिहास के पेपर में भारत का इतिहास 1885 से लेकर 1964 तक विषय से जुड़े कुछ ऐसे सवाल पूछे गए, जो कोर्स में शामिल नहीं थे। छात्रों का कहना था कि विश्वविद्यालय ने सिलेबस और कोर्स की पूरी अनदेखी की है। एबीवीपी के महानगर मंत्री पुप्पेन्द्र सिंह राठौड़ ने बताया कि परीक्षा में 1857 की क्रांति और इंडियन काउंसिल एक्ट जैसे सवाल पूछे गए थे, जो कोर्स में नहीं थे।
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जब प्रदर्शनकारियों ने परीक्षा नियंत्रक पीएस राजपूत को बुलाया और उनसे सवाल किए, तो उन्होंने इस गलती की जानकारी होने से इनकार किया और जांच करवाने की बात कही। हालांकि जब छात्रों ने और विरोध किया, तो परीक्षा नियंत्रक ने मौके पर ही अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इस घटना के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन की गंभीर लापरवाही उजागर होती है। न तो सिलेबस का ध्यान रखा गया और ना ही जिम्मेदारों के पास कोई जवाब था।
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विरोध बढ़ने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रों से दो दिन का समय मांगा है। प्रशासन का कहना है कि पूरी परीक्षा प्रक्रिया की जांच की जाएगी और रिपोर्ट आने के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा। हालांकि छात्रों ने चेतावनी दी है कि अगर दो दिन के अंदर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जाती है, तो आंदोलन को तेज किया जाएगा। इस परीक्षा में संभाग भर से छात्र शामिल हुए थे, इसलिए यह मामला अब व्यापक स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।
इस पेपर में न सिर्फ सिलेबस से बाहर के सवाल पूछे गए, बल्कि पेपर में टाइपिंग की भी बड़ी गलती की गई। सबसे चौंकाने वाली गलती यह थी कि मराठा शब्द की जगह पराठा लिखा गया। यह गलती सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद छात्रों और एबीवीपी कार्यकर्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
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आउट ऑफ सिलेबस सवाल
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एबीवीपी के राठौड़ ने यह भी बताया कि जब कार्यकर्ता इस लापरवाही के खिलाफ रजिस्ट्रार से मिलने पहुंचे, तो रजिस्ट्रार के पास कोई ठोस जवाब नहीं था। यह पहली बार नहीं था, जब विश्वविद्यालय में इस तरह की गड़बड़ी हुई हो।
परीक्षा नियंत्रक का इस्तीफा
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मोहनलाल सुखाड़िया विश्विद्यालय के BA फोर्थ सेमेस्टर में इतिहास का पेपर देखिए.
सवाल पूछा गया है - पराठा प्रशासन के बारे में लिखिए.
विषय था- 1885 से 1964 के काल के इतिहास से जुड़ा और सवाल पूछा गया 1857 की क्रांति का.
कई सवाल आउट ऑफ सिलेबस भी बताए जा रहे हैं.
विवाद बढ़ने के बाद… pic.twitter.com/VhwH9pev7j
— Gaurav Dwivedi (@gauravkrdwivedi) October 4, 2025
जांच के लिए दो दिन का समय मांगा
FAQ
- 1. बीए इतिहास पेपर में 'मराठा' की जगह 'पराठा' कैसे लिख दिया गया?
यह टाइपिंग गलती के कारण हुआ। पेपर में "मराठा" की जगह "पराठा" लिखा गया, जिससे छात्रों में गुस्सा फैल गया और उन्होंने विरोध किया। - 2. छात्रों ने किस वजह से विरोध प्रदर्शन किया?
छात्रों ने विरोध किया क्योंकि बीए इतिहास पेपर में सिलेबस से बाहर के सवाल पूछे गए थे और एक बड़ी टाइपिंग गलती भी हुई थी। - 3. परीक्षा नियंत्रक ने इस्तीफा क्यों दिया?
परीक्षा नियंत्रक पी.एस. राजपूत ने इस मामले की जानकारी होने से इनकार किया और जांच की बात कही, लेकिन विरोध तेज होने पर उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया।
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