​भिवाड़ी अग्निकांड: खाकी और बारूद के 'काले गठजोड़' पर आईजी का हंटर, थाना प्रभारी समेत 4 लाइन हाजिर

राजस्थान में भिवाड़ी अग्निकांड में डीएसटी को भंग कर दिया है। आईजी ने टपूकड़ा थानेदार समेत चार पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया है। सात मौतों का गुनहगार हेमेंद्र शर्मा हो चुका है गिरफ्तार।

author-image
Ashish Bhardwaj
New Update
polish and crimanal

Photograph: (the sootr)

News In Short

  • भिवाड़ी अग्निकांड में डीएसटी भंग, थानेदार समेत चार पुलिसकर्मी लाइनहाजिर।
  • अवैध तरीके से पटाखा बनाने वाला का कांस्टेबल भाई और थानेदार रहते थे एक ही फ्लैट में।
  • कांस्टेबल का भाई फैक्ट्री में अवैध तरीके से बनाता था पटाखा।
  • भिवाड़ी में बारूद में विस्फोट से हुआ अग्निकांड, सात की हो गई थी मौत।
  • सात मौतों का गुनहगार हेमेंद्र शर्मा हो चुका है गिरफ्तार।

News In Detail

सुनील जैन @अलवर

राजस्थान में भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र के खुशखेड़ा में हुए भीषण अग्निकांड में बड़ा एक्शन हुआ है। आईजी राघवेंद्र सुहास ने भिवाड़ी की डिस्ट्रिक्ट स्पेशल टीम (DST) को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। टीम प्रभारी और टपूकड़ा थाना प्रभारी मुकेश वर्मा सहित चार पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया है।

WhatsApp Image 2026-02-19 at 12.20.52 PM
Photograph: (the sootr)

​अपराधी और पुलिस: एक ही छत के नीचे खेल

जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे चौंकाने वाले हैं। टपूकड़ा थानाधिकारी मुकेश वर्मा और अग्निकांड के मुख्य आरोपी हेमेंद्र शर्मा का कांस्टेबल भाई योगेश शर्मा फैक्ट्री के मूल मालिक की पत्नी के फ्लैट में साथ रहते थे। यानी दोनों पड़ोसी थे। यह केवल आवासीय निकटता नहीं थी, बल्कि जांच में यह भी पता चला है कि इसी फ्लैट में फैक्ट्री के अहम दस्तावेज भी रखे जाते थे। 

बताया जाता है कि ​ये ही पटाखा बनाने के अवैध कारोबार को फलने-फूलने का मौका दे रहे थे। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू ने पुष्टि की है कि निष्पक्ष जांच के लिए पुलिसकर्मियों के खिलाफ यह कठोर कदम उठाया गया है।

​इन पर गिरी गाज

​आईजी के आदेश के बाद जिन पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है, उनमें शामिल हैं:

मुकेश वर्मा: टीम प्रभारी (उनसे टपूकड़ा थानाधिकारी का प्रभार भी छीन लिया गया है)।

​योगेश कुमार शर्मा: हेड कॉन्स्टेबल (आरोपी हेमेंद्र शर्मा का सगा भाई)।

​दिनेश कुमार: कॉन्स्टेबल।

​जगपाल: कॉन्स्टेबल।

​सात मौतों का गुनहगार हेमेंद्र शर्मा गिरफ्तार

​खुशखेड़ा की फैक्ट्री में हुए विस्फोट के बाद मुख्य संचालक हेमेंद्र शर्मा और उसके एक साथी को मंगलवार रात गिरफ्तार कर लिया गया। जांच में खुलासा हुआ कि हेमेंद्र इलाके में कई जगह फैक्ट्रियां किराए पर लेकर अवैध रूप से पटाखे बनाने का बड़ा रैकेट चला रहा था। पुलिस ने हेमेंद्र की दो अन्य फैक्ट्रियों और एक गोदाम पर भी छापेमारी कर उन्हें सीज किया है, जहां से भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद हुआ है।

​सिस्टम की लापरवाही और 'सीज' हुआ फ्लैट

​पुलिस ने उस फ्लैट को भी सील कर दिया है जहां थानाधिकारी और आरोपी का भाई रहते थे। वहां से बरामद होने वाले साक्ष्य इस बात की पुष्टि करेंगे कि पुलिस की नाक के नीचे इतना बड़ा अवैध कारोबार आखिर किसकी शह पर चल रहा था।

Notice
Photograph: (the sootr)

सहायता राशि सीधे बैंक खातों में जमा

भिवाड़ी अग्निकांड के बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देश पर खैरथल-तिजारी जिला प्रशासन ने सभी सात मृतकों के परिजनों को तीन-तीन लाख रुपए की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में जमा करा दी है। जिला कलेक्टर आर्तिका शुक्ला ने इस घटना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल सरकार को विस्तृत रिपोर्ट प्रेषित की। स्वीकृति मिलने के बाद प्रशासन ने सहायता राशि के लिए आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी कर दी। इस प्रकार कुल 21 लाख रुपए की सहायता राशि बैंक खातों में जमा कराई गई है।

ये भी पढे़:-

पूर्व IAS सुबोध अग्रवाल के खिलाफ 'लुकआउट नोटिस' जारी, गिरफ्तारी के लिए एसीबी की देशव्यापी छापेमारी

Weather Update : एमपी और राजस्थान में तेज हवाओं के साथ बारिश, सीजी में ऐसा रहेगा मौसम

गोलमा का छलका दर्द: ईश्वर ने कोख खाली रखी, पर राजस्थान के लाडलों ने कभी कमी महसूस नहीं होने दी

राजस्थान सरकारी विभाग में भर्ती, 20 फरवरी तक करें ऑनलाइन आवेदन

थाना प्रभारी विस्फोट भिवाड़ी अग्निकांड आईजी राघवेंद्र सुहास टपूकड़ा थानाधिकारी
Advertisment