बजट 2026-27: 'विकसित राजस्थान' का ब्लूप्रिंट; खेती से लेकर तकनीक तक, हर सेक्टर के लिए खुला खजाना

राजस्थान सरकार ने बजट 2026 के जरिए 'विकसित राजस्थान 1947' का ब्लूप्रिंट पेश किया है। इसमें खेती से लेकर तकनीक तक हर सेक्टर के लिए खजाना खोला गया है।

author-image
Mukesh Sharma
New Update
rajasthan 2047

Photograph: (the sootr)

News In Short

  • राजस्थान बजट में दिखा विकसित राजस्थान 2047 की तस्वीर
  • बजट में शिक्षा के लिए ₹46,000 करोड़ से अधिक का प्रावधान
  • ऊर्जा क्षेत्र के लिए ₹41,941 करोड़ की भारी-भरकम व्यवस्था 
  • पांच कृषि विश्वविद्यालयों के लिए ₹390.08 करोड़ का प्रावधान
  • ईसरदा दौसा परियोजना (शहरी) के लिए राज्य निधि से ₹156.75 करोड़

News In Detail

​जयपुर। राजस्थान सरकार ने वर्ष 2026-27 के बजट के जरिए प्रदेश के सर्वांगीण विकास की एक मजबूत आधारशिला रखी है। सरकार ने जहां एक ओर ₹46,000 करोड़ से अधिक का भारी-भरकम प्रावधान शिक्षा के लिए किया है, वहीं ₹41,941 करोड़ ऊर्जा क्षेत्र को देकर औद्योगिक और घरेलू समृद्धि का मार्ग प्रशस्त किया है। 
बजट में कृषि में नवाचार, स्वास्थ्य में 'आयुष्मान' का सुरक्षा कवच, और ग्रामीण-शहरी विकास के लिए हजारों करोड़ के निवेश के साथ सामाजिक सशक्तिकरण और इंफ्रास्ट्रक्चर के बीच एक सटीक संतुलन साधने की कोशिश की है। आइए, जानते हैं बजट में पेश अलग-अलग क्षेत्रों की वो खास बातें, जो राजस्थान की नई तस्वीर पेश करेंगी।

कृषि खाद्य प्रणालियों में रूपान्तरण

कृषि विभाग के लिए ₹4,147.51 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है :—

  • प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना एवं मौसम आधारित फसल बीमा योजना के लिए राज्य निधि से राशि ₹2,298.71 करोड़ ।
  • राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के लिए ₹252.14 करोड़ (राज्यांश ₹98.65 करोड़ सहित)।
  • राष्ट्रीय कृषि विस्तार एवं तकनीकी मिशन के लिए ₹200.00 करोड़ (राज्यांश ₹79.99 करोड़ सहित) |
  • राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के लिए ₹210.00 करोड़ (राज्यांश ₹84.00 करोड़ सहित) ।
  • प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के लिए ₹80.06 करोड़ (राज्यांश ₹32.02 करोड़ सहित)।
  • राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के लिए ₹72.23 करोड़ (राज्यांश ₹ 28.89 करोड़ सहित) ।
  • राष्ट्रीय टिकाऊ कृषि मिशन के लिए ₹61.70 करोड़ (राज्यांश ₹24.68 करोड़ सहित)।
  • परम्परागत कृषि विकास योजना के लिए ₹59.59 करोड़ (राज्यांश ₹25.14 करोड़ सहित)।
  • मिशन फॉर आत्म निर्भरता इन पल्सेस के लिए ₹274.19 करोड़ (राज्यांश ₹104.47 करोड़ सहित)

उद्यानिकी विभाग के लिए:

  • बजट में किया ₹1,596.71 करोड़ का प्रावधान। इसमें सम्मिलित है
  • सूक्ष्म सिंचाई योजना के लिए ₹600.00 करोड़ (राज्यांश ₹240.00 करोड़ सहित) ।
  • प्रधानमंत्री कुसुम योजना (घटक-ब) के लिए राज्य निधि से ₹400.13 करोड़। 
  • सूक्ष्म सिंचाई योजना हेतु राज्य निधि से ₹300.00 करोड़ का अतिरिक्त अनुदान। 
  • राष्ट्रीय बागवानी मिशन के लिए ₹149.90 करोड़ (राज्यांश ₹59.96 करोड़ सहित) ।


पांच कृषि विश्वविद्यालयों के लिए ₹390.08 करोड़ का प्रावधान

कृषि विपणन के लिए ₹750.76 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है

  • राजस्थान राज्य कृषि विपणन बोर्ड की विकास योजनाओं के लिये सहायता राज्य निधि से ₹350.00 करोड़।
  • प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना के लिये ₹45.96 करोड़ (राज्यांश ₹18.38 करोड़ सहित) ।
  • पशुपालन विभाग के लिए ₹1,308.62 करोड़ का प्रावधान 
  • पशु अस्पताल और औषधालयों के लिए राज्य निधि से ₹674.94 करोड़ ।
  • मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना के लिए राज्य निधि से ₹100.00 करोड़।
  • मुख्यमंत्री पशुधन निःशुल्क दवा योजना के लिए राज्य निधि से ₹103.48 करोड़।
  • पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय, बीकानेर के लिए ₹91.33 करोड़

महत्वपूर्ण भौतिक लक्ष्य

  • खाद्यान्न फसलों के अन्तर्गत क्षेत्रफल - 162.25 लाख हैक्टेयर
  • खाद्यान्नों का उत्पादन - 283.15 लाख मै. टन
  • तिलहन अन्तर्गत क्षेत्रफल - 67.02 लाख हैक्टेयर
  • तिलहन का उत्पादन - 111.05 लाख मै.टन
  • गन्ना अन्तर्गत क्षेत्रफल - 0.05 लाख हैक्टेयर
  • गन्ना उत्पादन - 4.05 लाख मै.टन
  • कपास अन्तर्गत क्षेत्रफल - 7.50 लाख हैक्टेयर
  • कपास उत्पादन - 28.73 लाख गांठें
  • कृत्रिम गर्भाधान - 38.66 लाख
  • बंध्याकरण - 10.08 लाख
  • मत्स्य उत्पादन - 1,17,000 मैट्रिक टन
  • प्रधानमंत्री कुसुम योजना (घटक-बी) अन्तर्गत 50,000 सोलर सिस्टम की स्थापना।
  • प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (सूक्ष्म सिंचाई) के अन्तर्गत 3 लाख हैक्टेयर क्षेत्रफल में सूक्ष्म सिंचाई संयत्रों की स्थापना करना।
  • विभिन्न फसलों (बाजरा, मूंग, ज्वार, मक्का, मोठ एवं सरसों) के लिए 07 लाख किसानों को मिनी किट का निःशुल्क वितरण ।
  • प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजनान्तर्गत 71.83 लाख किसानों को लाभाविन्त करना

स्वास्थ्य एवं कल्याण विभाग

  • चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के लिए ₹ 12, 195.81 करोड़ का प्रावधान, जिसमें सम्मिलित है:
  • मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना के लिए राज्य निधि से ₹3,000.00 करोड़।
  • राजस्थान सरकार स्वास्थ्य योजना 2021 के लिए राज्य निधि से ₹3,817.09 करोड़ ।
  • मुख्यमंत्री निःशुल्क निरोगी राजस्थान योजना के लिए राज्य निधि से ₹1,548.92 करोड़।
  • सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों के लिए राज्य निधि से ₹1,062.00 करोड़।
  • प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों के लिए राज्य निधि से ₹686.16 करोड़।
  • उप स्वास्थ्य केन्द्रों के लिए राज्य निधि से ₹271.93 करोड़।
  • नाबार्ड सहायतित प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के भवनों के निर्माण के लिए राज्य निधि से ₹250.00 करोड 


राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के लिए ₹4,853.56 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—

राष्ट्रीय आयुष मिशन के लिए ₹3,392.62 करोड़ (राज्यांश ₹1,357.05 करोड़ सहित)
प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हैल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन के लिये ₹876.20 करोड़ (राज्यांश ₹350.48 करोड़ सहित) ।


परिवार कल्याण विभाग के लिए ₹1,798.08 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:-

  • ग्रामीण उपकेन्द्र के लिए ₹1,046.36 करोड़ (राज्यांश ₹98.41 करोड़ सहित) 
    मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य टीका करण तथा परिवार कल्याण कार्यक्रम के लिये राज्य निधि से ₹335.50 करोड़।
    जिला परिवार कल्याण ब्यूरो के लिए ₹193.17 करोड़ (राज्यांश ₹135.07 करोड़ सहित)।
    शहरी परिवार कल्याण केन्द्र के लिए ₹127.60 करोड़ (राज्यांश ₹83.95 करोड़सहित)

चिकित्सा शिक्षा विभाग के लिए ₹2,995.46 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—
नए मेडिकल कॉलेज के लिए ₹1,541.23 करोड़ (राज्यांश ₹740.43 करोड़ सहित)।

  • राजस्थान मेडिकल एज्यूकेशन सोसाइटी के लिए राज्य निधि से ₹ 1,123.50 करोड़।मेडिकल कॉलेज जयपुर के लिए ₹865.42 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹842.94 करोड़ सहित ) ।
  • मेडिकल कॉलेज , जोधपुर के लिए राज्य निधि से ₹461.63 करोड़ का प्रावधान।
  • मेडिकल कॉलेज , उदयपुर के लिए ₹333.69 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹313.40 करोड़ सहित)।
  • मेडिकल कॉलेज,कोटा के लिए ₹341.50 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹325.34 करोड़ सहित) |
  • मेडिकल कॉलेज,अजमेर के लिए ₹345.02 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹290.44 करोड़ सहित )।
  • मेडिकल कॉलेज,बीकानेर के लिए ₹276.97 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹239.44 करोड़ सहित)|
  • आयुष (आयुर्वेद, यूनानी एवं होम्योपैथी) के लिए ₹787.67 करोड़ का प्रावधान (राज्यांश ₹553.67 करोड़ सहित) |
  • राजस्थान स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय,जयपुर के लिए राज्य निधि से ₹10.50 करोड़ का प्रावधान।

आयुक्तालय खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण के लिए ₹52.24 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—

शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के लिए ₹33.20 करोड का प्रावधान।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के लिए ₹1,750.24 करोड़ का प्रावधान, जिसमें सम्मिलित है:—

राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के लिए ₹586.02 करोड़ (राज्यांश ₹348.12 करोड़ सहित) का प्रावधान। 

रसोई गैस सलेण्डर सब्सिडी योजना के लिए ₹900.00 करोड़ का प्रावधान।

राजस्थान कृषक समर्थन योजना के लिए ₹245.00 करोड़ का प्रावधान।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग

रसोई गैस सिलेन्डर सब्सिडी योजनान्तर्गत 1.08 करोड़ एनएफएसए परिवारों को लाभान्वित करना।
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजनान्तर्गत 4.47 करोड़ व्यक्तियों को लाभान्वित करना ।

शिक्षा एवं ज्ञान आधारित अर्थव्यवस्था

  • शिक्षा के लिए ₹46,017.40 करोड का प्रावधान। 
  • प्रारम्भिक शिक्षा के लिये ₹21,646.29 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—
  • समग्र शिक्षा अभियान (समसा ) के लिए ₹13,767.54 करोड़ (राज्यांश ₹9,745.11 करोड़ सहित)।
  • प्राथमिक विद्यालयों के लिए पंचायतीराज विभाग के माध्यम से राज्य निधि से ₹5,653.15 शिक्षा के अधिकार अधिनियम के अन्तर्गत निजी विद्यालयों को शिक्षण शुल्क का पुनर्भरण (RTE) के लिए ₹1,250.00 करोड़ 
  • समग्र शिक्षा - स्टार परियोजना के लिए ₹91.61 करोड़ (राज्यांश ₹37.24 करोड़ सहित)।
  • पी.एम. श्री योजना के लिये ₹434.67 करोड (राज्यांश ₹173.87 करोड़ सहित)।
  • राजकीय विद्यालयों के कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों को पाठ्य पुस्तकों के निःशुल्क वितरण के लिए ₹150.00 करोड़ 
  • मिड-डे-मील के लिए ₹2,091.80 करोड़ का प्रावधान जिसमें पन्नाधाय बाल गोपाल योजना के राज्य निधि से ₹798.00 करोड़ सम्मिलित तथा पीएम पोषण योजना के लिए ₹1,293.80 करोड़ (राज्यांश ₹592.52 करोड़ सहित) 

माध्यमिक शिक्षा के लिये राशि ₹19,473.51 करोड़ प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—

  • सैकेंडरी स्कूलों के लिए राज्य निधि से ₹14,842.79 करोड़ 
  • समग्र शिक्षा अभियान (समसा ) के लिए ₹2,821.63 करोड़ (राज्यांश ₹1,588.36 करोड़ सहित)।
  • खण्ड स्तर पर उच्च गुणवत्ता के मॉडल विद्यालयों की स्थापना के लिए राज्य निधि से ₹303.64 करोड़।
  • पूर्व मैट्रिक छात्रवृत्ति अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ी जाति के लिए ₹161.13 करोड़ 
  • ग्रामीण छात्राओं को साईकिल वितरण के लिए राज्य निधि से ₹165.00 करोड़।
  • प्रतिभावान छात्राओं को प्रोत्साहन के लिए राज्य निधि से ₹150.00 करोड़।
  • पाठ्य पुस्तकों के निःशुल्क वितरण के लिए राज्य निधि से ₹90.00 करोड़ |


कॉलेज ​शिक्षा के लिए ₹1,712.74 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—

संस्कृत शिक्षा के लिए राज्य निधि से ₹318.86 करोड़ का प्रावधान, जिसमें संस्कृत विद्यालयों के लिए ₹270.15 करोड़ सम्मिलित है। तकनीकी शिक्षा विभाग के लिए ₹129.29 करोड़ का प्रावधान।

सामाजिक सशक्तिकरण एवं समावेशन—

समाज कल्याण

  • सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के लिए ₹20,497.03 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—
  • मुख्यमंत्री वृद्धावस्था सम्मान पेंशन योजना के लिए राज्य निधि से ₹10,411.00 करोड़।
  • मुख्यमंत्री विधवा सम्मान पेंशन योजना के लिए राज्य निधि से ₹4,184.00 करोड़ ।
  • पालनहार योजना के लिए राज्य निधि से ₹1,200.00 करोड़।
  • मुख्यमंत्री विशेष योग्यजन सम्मान पेंशन योजना के लिए राज्य निधि से ₹1,187.00 करोड़
  • राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (एन. एस. ए.पी.) के लिए ₹418.90 करोड़ का प्रावधान है,जिसके अन्तर्गत वृद्धावस्था पेंशन हेतु ₹256.47 करोड़, विधवा पेंशन हेतु ₹153.47 करोड़ एवं निःशक्तजन पेंशन हेतु ₹8.96 करोड़ सम्मिलित हैं।
  • देवनारायण योजना के लिए राज्य निधि से ₹442.96 करोड़।
  • लघु एवं सीमान्त वृद्धजन कृषक सम्मान पेंशन योजना के लिए राज्य निधि 390.00 करोड़।
  • अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों को उत्तर- मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए ₹503.00 करोड़ (राज्यांश ₹200.00 करोड़ सहित) ।
  • अनुसूचित जनजाति वर्ग के विद्यार्थियों को उत्तर- मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए ₹305.00 करोड़ (राज्यांश ₹76.25 करोड़ सहित) ।
  • अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को उत्तर- मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए ₹150.00 करोड़ (राज्यांश ₹60.00 करोड़ सहित) ।
  • प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के लिए ₹100.10 करोड़ ।


श्रम एवं श्रम कल्याण

श्रम विभाग के लिए ₹960.79 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है :—

राज्य निधि से ₹900.00 करोड़ भवन एवं अन्य संनिर्माण श्रमिक कल्याण मण्डल के लिये।

गिग एवं अनऑर्गेनाइज्ड श्रमिक विकास कोष के लिये राज्य निधि से ₹50.00


विशेष योग्यजन निदेशालय

विशेष योग्यजन निदेशालय के लिए ₹155.58 करोड़ का प्रावधान।

जनजाति क्षेत्रीय विकास

  • जनजाति क्षेत्रों के विकास के लिये ₹1,255.10 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—
  • जनजाति उपयोजना हेतु विशेष केन्द्रीय सहायता के ₹50.00 करोड़।
  • भारत के संविधान के अनुच्छेद 275 (1) प्रावधानों के अन्तर्गत ₹115.00 करोड़। 
  • धरती आभा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के लिए ₹80.00 करोड।

महिला एवं बाल विकास

महिला विकास कार्यक्रमों हेतु ₹1128.96 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—

कालीबाई भील महिला सम्बल योजना के लिए राज्य निधि से ₹504.25 करोड़ ।

लाडो प्रोत्साहन योजना के लिए राज्य निधि से ₹320.00 करोड़।

मुख्यमंत्री नारी शक्ति प्रशिक्षण एवं कौशल संवर्धन योजना के लिए राज्य निधि से ₹86.00 करोड़।

बाल विकास सेवाओं हेतु ₹3,767.13 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—

  • समेकित बाल विकास योजना के लिए ₹1,625.25 करोड़ (राज्यांश ₹1,233.79 करोड़ सहित) ।
  • पूरक पोषाहार के लिए ₹1,200.00 करोड़ (राज्यांश ₹601.90 करोड़ सहित)।
  • प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना के लिए ₹321.00 करोड़ (राज्यांश ₹164.40 करोड़ सहित)।
  • इन्दिरा गाँधी मातृत्त्व पोषण योजना के लिए राज्य निधि से ₹110.00 करोड़।
  • राष्ट्रीय पोषाहार मिशन के लिए ₹127.44 करोड़ (राज्यांश ₹51.31 करोड़ सहित) ।

अल्पसंख्यक विकास

अल्पसंख्यक कल्याण के लिए ₹184.10 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—

मॉडल रेजिडेन्सियल स्कूल, जयपुर के लिए राज्यनिधि से ₹62.25 करोड़।

प्रधानमंत्री जनविकास कार्यक्रम के लिए ₹55.00 करोड़ (राज्यांश ₹22.00 करोड़ सहित)।


बाल अधिकारिता निदेशालय

बाल अधिकारिता निदेशालय के लिए ₹145.73 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित हैं:—

समेकित बाल संरक्षण योजना के लिए ₹100.00 करोड़ (राज्यांश ₹44.00 करोड़ सहित)।

खेल एवं युवा कल्याण के लिए राज्य निधि से ₹226.30 करोड़ का प्रावधान जिसमें सम्मिलित है:—

 जिला खेल काम्प्लेक्स के लिए राज्य निधि से ₹120.00 करोड़।

सैनिक कल्याण

सैनिक कल्याण के लिये ₹25.84 करोड़ का प्रावधान।

समाज कल्याण

वृद्धावस्था, विधवा एवं विशेष योग्यजनों के लिये मुख्यमंत्री सम्मान पेंशन योजनान्तर्गत 90.00 लाख व्यक्तियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य, जिसमें राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम के अन्तर्गत 12.63 लाख व्यक्ति शामिल हैं:-

60.25 लाख व्यक्तियों को वृद्धावस्था पेंशन।

23.52 लाख विधवाओं को विधवा पेंशन।

6.23 लाख व्यक्तियों को विशेष योग्यजन पेंशन।

कृषक वृद्धावस्था पेंशन योजनान्तर्गत 1.97 लाख व्यक्तियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य।

अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति / अन्य पिछड़ा वर्ग के 4.50 लाख विद्यार्थियों को उत्तर-मैट्रिक छात्रवृति से लाभान्वित करने का लक्ष्य-

2.50 लाख अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को छात्रवृति 

1.50 लाख अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को छात्रवृति 

0.50 लाख अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को छात्रवृति।

विशेष योग्यजन निदेशालय

2,000 व्यक्तियों को प्रोस्थेटिक सहायता अनुदान ।

400 व्यक्तियों को मुख्यमंत्री विशेष योग्यजन स्वरोजगार योजना के अन्तर्गत अनुदान

विवाह हेतु 200 विशेष योग्यजनों को सहायता।

150 विशेष योग्यजन विद्यार्थियों को छात्रवृति।


जनजाति क्षेत्रीय विकास

  • 30,375 विद्यार्थियों को आश्रम छात्रावास, 97,470 विद्यार्थियों को माँ-बाड़ी केन्द्रों एवं 6,220
  • विद्यार्थियों को आवासीय विद्यालय / मॉडल पब्लिक विद्यालय से लाभान्वित करने का लक्ष्य।
  • 1.30 लाख सहरिया, खैरवा व कथौडी व्यक्तियों को दाल, तेल एवं देशी घी का मुफ्त वितरण 

ये भी पढे़:-

बजट का गणित: कमाई कम और कर्ज का बोझ ज्यादा, क्या उधारी के भरोसे विकसित राजस्थान का सपना होगा पूरा

राजस्थान बजट 2026 की वो बड़ी घोषणाएं, जो हो सकती है आपके लिए काम की

राजस्थान बजट 2026: कर्मचारियों की 'बल्ले-बल्ले', 8वें वेतन आयोग के लिए बनेगी हाईपावर कमेटी, सौगातों का पिटारा

राजस्थान के वित्तीय भविष्य को गढ़ने वाले वे 5 चेहरे, जिन्होंने 6 महीने तक की दिन-रात तपस्या

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना कृषि विभाग जयपुर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग राजस्थान
Advertisment