सरिस्का टाइगर रिजर्व में बिछेगा सड़कों का जाल, पर्यावरणविदों ने इसे बताया खतरनाक

Gyan Chand Patni | Jul 04, 2025, 14:41 IST
Share
sariska tiger resarve
Photograph: (the sootr)

राजस्थान की पहचान बन चुके सरिस्का टाइगर रिजर्व में बाघों की निगरानी के लिए सड़कों का जाल बिछाने की तैयारी है। वन विभाग इन सड़कों से शिकारियों पर भी नजर रखेगा। इधर संरक्षित वन्यक्षेत्र में सड़क निर्माण पर पर्यावरण विद चिंता जता रहे है,

अलवर। राजस्थान के प्रसिद्ध सरिस्का टाइगर रिजर्व में बाघों की निगरानी और शिकारियों से जुड़ी घटनाओं की रोकथाम के लिए सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है। वन विभाग का कहना है कि इस कदम से बाघों की निगरानी करना और दुर्गम क्षेत्रों में आगजनी की घटनाओं को रोकना आसान होगा। लेकिन, यह कदम पर्यावरणविदों के लिए चिंता का विषय बन गया है।

क्या है योजना?

सरिस्का में सड़कों का निर्माण मुख्य रूप से बाघों के मूवमेंट कॉरिडोर, जल स्रोतों और घासभूमियों को जोड़ने के लिए किया जा रहा है। इससे बाघ मॉनिटरिंग टीम को सुगम आवाजाही और रियल-टाइम निगरानी में मदद मिलेगी। हालांकि, पर्यावरणविदों का मानना है कि सड़क निर्माण कार्य कदम सरिस्का के लिए नुकसानदायक हो सकता है। उनका कहना है कि नए रास्तों से शिकारियों के लिए रास्ते खुल सकते हैं और टूरिज्म के कारण बाघों के लिए खतरा बढ़ सकता है।

यह खबरें भी पढ़ें...

इस वजह से MPESB ने स्थगित की आबकारी आरक्षक भर्ती परीक्षा

इंडेक्स मेडिकल कॉलेज के सुरेश भदौरिया ने देशभर के कॉलेजों को मान्यता दिलाने की दलाली की, फर्जी डिग्रियां दे रहे

गश्ती दल को हो रही परेशानी

वर्तमान में सरकार ने 45 किलोमीटर के रास्ते तैयार कर दिए हैं, जिनकी लागत लगभग 60 लाख रुपए आई है। इन रास्तों का उद्देश्य गश्ती दल को जंगल में आवाजाही को सरल बनाना है। अधिकारियों का कहना है कि इन रास्तों से बाघों की सटीक निगरानी, अवैध गतिविधियों की रोकथाम और मानवीय संघर्षों पर नियंत्रण प्राप्त करना संभव होगा।

यह खबरें भी पढ़ें...

रायपुर रेलवे स्टेशन पर ठेकेदारों की गुंडागर्दी, मुख्य वाणिज्य निरीक्षक के साथ मारपीट, जान से मारने की धमकी

राजस्थान में तेजी से फैलता एंटी-एजिंग दवाओं-सेवाओं का कारोबार

पर्यावरणविदों की चिंताएं

अलवर के पर्यावरणविद राजेश कृष्ण सिद्ध ने कहा कि जंगल में पहले ही पगडंडियां और रास्ते मौजूद हैं। नए रास्तों के निर्माण से शिकारियों की सक्रियता में वृद्धि होगी और सरिस्का की वनस्पति की तस्करी बढ़ेगी। इसके अलावा, जिप्सियों का प्रवेश भी बाघों के लिए खतरे का कारण बन सकता है।
निष्कर्ष: सरिस्का टाइगर रिजर्व में सड़कों का निर्माण विकास के रूप में किया जा सकता है, लेकिन इसके साथ आने वाले पर्यावरणीय खतरे बाघों और अन्य वन्यजीवों के लिए गंभीर चिंता का कारण बन सकते हैं।

FAQ

  1. सरिस्का में सड़कों का निर्माण क्यों किया जा रहा है?
    सरिस्का में सड़कों का निर्माण बाघों की निगरानी और दुर्गम स्थानों तक पहुंच बनाने के लिए किया जा रहा है। यह कदम आगजनी की घटनाओं को रोकने और अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण पाने के लिए जरूरी माना जा रहा है।
  2. क्या सरिस्का में नए रास्तों से बाघों की सुरक्षा को खतरा होगा?
    पर्यावरणविदों का मानना है कि नए रास्ते बाघों के लिए खतरा पैदा कर सकते हैं। इन रास्तों से शिकारियों की सक्रियता बढ़ सकती है और टूरिज्म के कारण बाघों को परेशान किया जा सकता है।


thesootr links

दसूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट केसाथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃

🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧👩

Tags:
  • राजस्थान
  • टाइगर रिजर्व
  • बाघ
  • अलवर
  • सड़क निर्माण कार्य
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा