कोविशील्ड वैक्सीन से ब्रेन स्ट्रोक और हार्टअटैक का खतरा, शरीर में जम सकता है खून का थक्का
Pratibha ranaa | Apr 30, 2024, 08:30 IST
क,
वैक्सीन बनाने वाली कंपनी एस्ट्राजेनेका ने ब्रिटेन की अदालत में पहली बार माना है कि कोविड-19 की उसकी वैक्सीन से टीटीएस जैसे दुर्लभ साइड इफेक्ट हो सकते हैं। बता दें कि इस वैक्सीन का भारत में जमकर उपयोग हुआ था...
BHOPAL. ब्रिटेन की फार्मास्युटिकल कंपनी एस्ट्राजेनेका ( AstraZeneca ) ने पहली बार कोर्ट में कबूल किया है कि उसकी कोविड-19 वैक्सीन ( Covid ) से गंभीर साइड इफेक्ट हो सकते हैं। इसी वैक्सीन को भारत में हम कोविशील्ड के नाम से जानते हैं। कोविशील्ड लगने के बाद व्यक्ति में ब्रेन स्ट्रोक, कार्डियक अरेस्ट, थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम जैसी कई दिक्कतें होने की आशंकाएं बढ़ जाती हैI ( Covid Vaccine Side Effect ) ( Health )।
कोविशील्ड लगने के बाद लोग ब्लड क्लॉटिंग, हार्ट अटैक और दूसरी गंभीर दिक्कतों का काफी सामना कर रहे हैं। लोगों ने दावे किए हैं कि कोविशील्ड लगाने के बाद से ही उनके शरीर में कई तरह के साइड इफेक्ट हुए हैं। बता दें टीटीएस यानी थ्रोम्बोसइटोपेनिया सिंड्रोम शरीर में खून के थक्के जमने की वजह बनती हैं।
ये खबर भी पढ़िए...बाबा रामदेव की इन दवाओं के लाइसेंस सस्पेंड, आप तो नहीं ले रहे ये दवाएं
एस्ट्राजेनेका के खिलाफ ब्रिटेन के जेमी स्कॉट नाम के शख्स ने केस दर्ज कराया है। बताया जाता है कि अप्रैल 2021 में एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन लेने के बाद से वह थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम की समस्या का शिकार हो गए थे। वह सही से काम नहीं कर पाए रहे है। इसके अलावा यूके हाई कोर्ट में कंपनी के खिलाफ 51 केस दर्ज हैं। पीड़ित परिवार वाले कंपनी से करीब 1000 करोड़ रुपए (100 मिलियन पाउंड) मुआवजे की मांग कर रहे हैं।
मई 2023 में एस्ट्राजेनेका ने कहा था कि वैक्सीन के कारण सामान्य तौर पर TTS होने की बात को वो नहीं स्वीकारता है। हालांकि अब कंपनी कह रही है कि कुछ दुर्लभ मामलों में ऐसा हो सकता है और उसे नहीं पता कि ऐसा क्यों हुआ। लेकिन कंपनी एस्ट्राजेनेका ने कोर्ट को बताया कि कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाने की स्थिति में भी थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम हो सकता है। वहीं पीड़ित परिवारों के वकील ने कोर्ट में दावा किया कि एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन खराब है और इसके प्रभाव को काफी बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया है। हालांकि एस्ट्राजेनेका ने इसे सिरे से खारिज कर दिया।
ये खबर भी पढ़िए...संपत्ति के लिए मुस्लिम महिला का इस्लाम से तौबा ! SC पहुंचकर बोली- मुझे भी मिले संपत्ति का अधिकार
वहीं IMAIndiaOrg के संयुक्त सचिव डॉ विकास कुमार ने बताया कि जिन लोगों ने कोविशील्ड लगाई है, उन्हें नियमित साइड इफैक्ट हो सकते हैं। साइड इफेक्ट में TTS सिंड्रोम (शरीर में खून का थक्का जमना और प्लेटलेट कम होना ), ब्रेन स्ट्रोक, कार्डियक अरेस्ट शामिल है I लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है...क्योंकि विकास कुमार ने बताया कि साइड इफेक्ट होने की संभावना वैक्सीन लगाने की कुछ दिनों के अंदर ज्यादा होती है और समय बीतने के साथ यह कम होती चली जाती हैI
टीके से जम सकता है खून का थक्का: एस्ट्राजेनेका साइड इफेक्ट
कोविशील्ड लगने के बाद लोग ब्लड क्लॉटिंग, हार्ट अटैक और दूसरी गंभीर दिक्कतों का काफी सामना कर रहे हैं। लोगों ने दावे किए हैं कि कोविशील्ड लगाने के बाद से ही उनके शरीर में कई तरह के साइड इफेक्ट हुए हैं। बता दें टीटीएस यानी थ्रोम्बोसइटोपेनिया सिंड्रोम शरीर में खून के थक्के जमने की वजह बनती हैं।
ये खबर भी पढ़िए...बाबा रामदेव की इन दवाओं के लाइसेंस सस्पेंड, आप तो नहीं ले रहे ये दवाएं
एस्ट्राजेनेका के खिलाफ पहला केस इस व्यक्ति ने दर्ज करवाया
एस्ट्राजेनेका के खिलाफ ब्रिटेन के जेमी स्कॉट नाम के शख्स ने केस दर्ज कराया है। बताया जाता है कि अप्रैल 2021 में एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन लेने के बाद से वह थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम की समस्या का शिकार हो गए थे। वह सही से काम नहीं कर पाए रहे है। इसके अलावा यूके हाई कोर्ट में कंपनी के खिलाफ 51 केस दर्ज हैं। पीड़ित परिवार वाले कंपनी से करीब 1000 करोड़ रुपए (100 मिलियन पाउंड) मुआवजे की मांग कर रहे हैं।
कंपनी ने वैक्सीन के साइड इफेक्ट्स को लेकर कही ये बात
मई 2023 में एस्ट्राजेनेका ने कहा था कि वैक्सीन के कारण सामान्य तौर पर TTS होने की बात को वो नहीं स्वीकारता है। हालांकि अब कंपनी कह रही है कि कुछ दुर्लभ मामलों में ऐसा हो सकता है और उसे नहीं पता कि ऐसा क्यों हुआ। लेकिन कंपनी एस्ट्राजेनेका ने कोर्ट को बताया कि कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाने की स्थिति में भी थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम हो सकता है। वहीं पीड़ित परिवारों के वकील ने कोर्ट में दावा किया कि एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन खराब है और इसके प्रभाव को काफी बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया है। हालांकि एस्ट्राजेनेका ने इसे सिरे से खारिज कर दिया।
ये खबर भी पढ़िए...संपत्ति के लिए मुस्लिम महिला का इस्लाम से तौबा ! SC पहुंचकर बोली- मुझे भी मिले संपत्ति का अधिकार
द सूत्र की सलाह.. घबराएं नहीं…
वहीं IMAIndiaOrg के संयुक्त सचिव डॉ विकास कुमार ने बताया कि जिन लोगों ने कोविशील्ड लगाई है, उन्हें नियमित साइड इफैक्ट हो सकते हैं। साइड इफेक्ट में TTS सिंड्रोम (शरीर में खून का थक्का जमना और प्लेटलेट कम होना ), ब्रेन स्ट्रोक, कार्डियक अरेस्ट शामिल है I लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है...क्योंकि विकास कुमार ने बताया कि साइड इफेक्ट होने की संभावना वैक्सीन लगाने की कुछ दिनों के अंदर ज्यादा होती है और समय बीतने के साथ यह कम होती चली जाती हैI
हार्ट को ऐसे रखें स्वस्थ
- फल, सब्जियां, साबुत अनाज, लीन प्रोटीन और हेल्दी फैट्स वाला खाना खाएं।
- नमक का प्रयोग कम करें
- जरूरत से ज्यादा वजन या मोटापा दिल के दौरे का जोखिम बढ़ाता है। हेल्दी वजन बनाए।
- रोजाना एक्सरसाइज करें
- स्मोकिंग से बचें
- तनाव को मैनेज करें
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari