सेक्स को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट की ये टिप्पणी दूर कर देगी आपकी गलतफहमी…

Siddhi Tamrakar | Jan 23, 2025, 10:44 IST
Share
Delhi High Court on sexual consent
Delhi High Court on sexual consent

सेक्स संबंध बनाने के मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने बड़ी टिप्पणी की है। यह उन लोगों की गलतफहमी दूर कर देगी, जो पार्टनर की सहमति को ही सबकुछ मान कर मनमानी पर उतारू हो जाते हैं…

दिल्ली हाई कोर्ट ने एक मामले की सुनवाई के दौरान महत्वपूर्ण टिप्पणी की कि किसी व्यक्ति की सेक्स के लिए सहमति का मतलब यह नहीं है कि उनकी निजी क्षणों को रिकॉर्ड किया जाए और उसे सोशल मीडिया पर पोस्ट करने की अनुमति भी मिल जाए। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने रेप के आरोपी की जमानत याचिका खारिज करते हुए कहा कि सहमति केवल शारीरिक संबंध बनाने तक सीमित है और इसका इस्तेमाल किसी के निजी क्षणों के गलत उपयोग या शोषण के लिए नहीं किया जा सकता है।

सहमति का दुरुपयोग नहीं किया जा सकता

17 जनवरी के अपने फैसले में कोर्ट ने कहा, "चाहे किसी ने सेक्स के लिए सहमति दी हो, लेकिन इस सहमति को वीडियो बनाने और उसे सोशल मीडिया पर पोस्ट करने की अनुमति के रूप में नहीं माना जा सकता।" कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि शारीरिक संबंधों के लिए सहमति देने का मतलब यह नहीं है कि किसी के निजी क्षणों का दुरुपयोग या उनका अपमानजनक तरीके से चित्रण किया जाए।

आरोपी ने महिला को करता था ब्लैकमेल

अदालत ने आगे कहा कि भले ही शुरू में शारीरिक संबंध सहमति से बने थे, लेकिन बाद में आरोपी के ओर से किए गए काम साफ तौर पर "जबरदस्ती और ब्लैकमेल" के रूप में सामने आए। कोर्ट ने यह भी कहा कि आरोपी ने महिला को अपनी इच्छाओं के मुताबिक काम कराने के लिए उसके निजी वीडियो का इस्तेमाल किया, जिससे यौन शोषण की नीयत साफ तौर पर दिखाई दे रही है।

कर्ज ना चुकाने की वजह से शोषण

यह मामला एक विवाहित महिला के द्वारा दर्ज किए गए रेप केस से जुड़ा है। महिला ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उसे एक कोर्स में दाखिला लेने के लिए पैसे दिए थे, जिन्हें वह बाद में नौकरी मिलने के बाद चुकाने का वादा कर चुकी थी। जिसके बाद आरोपी ने महिला को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया और अपनी यौन मांगों को पूरा करने के लिए उसे मजबूर किया। महिला ने बताया कि उसने आरोपी के कहे मुताबिक हर काम किया, लेकिन बाद में वह उसकी वीडियो रिकॉर्डिंग का इस्तेमाल कर शोषण करने लगा।

वीडियो कॉल के जरिए बनाई अश्लील वीडियो

महिला का आरोप है कि आरोपी ने उसे व्हाट्सएप वीडियो कॉल के दौरान नग्न होने को कहा था और उसका वीडियो बनाया था। इसके बाद आरोपी ने उस वीडियो को सार्वजनिक करने की धमकी देकर दो दिनों तक महिला के साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी ने उसका वीडियो उसके पैतृक गांव के लोगों को भेजकर उसे बदनाम किया और बाद में वही वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया।

thesootr links

द सूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें! विशेष ऑफ़र और नवीनतम समाचार प्राप्त करने वाले पहले व्यक्ति बनें

Tags:
  • नेशनल न्यूज
  • Blackmailing
  • वीडियो कॉल
  • हिंदी न्यूज
  • latest news
  • प्राइवेट वीडियो
  • दिल्ली हाई कोर्ट
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा