फोन में सिम रखना जरूरी, 1 जनवरी 2027 से बदल सकता है व्हाट्सऐप और टेलीग्राम चलाने का तरीका
Jyoti Mahender Bhardwaj | Nov 03, 2026, 15:01 IST
व्हाट्सऐप और टेलीग्राम चलाने के लिए फोन में सिम जरूरी
1 जनवरी 2027 से व्हाट्सऐप, टेलीग्राम और अन्य मैसेजिंग ऐप इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए नए नियम लागू हो सकते हैं। दूरसंचार विभाग (DoT) ने सिम-बाइंडिंग व्यवस्था के तहत मैसेजिंग ऐप को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर से जुड़े सक्रिय सिम के साथ इस्तेमाल करने की व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए हैं। इस नियम का उद्देश्य साइबर ठगी और मोबाइल नंबर के दुरुपयोग पर रोक लगाना है।
फोन से सिम निकालने पर मैसेजिंग ऐप पर पड़ सकता है असर
इस व्यवस्था के तहत जिस मोबाइल नंबर से मैसेजिंग ऐप पर अकाउंट बनाया गया है, उससे जुड़ा सिम फोन में सक्रिय रखना जरूरी हो सकता है। यदि उपयोगकर्ता सिम निकाल देता है या सिम बंद हो जाता है, तो ऐप के इस्तेमाल पर असर पड़ सकता है।
लैपटॉप और कंप्यूटर पर भी बदल सकता है ऐप इस्तेमाल करने का तरीका
शुरुआती निर्देशों में वेब वर्जन को हर छह घंटे में लॉग आउट करने और दोबारा क्यूआर कोड स्कैन करके लॉगिन करने की व्यवस्था शामिल थी। हालांकि, अप्रैल 2026 में इस व्यवस्था में बदलाव किया गया। अब वेब और डेस्कटॉप सेशन के लिए जोखिम आधारित लॉगआउट का प्रावधान बताया गया है। ऐसे में हर उपयोगकर्ता के लिए छह घंटे बाद लॉगआउट होना अनिवार्य नहीं है।
बिना सिम के ऐप चलाने वालों को हो सकती है परेशानी
एक ही अकाउंट को कई डिवाइसों पर चलाने वाले उपयोगकर्ताओं को भी अपनी व्यवस्था में बदलाव करना पड़ सकता है। हालांकि, इसका यह मतलब नहीं है कि 1 जनवरी 2027 से सभी लोगों के मैसेजिंग ऐप बंद हो जाएंगे। वास्तविक असर ऐप कंपनियों के अपडेट और सिम सत्यापन व्यवस्था पर निर्भर करेगा।
सरकार ने क्यों लागू किया सिम बाइंडिंग नियम?
सिम बाइंडिंग व्यवस्था के जरिए मैसेजिंग अकाउंट को सक्रिय मोबाइल नंबर से जोड़कर रखने में मदद मिलेगी। इससे मोबाइल नंबरों के दुरुपयोग पर रोक लगाने और साइबर अपराधियों की पहचान करने में सहायता मिल सकती है।
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