छत्तीसगढ़ में अनुकंपा नियुक्ति: परिवहन कर्मियों के आश्रितों को मिलेगी नौकरी
Aishwarya Dwivedi | Jul 16, 2026, 17:41 IST
सीजी-सरकार-अनुकंपा-नियुक्ति-नीति
छत्तीसगढ़ सरकार ने दिवंगत परिवहन कर्मियों के आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति देने के लिए आठ सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी बनाई है। यह कमेटी एक महीने में नई नीति पर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।
समझें क्या है पूरा मामला
आश्रितों को मिलेगी नौकरी
यह आदेश सामान्य प्रशासन विभाग (GAD – General Administration Department) ने जारी किया है। विभाग की नियम शाखा ने इस संबंध में निर्देश दिए हैं। सरकार ने इसके लिए आठ सदस्यीय कमेटी बनाई है। यह कमेटी एक उच्चस्तरीय समिति है। इसे बहुत ही महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।
हाईकोर्ट के आदेश पर एक्शन
नया फैसला इसी न्यायिक आदेश के अनुपालन में लिया गया है। छत्तीसगढ़ राज्य परिवहन निगम (CSRTC – Chhattisgarh State Road Transport Corporation) के कर्मचारी लंबे समय से न्याय मांग रहे थे। अब उनके परिवारों की उम्मीदें फिर से जाग गई हैं। सरकार इस मामले को लेकर काफी गंभीर दिख रही है।
जोगी सरकार में हुआ था विघटन
तब राज्य में तत्कालीन अजीत जोगी की सरकार थी। सरकार ने निगम को बंद करने का निर्णय लिया। इसके बाद नियमित कर्मचारियों का समायोजन किया गया। इन कर्मचारियों को छत्तीसगढ़ अधोसंरचना विकास निगम (CIDC – Chhattisgarh Infrastructure Development Corporation) में भेजा गया। इसके बाद से ही विवादों का सिलसिला शुरू हो गया था।
वर्षों तक कर्मचारियों की सेवा शर्तों पर विवाद रहा। पेंशन और समायोजन के मामले कोर्ट में चलते रहे। सबसे बड़ा विवाद अनुकंपा नियुक्ति को लेकर खड़ा हुआ। कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर लगातार संघर्ष करते रहे। अब जाकर उनके संघर्ष का कुछ परिणाम आता दिख रहा है।
कमेटी में कौन-कौन शामिल
इसके अलावा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग को जोड़ा गया है। स्कूल शिक्षा और वित्त विभाग के अधिकारी भी रहेंगे। विधि विभाग के अधिकारियों को भी सदस्य बनाया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग के उप सचिव इसके सदस्य सचिव होंगे। यह पूरी टीम मिलकर काम करेगी।
कमेटी को अपनी रिपोर्ट जल्दी देनी होगी। इसके लिए केवल एक महीने का समय मिला है। इस सीमित समय में उन्हें प्रतिवेदन सौंपना होगा। साथ ही आवश्यक सुझाव भी देने होंगे। इससे काम में तेजी आने की उम्मीद है।
आखिर क्या है यह पूरा विवाद
दूसरी ओर सरकार का तर्क अलग था। सरकार का कहना था कि इनकी सेवा शर्तें अलग हैं। समायोजित कर्मचारियों के लिए कोई स्पष्ट नीति नहीं थी। इसी वजह से यह पूरा मामला कोर्ट पहुंचा। हाईकोर्ट ने सरकार को स्पष्ट नीति बनाने को कहा। अब सरकार उसी दिशा में आगे बढ़ रही है।
हजारों परिवारों को मिलेगी राहत
यदि कमेटी की रिपोर्ट सकारात्मक रहती है तो राहत मिलेगी। सालों से भटक रहे लोगों को रोजगार मिल सकेगा। इसके साथ ही कोर्ट के कई विवाद भी खत्म हो जाएंगे। सरकार के इस कदम की चौतरफा सराहना हो रही है।
FAQ
- छत्तीसगढ़ सरकार ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए क्या कदम उठाया है?
उत्तर: सरकार ने परिवहन निगम के दिवंगत कर्मियों के आश्रितों के लिए नई नीति बनाने का निर्णय लिया है। इसके लिए आठ सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया गया है। - परिवहन निगम का विघटन कब और क्यों हुआ था?
उत्तर: तत्कालीन अजीत जोगी सरकार के समय लगातार बढ़ते घाटे और वित्तीय बोझ के कारण निगम को भंग कर दिया गया था। इसके बाद कर्मचारियों को दूसरे विभाग में समायोजित किया गया।
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