Monsoon Update : छत्तीसगढ़ में मौसम इस दिन से होगा सुपर कूल, इस साल सामान्य से ज्यादा होगी बारिश !
Amresh Kushwaha | Jun 02, 2024, 13:46 IST
CG Monsoon Update
छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी से लोगों के हाल बेहाल है। अब इस बीच एक राहतभरी खबर सामने आ रही है। प्रदेश में प्री मानसून की बरसात जल्द हो सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक पिछले साल के मुकाबले इस साल ज्यादा बारिश हो सकती है।
Chhattisgarh Monsoon Update : प्रदेश में नौतपा के बीच कई इलाकों में झुलसा देने वाली गर्मी पड़ी रही है। भीषण गर्मी के बीच अब एक राहतभरी खबर सामने आ रही है। छत्तीसगढ़ में प्री मानसून की बरसात जल्द हो सकती है। मानसून की पहली राहतभरी फुहारें बस्तर में पड़ने का अनुमान है। मौसम विभाग की मानें तो 13 जून को मानसून बस्तर से होते हुए छत्तीसगढ़ में एंटर कर सकता है।
ये खबर भी पढ़िए...Electricity Rate In Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में महंगी हुई बिजली, 100 यूनिट पर अब 472 रुपए आएगा बिल
मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक प्रदेश में मानसून बस्तर से 13 जून को प्रवेश करेंगा। जबकी छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 16 जून और सरगुजा संभाग में 17 जून को पहुंचने की संभावना है। इसके साथ ही 21 जून को मानसून के पूरे छत्तीसगढ़ में एक्टिव होने का अनुमान है।
जल्द बदलेगा
मौसम विभाग के मुताबिक पिछले साल के मुकाबले इस साल ज्यादा बारिश हो सकती है। देखा जा रहा है कि पिछले साल की तुलना में मानसून प्रदेश में कुछ दिन पहले ही प्रवेश कर रहा है। साल 2023 में प्रदेश में मानूसन 21 जून को पहुंचा था। फिलहाल प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ रही है। मौसम विभाग के मुताबिक 1 जून से प्रदेश के मौसम में बदलाव हो सकता है। कुछ इलाकों में अंधड़ के साथ बारिश भी हो सकती है। इतना ही नहीं मौसम विभाग ने लू को लेकर अलर्ट भी जारी किया है।
ये खबर भी पढ़िए...सिंहासन छत्तीसी : मेडम की बोल रही तूती साहब परेशान, एग्जिट पोल ने निकाली कांग्रेसी गुब्बारे की हवा
मौसम विज्ञानीक संजय बैरागी ने बताया कि समय पर मानसून के आने से छत्तीसगढ़ में इस साल सामान्य से ज्यादा बारिश की संभावना है। पिछले 5 सालों के बारिश के रिकार्ड को देखा जाए प्रदेश में हर साल बाद 1000 मिमी के आसपास और अधिक बारिश रिकार्ड हुई है।
इस साल ला-नीना की वजह से सामान्य से ज्यादा बारिश होने का अनुमान है। भारत के लिए आमतौर पर ला-नीना का असर अच्छा होता है। हालांकि, इसकी वजह से कई बार भारी बारिश होती है। राज्य में मानसून के दौरान औसत 1142.1 मिमी बारिश होती है। इस सीजन सामान्य से अधिक बारिश का अनुमान है।
ल-नीनो हो या ला-नीना, ये दोनों ही भौगोलिक घटनाएं दुनिया के सबसे बड़े प्रशांत महासागर में होती हैं। ये महासागर एशिया और अमेरिका के बीच में है। आमतौर पर प्रशांत महासागर में हवाएं साउथ अमेरिका से ऑस्ट्रेलिया की ओर बहती हैं। इन हवाओं को ट्रेड विंड कहते हैं। धरती पश्चिम से पूर्व की ओर घूमती है। ऐसे में कॉरिऑलिस प्रभाव की वजह से समुद्र में ये हवाएं उल्टे डायरेक्शन यानी पूर्व से पश्चिम की ओर बहती हैं।
ये खबर भी पढ़िए...नए नियम के चलते आम श्रद्धालुओं के लिए आसान नहीं भस्म आरती
इस नॉर्मल सिचुएशन में गर्म हवाएं ऑस्ट्रेलिया के करीब आकर प्रशांत महासागर में जमा हो जाती हैं। पानी गर्म होने की वजह से वाष्प जल्दी बनती है। इस कारण ऑस्ट्रेलिया और इसके आसपास इलाकों में तेज बारिश होती है। जबकि समुद्र के नीचे से ठंडा पानी साउथ अमेरिका के तटों पर प्रशांत महासागर के सतह पर आकर जमा होता है।
जब ला-नीना आता है उस दौरान प्रशांत महासागर के ऊपर बहने वाली ट्रेड विंड और ज्यादा मजबूत हो जाती है। इसकी वजह से और ज्यादा गर्म पानी ऑस्ट्रेलिया के करीब आकर जमा हो जाता है।इसकी वजह से ऑस्ट्रेलिया और एशिया में भारी बारिश होती है। वहीं, साउथ अमेरिका और इसके आसपास के देशों में भीषण सूखे की स्थिति बन जाती है। ये आमतौर पर 3 से 4 साल तक एक्टिव रहता है।
ये खबर भी पढ़िए...MP weather update : बारिश से नौतपा की विदाई, भोपाल- ग्वालियर समेत कई जिलों में बारिश
मौसम विभाग ने शनिवार को रायपुर, महासमुंद, दुर्ग, बालोद, बेमेतरा, कबीरधाम, खैरागढ़, बलौदाबाजार, सक्ती, मानपुर, अंबागढ़ चौकी, राजनांदगांल, बिलासपुर, मुंगेली, रायगढ़, कोरबा, जांजगीर-चांपा, मनेंद्रगढ़, चिरमिी, कोरिया, सूरजपुर, बलरामपुर जिले में हीट वेव का येलो अलर्ट जारी किया है। तो वहीं बस्तर संभाग में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, बस्तर, सुकमा और कोण्डागांव में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। 4 जून तक बस्तर में प्री मानसून का असर दिख सकता है। मौसम विभाग का कहना है कि 1 जून को अधिकतम तापमान में थोड़ी गिरावट हो सकती है। ऐसे में लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
सबसे पहले और सबसे बेहतर खबरें पाने के लिए thesootr के व्हाट्सएप चैनल को Follow करना न भूलें। join करने के लिए इसी लाइन पर क्लिक करें
द सूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें
ये खबर भी पढ़िए...Electricity Rate In Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में महंगी हुई बिजली, 100 यूनिट पर अब 472 रुपए आएगा बिल
इस दिन दस्तक देगा मानसून
मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक प्रदेश में मानसून बस्तर से 13 जून को प्रवेश करेंगा। जबकी छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 16 जून और सरगुजा संभाग में 17 जून को पहुंचने की संभावना है। इसके साथ ही 21 जून को मानसून के पूरे छत्तीसगढ़ में एक्टिव होने का अनुमान है।
जल्द बदलेगा छत्तीसगढ़ का मौसम
मौसम विभाग के मुताबिक पिछले साल के मुकाबले इस साल ज्यादा बारिश हो सकती है। देखा जा रहा है कि पिछले साल की तुलना में मानसून प्रदेश में कुछ दिन पहले ही प्रवेश कर रहा है। साल 2023 में प्रदेश में मानूसन 21 जून को पहुंचा था। फिलहाल प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ रही है। मौसम विभाग के मुताबिक 1 जून से प्रदेश के मौसम में बदलाव हो सकता है। कुछ इलाकों में अंधड़ के साथ बारिश भी हो सकती है। इतना ही नहीं मौसम विभाग ने लू को लेकर अलर्ट भी जारी किया है।
ये खबर भी पढ़िए...सिंहासन छत्तीसी : मेडम की बोल रही तूती साहब परेशान, एग्जिट पोल ने निकाली कांग्रेसी गुब्बारे की हवा
सामान्य से ज्यादा बारिश की संभावना
मौसम विज्ञानीक संजय बैरागी ने बताया कि समय पर मानसून के आने से छत्तीसगढ़ में इस साल सामान्य से ज्यादा बारिश की संभावना है। पिछले 5 सालों के बारिश के रिकार्ड को देखा जाए प्रदेश में हर साल बाद 1000 मिमी के आसपास और अधिक बारिश रिकार्ड हुई है।
इस साल ला-नीना की वजह से सामान्य से ज्यादा बारिश होने का अनुमान है। भारत के लिए आमतौर पर ला-नीना का असर अच्छा होता है। हालांकि, इसकी वजह से कई बार भारी बारिश होती है। राज्य में मानसून के दौरान औसत 1142.1 मिमी बारिश होती है। इस सीजन सामान्य से अधिक बारिश का अनुमान है।
क्या है ला-नीना ?
ल-नीनो हो या ला-नीना, ये दोनों ही भौगोलिक घटनाएं दुनिया के सबसे बड़े प्रशांत महासागर में होती हैं। ये महासागर एशिया और अमेरिका के बीच में है। आमतौर पर प्रशांत महासागर में हवाएं साउथ अमेरिका से ऑस्ट्रेलिया की ओर बहती हैं। इन हवाओं को ट्रेड विंड कहते हैं। धरती पश्चिम से पूर्व की ओर घूमती है। ऐसे में कॉरिऑलिस प्रभाव की वजह से समुद्र में ये हवाएं उल्टे डायरेक्शन यानी पूर्व से पश्चिम की ओर बहती हैं।
ये खबर भी पढ़िए...नए नियम के चलते आम श्रद्धालुओं के लिए आसान नहीं भस्म आरती
इस नॉर्मल सिचुएशन में गर्म हवाएं ऑस्ट्रेलिया के करीब आकर प्रशांत महासागर में जमा हो जाती हैं। पानी गर्म होने की वजह से वाष्प जल्दी बनती है। इस कारण ऑस्ट्रेलिया और इसके आसपास इलाकों में तेज बारिश होती है। जबकि समुद्र के नीचे से ठंडा पानी साउथ अमेरिका के तटों पर प्रशांत महासागर के सतह पर आकर जमा होता है।
जब ला-नीना आता है उस दौरान प्रशांत महासागर के ऊपर बहने वाली ट्रेड विंड और ज्यादा मजबूत हो जाती है। इसकी वजह से और ज्यादा गर्म पानी ऑस्ट्रेलिया के करीब आकर जमा हो जाता है।इसकी वजह से ऑस्ट्रेलिया और एशिया में भारी बारिश होती है। वहीं, साउथ अमेरिका और इसके आसपास के देशों में भीषण सूखे की स्थिति बन जाती है। ये आमतौर पर 3 से 4 साल तक एक्टिव रहता है।
ये खबर भी पढ़िए...MP weather update : बारिश से नौतपा की विदाई, भोपाल- ग्वालियर समेत कई जिलों में बारिश
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग ने शनिवार को रायपुर, महासमुंद, दुर्ग, बालोद, बेमेतरा, कबीरधाम, खैरागढ़, बलौदाबाजार, सक्ती, मानपुर, अंबागढ़ चौकी, राजनांदगांल, बिलासपुर, मुंगेली, रायगढ़, कोरबा, जांजगीर-चांपा, मनेंद्रगढ़, चिरमिी, कोरिया, सूरजपुर, बलरामपुर जिले में हीट वेव का येलो अलर्ट जारी किया है। तो वहीं बस्तर संभाग में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, बस्तर, सुकमा और कोण्डागांव में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। 4 जून तक बस्तर में प्री मानसून का असर दिख सकता है। मौसम विभाग का कहना है कि 1 जून को अधिकतम तापमान में थोड़ी गिरावट हो सकती है। ऐसे में लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
सबसे पहले और सबसे बेहतर खबरें पाने के लिए thesootr के व्हाट्सएप चैनल को Follow करना न भूलें। join करने के लिए इसी लाइन पर क्लिक करें
द सूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट के साथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari