बीएससी नर्सिंग की 7751 में से 3291 सीटें बिना INC मान्यता के, हजारों छात्राओं की नौकरी खतरे में
Harrison Masih | Apr 23, 2026, 16:31 IST
nursing-colleges-students-recognition-issues
छत्तीसगढ़ के निजी नर्सिंग कॉलेजों में 7751 बीएससी नर्सिंग सीटें हैं, जिनमें से आधी सीटों को इंडियन नर्सिंग काउंसिल से मान्यता प्राप्त नहीं है। इसके परिणामस्वरूप, छात्राओं को दूसरे राज्यों में नौकरी पाने में दिक्कतें आ रही हैं।
छत्तीसगढ़ के निजी नर्सिंग कॉलेजों में पढ़ाई कर रही छात्राओं को दूसरे राज्यों में नौकरी पाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसका मुख्य कारण है कि इन कॉलेजों को इंडियन नर्सिंग काउंसिल (INC) से उपयुक्तता प्रमाणपत्र (Eligibility Certificate) नहीं मिला है।
आईएनसी द्वारा यह प्रमाणपत्र न मिलने के कारण, इन कॉलेजों के छात्र-छात्राओं को पूरे देश में नर्सिंग से जुड़ी नौकरी पाने में समस्या हो रही है, जबकि राज्य सरकार और पं. दीनदयाल उपाध्याय हेल्थ साइंस एंड आयुष विश्वविद्यालय द्वारा इन कॉलेजों को मान्यता प्रदान की जा चुकी है।
प्रदेश में बीएससी नर्सिंग की कुल 7751 सीटें हैं, जिनमें से मात्र 4460 सीटों को आईएनसी से मान्यता प्राप्त है। इसके बावजूद 46 से ज्यादा निजी कॉलेजों में आईएनसी से उपयुक्तता प्रमाणपत्र प्राप्त नहीं हुआ है। इन कॉलेजों में हर साल प्रवेश होते रहते हैं, लेकिन छात्रों को प्रमाणपत्र न मिलने के कारण वे दूसरे राज्यों में नौकरी पाने से वंचित रह जाते हैं।
आईएनसी (INDIAN NURSING COUNCIL) ने इन कॉलेजों को बार-बार निर्देश दिए हैं कि वे दिल्ली से मान्यता प्राप्त करें, लेकिन पिछले दो साल में इन निर्देशों के बावजूद कॉलेजों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। इसके परिणामस्वरूप, छात्रों को भविष्य में नर्सिंग से संबंधित रोजगार के अवसरों में बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं।
छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल और पं. दीनदयाल उपाध्याय हैल्थ साइंस एंड आयुष विश्वविद्यालय इस मामले में काफ़ी हद तक मूकदर्शक बने हुए हैं। इन दोनों संस्थाओं ने पहले कई आदेश जारी किए थे, लेकिन अंततः कॉलेजों को मान्यता देने के निर्णय पर विचार करते हुए उपयुक्तता प्रमाणपत्र प्रदान किया। इसके कारण छात्रों को राहत मिलती है, लेकिन लंबी अवधि में यह प्रमाणपत्र इन कॉलेजों के लिए आवश्यक हो जाता है ताकि छात्र दूसरे राज्यों में काम कर सकें।
आईएनसी और राज्य सरकार के अधिकारियों के अनुसार, बीएससी नर्सिंग (bsc nursing) में इस साल 2329 सीटें लैप्स हो गईं, क्योंकि छात्रों की कमी के कारण ये सीटें खाली रह गईं। इसके अलावा, राज्य में लगभग 30% सीटें लैप्स हो चुकी हैं, जिनमें से कुछ जीरो परसेंटाइल से प्रवेश लेने की अनुमति नहीं दी गई थी।
आईएनसी ने पिछले दो वर्षों में छत्तीसगढ़ के निजी कॉलेजों को छह नोटिस जारी किए थे, ताकि वे उपयुक्तता प्रमाणपत्र प्राप्त करें। इन नोटिसों में से पहले नोटिस 4 अप्रैल 2024 को हैल्थ साइंस विवि द्वारा जारी किया गया था, जबकि दूसरा नोटिस 6 महीने बाद, 4 अक्टूबर 2024 को कमिश्नर मेडिकल एजुकेशन ने जारी किया था। तीसरा नोटिस 30 दिसंबर 2024 को स्टेट नर्सिंग काउंसिल द्वारा दिया गया था, और चौथा नोटिस 16 फरवरी 2026 को दिया गया। इसके अलावा, पांचवां नोटिस 5 मार्च 2026 को और छठा नोटिस 2 अप्रैल 2026 को हैल्थ साइंस विवि द्वारा जारी किया गया था।
यह समस्या सिर्फ राज्य के छात्रों के लिए नहीं, बल्कि राज्य के नर्सिंग कॉलेजों की विश्वसनीयता और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर भी सवाल खड़ा करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कॉलेजों को आईएनसी से प्रमाणपत्र प्राप्त नहीं होता है, तो न सिर्फ छत्तीसगढ़ में बल्कि दूसरे राज्यों में भी इन कॉलेजों के छात्रों को नौकरी की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
ये खबरें भी पढ़ें...
छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल में फर्जीवाड़ा: निलंबित रजिस्ट्रार पर FIR दर्ज
BSc नर्सिंग एडमिशन में हो सकता है बड़ा बदलाव; 53% सीटें खाली, अब जीरो परसेंटाइल पर एडमिशन की मांग
BSC नर्सिंग छात्राओं की नियुक्ति 2 साल से अटकी, कहीं और किया काम तो भरना होगा 2 लाख जुर्माना
बीएससी नर्सिंग प्रवेश परीक्षा इस दिन, एडमिट कार्ड वेबसाइट से करें डाउनलोड
आईएनसी द्वारा यह प्रमाणपत्र न मिलने के कारण, इन कॉलेजों के छात्र-छात्राओं को पूरे देश में नर्सिंग से जुड़ी नौकरी पाने में समस्या हो रही है, जबकि राज्य सरकार और पं. दीनदयाल उपाध्याय हेल्थ साइंस एंड आयुष विश्वविद्यालय द्वारा इन कॉलेजों को मान्यता प्रदान की जा चुकी है।
बीएससी नर्सिंग की 7751 सीटें, आधी बिना मान्यता के
आईएनसी (INDIAN NURSING COUNCIL) ने इन कॉलेजों को बार-बार निर्देश दिए हैं कि वे दिल्ली से मान्यता प्राप्त करें, लेकिन पिछले दो साल में इन निर्देशों के बावजूद कॉलेजों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। इसके परिणामस्वरूप, छात्रों को भविष्य में नर्सिंग से संबंधित रोजगार के अवसरों में बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं।
छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल का पक्ष
बीएससी नर्सिंग सीटें और लैप्स
आईएनसी की कड़ी कार्रवाई और नोटिस
आखिरकार क्या समाधान है?
ये खबरें भी पढ़ें...
छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल में फर्जीवाड़ा: निलंबित रजिस्ट्रार पर FIR दर्ज
BSc नर्सिंग एडमिशन में हो सकता है बड़ा बदलाव; 53% सीटें खाली, अब जीरो परसेंटाइल पर एडमिशन की मांग
BSC नर्सिंग छात्राओं की नियुक्ति 2 साल से अटकी, कहीं और किया काम तो भरना होगा 2 लाख जुर्माना
बीएससी नर्सिंग प्रवेश परीक्षा इस दिन, एडमिट कार्ड वेबसाइट से करें डाउनलोड
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA