रायपुर की शराब दुकानों में मची हाय-तौबा, ब्रांडेड बोतलें गायब
Umeshwari Baghel | Jun 13, 2026, 12:57 IST
रायपुर में शराब की भारी किल्लत
रायपुर में विदेशी शराब की सप्लाई बाधित हो गई है, जिससे कई चर्चित प्रीमियम ब्रांड बाजार से गायब हैं। रॉयल स्टैग, मैकडॉवेल्स और रॉयल चैलेंज जैसे ब्रांड की कमी से उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है।
NEWS IN SHORT
- रायपुर में शराब संकट विदेशी ब्रांड की कमी से उपभोक्ता परेशान
- सप्लाई बाधित प्लास्टिक पैकिंग बदलाव से बाजार में असर
- एक महीने से गायब प्रीमियम ब्रांड, दुकानों में खाली शेल्फ
- ग्राहकों की नाराजगी बढ़ी, कीमतें वही पर माल उपलब्ध नहीं
- आबकारी विभाग का दावा जल्द सामान्य होगी सप्लाई व्यवस्था
NEWS IN DETAIL
सूत्रों और दुकानों में काम करने वाले कर्मचारियों के अनुसार मांग के अनुरूप सप्लाई नहीं पहुंच रही है, जिससे स्टॉक लगातार प्रभावित हो रहा है। कई दुकानों में केवल सीमित ब्रांड ही उपलब्ध हैं, जबकि लोकप्रिय ब्रांड पूरी तरह से गायब बताए जा रहे हैं।
आपूर्ति व्यवस्था में बदलाव बना मुख्य कारण
इसके लिए संबंधित कंपनियों द्वारा नई मशीनें स्थापित की जा रही हैं, जिससे उत्पादन और पैकिंग लाइन में बदलाव चल रहा है। इसी कारण उत्पादन और वितरण की रफ्तार प्रभावित हुई है और बाजार में सप्लाई समय पर नहीं पहुंच पा रही है।
अधिकारियों का दावा है कि यह स्थिति अस्थायी है और जैसे ही नई पैकिंग प्रणाली पूरी तरह से लागू हो जाएगी, सप्लाई सामान्य हो जाएगी।
एक माह से कई ब्रांड बाजार से गायब
दुकानदारों का कहना है कि रम की मांग सामान्य दिनों की तुलना में कम होने के कारण उसकी आपूर्ति पहले ही सीमित कर दी गई थी, लेकिन वर्तमान में अन्य प्रमुख ब्रांडों की अनुपलब्धता ने स्थिति को और अधिक जटिल बना दिया है। स्टॉक में केवल वही उत्पाद उपलब्ध हैं जो पुराने भंडारण से बचा हुआ है या जिनकी मांग अपेक्षाकृत कम रहती है।
ग्राहकों की नाराजगी लगातार बढ़ी
शराब दुकानों पर आने वाले नियमित ग्राहकों को अक्सर बिना खरीदारी किए लौटना पड़ रहा है या उन्हें वैकल्पिक ब्रांड लेने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिसे वे पसंद नहीं करते।
कुछ उपभोक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया है कि सीमित स्टॉक के कारण दुकानों में कृत्रिम कमी जैसी स्थिति बन रही है, जिससे बाजार में असंतुलन पैदा हो रहा है।
आबकारी विभाग का पक्ष और आश्वासन
अधिकारियों ने यह भी भरोसा दिलाया है कि आगामी कुछ सप्ताहों में स्थिति सामान्य हो जाएगी और बाजार में सभी प्रमुख ब्रांड फिर से उपलब्ध होंगे। उनका कहना है कि नई पैकिंग तकनीक लागू होने के बाद उत्पादन क्षमता बढ़ेगी और सप्लाई में सुधार आएगा।
बाजार पर अस्थायी असर और आर्थिक संकेत
छत्तीसगढ़ में शराब बिक्री राज्य राजस्व का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, ऐसे में किसी भी तरह की सप्लाई बाधा का असर वित्तीय आंकड़ों पर दिखाई देना स्वाभाविक है।
आगे क्या स्थिति रह सकती है
तब तक उपभोक्ताओं को सीमित विकल्पों के साथ ही काम चलाना होगा। बाजार में स्थिति धीरे-धीरे स्थिर होने की उम्मीद है, लेकिन तब तक रायपुर के शराब उपभोक्ताओं को अपने पसंदीदा ब्रांडों के लिए इंतजार करना पड़ेगा।
FAQ
- रायपुर में विदेशी शराब ब्रांड क्यों गायब हैं?
आबकारी विभाग के अनुसार कंपनियां नई पैकिंग तकनीक (कांच की जगह प्लास्टिक बोतल) पर काम कर रही हैं, जिससे सप्लाई अस्थायी रूप से प्रभावित हुई है। - क्या यह स्थिति लंबे समय तक रहेगी?
अधिकारियों का दावा है कि यह समस्या अस्थायी है और अगले कुछ हफ्तों में सप्लाई सामान्य हो जाएगी। - किन ब्रांड की कमी सबसे ज्यादा देखी जा रही है?
रॉयल स्टैग, रॉयल चैलेंज, मैकडॉवेल्स नंबर-1 जैसे प्रीमियम ब्रांड और रम की उपलब्धता कई दुकानों में फिलहाल नहीं है।
यह खबरें भी पढ़े...
आबकारी विभाग में निलंबित अधिकारियों की बहाली का मामला, कैसे चली फाइल ? CG NEWS
भोपाल के युवा अंग्रेजी शराब के हुए दीवाने, देसी से मोहभंग! आबकारी विभाग का खुलासा
CG Vyapam Recruitment : छत्तीसगढ़ में ओटी टेक्नीशियन के पदों पर सीधी भर्ती
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava