सीएमएचओ की टीम निरीक्षण पर पहुंची तो गायब थे 9 डॉक्टर और 25 हेल्थ वर्कर
Sanjay Sharma | Aug 05, 2025, 23:33 IST
hospital Photograph: (The Sootr)
मध्य प्रदेश विधानसभा में राज्य के डिप्टी सीएम स्वास्थ्य सेवाएं चचाक चौबंद होने का दावा कर रहे हैं। वहीं राजधानी के अस्पतालों से डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी गायब हैं।
BHOPAL. मध्य प्रदेश विधानसभा में राज्य के डिप्टी सीएम स्वास्थ्य सेवाएं चचाक चौबंद होने का दावा कर रहे हैं। वहीं राजधानी के अस्पतालों से डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी गायब हैं। विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान सरकारी अस्पतालों से डॉक्टरों के गायब रहने का मामले ने विभाग में खलबली मचा दी है।
लचर व्यवस्था को लेकर विभागीय अधिकारियों की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। सीएमएचओ के निरीक्षण में अस्पतालों की इस स्थिति के बाद 9 डॉक्टर सहित 32 स्वास्थ्यकर्मियों को शो-कॉज नोटिस जारी किए गए हैं।
सरकारी अस्पतालों में एक ओर तो डॉक्टरों की कमी है, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं चरमराई हुई हैं। स्वास्थ्य विभाग कई प्रयोग करने के बाद भी सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी पूरी नहीं कर पा रहा है। बीते महीने ही ग्रामीण अस्पतालों में डॉक्टरों की भर्ती के लिए पोर्टल खोला गया था लेकिन अब तक इसके माध्यम से भी अस्पतालों को डॉक्टर नहीं मिल पाए हैं।
ज्यादातर अस्पतालों में अभी तक पद खाली पड़े हैं। सिविल अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ही नहीं जिला अस्पतालों में भी विशेषज्ञों की कमी है। महिला डॉक्टर न होने से प्रसव जैसे मूलभूत सुविधा के लिए अब भी महिलाओं को जिला अस्पताल रेफर किया जा रहा है।
ये खबरें भी पढ़िए :
एमपी कैबिनेट : सरकारी जमीन पर खुलेंगे BJP ऑफिस, जबलपुर में बनेगा 100 बिस्तरों का ESICअस्पताल
छत्तीसगढ़ में 10 IAS अधिकारियों का तबादला,CPR रवि मित्तल को सीएम सचिवालय में बड़ी जिम्मेदारी
स्वास्थ्य सेवाओं में कमी और अस्पतालों में अव्यवस्थाओं को लेकर मानसून सत्र के दौरान विधायकों द्वारा मध्य प्रदेश विधानसभा में प्रश्न उठाए जा चुके हैं। जिनके जवाब में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ला ने सरकार के प्रयास गिनाते हुए खूब दावे किए हैं। सरकार की ओर से किए गए इन दावों को अभी दो दिन ही बीते हैं कि सीएमएचओ डॉ.मनीष शर्मा के निरीक्षण ने हकीकत को उजागर कर दिया है।
सीएमएचओ की टीम जब निरीक्षण करने गोविंदपुरा, हथाईखेड़ा जैसे सरकारी अस्पताल पहुंची तो वहां डॉक्टर ही नहीं मिले। स्थानीय लोगों ने भी डॉक्टरों के साथ ही स्वास्थ्यकर्मियों के गायब रहने की पुष्टि की गई। वहीं लोगों ने डॉक्टरों के गायब रहने की वजह से निजी अस्पतालों में इलाज कराने की मजबूरी पर भी ध्यान आकर्षित कराया है।
ये खबरें भी पढ़िए :
'काम कराओ,वरना इतना जूता खाओगे कि बच्चे गंजे पैदा होंगे, कांग्रेस नेता ने एग्जिक्यूटिव इंजीनियर को कुछ इस अंदाज में दी धमकी
MP Weather Alert: अगस्त के दूसरे सप्ताह से एमपी में होगी जोरदार बारिश!
गोविंदपुरा और हथाईखेड़ा सिविल अस्पताल के दायरे में सघन आबादी वाले क्षेत्र आते हैं। इन दोनों अस्पतालों पर दो लाख से ज्यादा लोग इलाज के लिए निर्भर हैं और बड़ा तबका मजदूर और गरीब वर्ग से हैं।
कर्मचारियों के गायब रहने की शिकायत पर जब सीएमएचओ की टीम जांच करने गोविंदपुरा भोपाल और हथाईखेड़ा पहुंची तो वहां 23 कर्मचारी और 9 डॉक्टर भी गायब थे। अस्पताल से डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मियों के गायब रहने पर उनके विरुद्ध कार्रवाई प्रस्तावित कर कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
लचर व्यवस्था को लेकर विभागीय अधिकारियों की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। सीएमएचओ के निरीक्षण में अस्पतालों की इस स्थिति के बाद 9 डॉक्टर सहित 32 स्वास्थ्यकर्मियों को शो-कॉज नोटिस जारी किए गए हैं।
अस्पताल में नहीं डॉक्टर-कर्मचारी
ज्यादातर अस्पतालों में अभी तक पद खाली पड़े हैं। सिविल अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ही नहीं जिला अस्पतालों में भी विशेषज्ञों की कमी है। महिला डॉक्टर न होने से प्रसव जैसे मूलभूत सुविधा के लिए अब भी महिलाओं को जिला अस्पताल रेफर किया जा रहा है।
ये खबरें भी पढ़िए :
एमपी कैबिनेट : सरकारी जमीन पर खुलेंगे BJP ऑफिस, जबलपुर में बनेगा 100 बिस्तरों का ESICअस्पताल
छत्तीसगढ़ में 10 IAS अधिकारियों का तबादला,CPR रवि मित्तल को सीएम सचिवालय में बड़ी जिम्मेदारी
सदन में किए दावों की हकीकत
सीएमएचओ की टीम जब निरीक्षण करने गोविंदपुरा, हथाईखेड़ा जैसे सरकारी अस्पताल पहुंची तो वहां डॉक्टर ही नहीं मिले। स्थानीय लोगों ने भी डॉक्टरों के साथ ही स्वास्थ्यकर्मियों के गायब रहने की पुष्टि की गई। वहीं लोगों ने डॉक्टरों के गायब रहने की वजह से निजी अस्पतालों में इलाज कराने की मजबूरी पर भी ध्यान आकर्षित कराया है।
ये खबरें भी पढ़िए :
'काम कराओ,वरना इतना जूता खाओगे कि बच्चे गंजे पैदा होंगे, कांग्रेस नेता ने एग्जिक्यूटिव इंजीनियर को कुछ इस अंदाज में दी धमकी
MP Weather Alert: अगस्त के दूसरे सप्ताह से एमपी में होगी जोरदार बारिश!
गरीब तबके से दूर स्वास्थ्य सेवाएं
कर्मचारियों के गायब रहने की शिकायत पर जब सीएमएचओ की टीम जांच करने गोविंदपुरा भोपाल और हथाईखेड़ा पहुंची तो वहां 23 कर्मचारी और 9 डॉक्टर भी गायब थे। अस्पताल से डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मियों के गायब रहने पर उनके विरुद्ध कार्रवाई प्रस्तावित कर कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।
thesootr links
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman