डीजीपी की समीक्षा बैठक से सुधरेंगे मध्यप्रदेश पुलिस के हालात!
Sanjay Dhiman | Jun 27, 2025, 19:40 IST
Photograph: (the sootr)
मध्य प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) कैलाश मकवाना ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने और पुलिसिंग में सुधार के लिए प्रदेशभर में समीक्षा बैठकें आयोजित करने का अभियान शुरू किया है। यह अभियान प्रदेश के विभिन्न जोनल मुख्यालयों पर चल रहा है।
MP News: मध्यप्रदेश के डीजीपी कैलाश मकवाना प्रदेशभर में लगातार रिव्यू मीटिंग्स कर रहे हैं। यह मीटिंग्स जोनवार आयोजित की जा रही हैं। इन बैठकों का उददेश्य प्रदेश की कानून व्यवस्था को मजबूत करना है। इन बैठकों में जोन के सभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के कामों का रिव्यू किया जा रहा है। इसी कड़ी में शुक्रवार को जहां डीजीपी ने उज्जैन में बैठक लीं। वहीं रविवार को इंदौर जोन की रिव्यू मीटिंग आयोजित की जाएगी।
शुक्रवार को उज्जैन जोन के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की बैठक पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने ली। इस बैठक में डीजीपी मकवाना ने जोन के पेंडिंग केसों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों के पिछले कार्यों का मूल्यांकन भी किया। साथ ही आगे आने वाले कामों के लिए दिशा-निर्देश भी दिए। डीजीपी मकवाना ने बैठक में पुलिस अधिकारियों को प्रदेश की कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने की ताकीद भी की।
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इंदौर जोन की
उज्जैन के बाद डीजीपी मकवाना रविवार को इंदौर का रुख करेंगे। प्रदेश के सबसे बड़े शहरों में से एक इंदौर की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इंदौर जोन में भी डीजीपी मकवाना समस्त पुलिस अधिकारियों, पुलिस आयुक्त और जोनल आईजी के साथ बैठक करेंगे।
इस बैठक का प्रमुख उद्देश्य अपराधों की रोकथाम, लंबित मामलों के निपटान और पुलिस बल की कार्यकुशलता बढ़ाने पर चर्चा करना है। डीजीपी मकवाना का मानना है कि जब तक पुलिस विभाग के हर स्तर पर अधिकारी सक्रिय और संवादात्मक नहीं होते, तब तक कोई भी बड़ा बदलाव नहीं आ सकता।
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डीजीपी कैलाश मकवाना का मानना है कि अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश देने से पुलिस तंत्र की कार्यक्षमता में तेजी आई है। उनका यह मानना है कि यह सीधे संवाद ही पुलिस प्रशासन के कार्यों में वास्तविक बदलाव ला सकता है। उनकी इस पहल ने पुलिस कार्यों में गति लाई है और अधिकारियों को अपने कार्यों के प्रति अधिक जिम्मेदार बनाया है।
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पेंडिंग केसों पर तुरंत हो कार्रवाई- मकवाना
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इंदौर जोन की समीक्षा बैठक रविवार को
इस बैठक का प्रमुख उद्देश्य अपराधों की रोकथाम, लंबित मामलों के निपटान और पुलिस बल की कार्यकुशलता बढ़ाने पर चर्चा करना है। डीजीपी मकवाना का मानना है कि जब तक पुलिस विभाग के हर स्तर पर अधिकारी सक्रिय और संवादात्मक नहीं होते, तब तक कोई भी बड़ा बदलाव नहीं आ सकता।
रिव्यू मीटिंग्स से कानून व्यवस्था सुधारने का दावा
डीजीपी मकवाना द्वारा जोनवार ली जा रही समीक्षा बैठकों से प्रदेश की कानून व्यवस्था सुधरने के दावे किए जा रहे हैं। इन बैठकों में डीजीपी स्वयं मैदानी अधिकारियों से रूबरू होकर दिशा-निर्देश दे रहे हैं। डीजीपी अब तक जबलपुर, बालाघाट, भोपाल और अन्य पुलिस जोन की बैठक ले चुके है। इन बैठकोें में अपराधों की रोकथाम के उपायों के साथ ही अधिकारियों के कार्यो का लेखा-जोखा भी प्रस्तुत किया जा रहा है।
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सीधे निर्देशों का प्रभाव
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