शेयर ट्रेडिंग एप के नाम पर करोड़ों की साइबर ठगी का खुलासा, मुख्य आरोपी को ढूंढ रही पुलिस
Sandeep Kumar | Mar 28, 2025, 18:09 IST
dhar-police-mule-accounts
धार पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग एप के नाम पर म्यूल खातों के जरिए 1 करोड़ 7 लाख रुपए की साइबर ठगी का खुलासा किया। पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, और लईक नामक मुख्य आरोपी की तलाश जारी है।
राजेश शर्मा @ DHAR
धार पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग एप के नाम पर म्यूल खातों के जरिए साइबर ठगी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश किया है। आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज और फर्जी हस्ताक्षर करके विभिन्न बैंकों की शाखाओं से 1 करोड़ 7 लाख रुपए का लेन-देन किया। इस रकम का ट्रांजेक्शन म्यूल खातों के जरिए किया गया था, जो ऑनलाइन ठगी से प्राप्त पैसे को अन्य खातों में ट्रांसफर करने के लिए इस्तेमाल किए गए थे।
साइबर ठगी के इस मामले में मुख्य आरोपी लईक पुत्र रईस शेख और उनके सह-आरोपी जावेद, फैजान, आमिर और इसरार ने मिलकर म्यूल खातों का इस्तेमाल किया। इन खातों के माध्यम से साइबर ठगी से प्राप्त रुपए को ट्रांसफर किया गया और नकद निकाला गया। धार पुलिस ने इन आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
ये खबर भी पढ़िए... मध्य प्रदेश में फर्जी बैंक गारंटी पर शराब ठेके देने का खुलासा, EOW ने दर्ज की FIR
क्या है म्यूल खाता
म्यूल बैंक अकाउंट्स ऐसे अकाउंट्स होते हैं, जिनका इस्तेमाल साइबर ठग ठगी की रकम को ठिकाने लगाने के लिए करते हैं। इन खातों के जरिए ठग लोग अपनी धोखाधड़ी को छिपाने के लिए तीसरे व्यक्ति के खाते का इस्तेमाल करते हैं। इन खातों से निकाली गई राशि का एक हिस्सा खाताधारक को कमीशन के रूप में दिया जाता है, जबकि मुख्य ठग ठगी से प्राप्त पैसे को खुद से बचाए रखते हैं।
ये खबर भी पढ़िए... पीएम मोदी संसद में सुनेंगे मध्यप्रदेश की बेटियों के भाषण
ये खबर भी पढ़िए... दिग्विजय सिंह ने उठाई MP के इस रेलवे स्टेशन का नाम बदलने की मांग, रेल मंत्री को लिखा पत्र
पुलिस ने लईक और उनके सह-आरोपियों के खिलाफ ठगी, धोखाधड़ी और साइबर अपराध के आरोप में केस दर्ज किया है। मुख्य आरोपी लईक ने अपने बैंक खातों का इस्तेमाल नहीं किया, बल्कि उसने म्यूल खातों के जरिए ठगी की रकम को ट्रांसफर किया। पुलिस ने लईक के अन्य खातों की जांच शुरू कर दी है और उसकी गिरफ्तारी की कोशिशें जारी हैं।
ये खबर भी पढ़िए... इंदौर एग्रीकल्चर कॉलेज में प्रदर्शन के बीच NEYU के राधे जाट पर गंभीर धाराओं में केस दर्ज
✅ धार पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग एप के नाम पर म्यूल खातों के जरिए 1 करोड़ 7 लाख रुपए की साइबर ठगी का खुलासा किया है। इसमें पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
✅ आरोपी म्यूल खातों का उपयोग करके धोखाधड़ी से प्राप्त पैसे को दूसरे खातों में ट्रांसफर करते थे। इन खातों के माध्यम से, ठग लोग अपनी धोखाधड़ी को छिपाने के लिए अन्य व्यक्तियों के खातों का इस्तेमाल करते थे।
✅मुख्य आरोपी लईक और उसके सह-आरोपी जावेद, फैजान, आमिर, और इसरार ने मिलकर इस साइबर ठगी की योजना बनाई।
✅पुलिस जांच में 1 करोड़ 7 लाख 97 हजार 324 रुपए के ट्रांजेक्शन का पता चला, जिसमें 37 लाख रुपए से अधिक की राशि चेक और एटीएम से निकाली गई थी। लईक ने म्यूल खातों से पैसे निकाले और दूसरे खातों में ट्रांसफर किए।
✅ पुलिस ने लईक और अन्य आरोपियों के खिलाफ ठगी, धोखाधड़ी और साइबर अपराध के तहत मामला दर्ज किया है। लईक ने अपने बैंक खातों का इस्तेमाल नहीं किया।
धार पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग एप के नाम पर म्यूल खातों के जरिए साइबर ठगी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश किया है। आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज और फर्जी हस्ताक्षर करके विभिन्न बैंकों की शाखाओं से 1 करोड़ 7 लाख रुपए का लेन-देन किया। इस रकम का ट्रांजेक्शन म्यूल खातों के जरिए किया गया था, जो ऑनलाइन ठगी से प्राप्त पैसे को अन्य खातों में ट्रांसफर करने के लिए इस्तेमाल किए गए थे।
म्यूल खातों का धोखाधड़ी में उपयोग
ये खबर भी पढ़िए... मध्य प्रदेश में फर्जी बैंक गारंटी पर शराब ठेके देने का खुलासा, EOW ने दर्ज की FIR
क्या है म्यूल खाता
ये खबर भी पढ़िए... पीएम मोदी संसद में सुनेंगे मध्यप्रदेश की बेटियों के भाषण
ठगी के आरोपियों पर कार्रवाई
धार पुलिस ने 24 सितंबर 2024 को केनरा बैंक की धार शाखा से एक शिकायत प्राप्त की थी, जिसके बाद जांच शुरू की गई। इस जांच में यह सामने आया कि लईक ने अपने नौकर और सहायक जावेद के माध्यम से म्यूल खातों से साइबर ठगी की रकम को निकाला और अन्य खातों में ट्रांसफर किया। जांच में 1 करोड़ 7 लाख 97 हजार 324 रुपए के ट्रांजेक्शन का पता चला, जिसमें से 37 लाख रुपए से अधिक की राशि चेक और एटीएम से निकाली गई।
मुख्य आरोपी लईक की तलाश
ये खबर भी पढ़िए... इंदौर एग्रीकल्चर कॉलेज में प्रदर्शन के बीच NEYU के राधे जाट पर गंभीर धाराओं में केस दर्ज
5 बिंदुओं में समझिए पूरी स्टोरी
✅ आरोपी म्यूल खातों का उपयोग करके धोखाधड़ी से प्राप्त पैसे को दूसरे खातों में ट्रांसफर करते थे। इन खातों के माध्यम से, ठग लोग अपनी धोखाधड़ी को छिपाने के लिए अन्य व्यक्तियों के खातों का इस्तेमाल करते थे।
✅मुख्य आरोपी लईक और उसके सह-आरोपी जावेद, फैजान, आमिर, और इसरार ने मिलकर इस साइबर ठगी की योजना बनाई।
✅पुलिस जांच में 1 करोड़ 7 लाख 97 हजार 324 रुपए के ट्रांजेक्शन का पता चला, जिसमें 37 लाख रुपए से अधिक की राशि चेक और एटीएम से निकाली गई थी। लईक ने म्यूल खातों से पैसे निकाले और दूसरे खातों में ट्रांसफर किए।
✅ पुलिस ने लईक और अन्य आरोपियों के खिलाफ ठगी, धोखाधड़ी और साइबर अपराध के तहत मामला दर्ज किया है। लईक ने अपने बैंक खातों का इस्तेमाल नहीं किया।
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari