ग्वालियर में क्राइम ब्रांच के हाथों चढ़ा फर्जी पुलिस गैंग, फेक टीआई, दो कॉन्स्टेबल समेत चार गिरफ्तार

Amresh Kushwaha | Oct 02, 2025, 11:35 IST
Share
gwalior-crime-branch-fake-police-gang-arrest
gwalior-crime-branch-fake-police-gang-arrest

ग्वालियर में क्राइम ब्रांच ने एक फर्जी पुलिस गैंग का पर्दाफाश किया है। इसमें फर्जी टीआई, दो कॉन्स्टेबल और एक ड्राइवर शामिल थे। ये लोगों से अवैध वसूली कर रहे थे।

ग्वालियर में क्राइम ब्रांच (Crime Branch) ने एक फर्जी पुलिस गैंग का पर्दाफाश किया है। इस गैंग के सदस्य खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों से धोखाधड़ी करने में लगे थे। बुधवार, 01 अक्टूबर की रात को फर्जी टीआई, दो फर्जी कॉन्स्टेबल और एक ड्राइवर को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से फर्जी नियुक्ति पत्र (Fake Appointment Letters) और पहचान पत्र भी बरामद किए गए। इन आरोपियों का मकसद हाइवे पर RTO (Regional Transport Office) का स्क्वाड बनकर अवैध वसूली (Illegal Collection) करना था, लेकिन क्राइम ब्रांच ने समय रहते इन्हें पकड़ लिया।

वसूली के लिए बना रहे थे फर्जी दस्तावेज

यह मामला तब सामने आया, जब वैभव पाल (Vaibhav Pal) नामक एक ऑनलाइन शॉप संचालक ने इसकी सूचना दी। उन्होंने बताया कि एक युवक, शिवम चतुर्वेदी (Shivam Chaturvedi), जो खुद को एसपी ऑफिस में पदस्थ टीआई (TI) बताता था, उनके चाचा मुकेश पाल की ऑनलाइन दुकान से संपर्क कर अवैध तरीके से नियुक्ति पत्र (Appointment Letters) बनवाने की मांग कर रहा था। वैभव ने इसकी सूचना पुलिस को दी। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने तुरंत कार्रवाई की।
ये खबर भी पढ़िए...10 जिलों के कलेक्टर बदलने की तैयारी में मोहन सरकार, ग्वालियर-भोपाल पर भी नजर!

गिरफ्तारी के बाद खुलासा

बुधवार को जब शिवम और उसके साथी एक और नियुक्ति पत्र बनवाने पहुंचे, तो ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में शिवम चतुर्वेदी (Shivam Chaturvedi), पवन यादव (Pawan Yadav), नीरज यादव (Neeraj Yadav) और रविंद्र यादव (Ravindra Yadav) शामिल थे। ये सभी सागर (Sagar) के रहने वाले हैं और करीब दो माह पहले ग्वालियर आए थे। वे बेरोजगार युवकों को पुलिस में नौकरी दिलवाने का झांसा देते थे और इसके बदले पैसे वसूलते थे।

be indian-buy indian
be indian-buy indian


ये खबर भी पढ़िए...MP News: ग्वालियर में जाम में फंसे जीतू पटवारी, PCC चीफ की छूटी वंदे भारत, कार से जाना पड़ा भोपाल

ग्वालियर फर्जी पुलिस गैंग वाली खबर को एक नजर में समझें...

  • ग्वालियर में क्राइम ब्रांच ने एक फर्जी पुलिस गैंग का भंडाफोड़ किया, जिसमें आरोपियों ने खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों से धोखाधड़ी की थी।
  • 01 अक्टूबर की रात को क्राइम ब्रांच ने फर्जी टीआई, दो फर्जी कॉन्स्टेबल और एक ड्राइवर को गिरफ्तार किया। उनके पास से फर्जी नियुक्ति पत्र और पहचान पत्र भी बरामद किए गए।
  • आरोपी हाइवे पर RTO का स्क्वाड बनकर अवैध वसूली करने की योजना बना रहे थे, लेकिन समय रहते पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया।
  • आरोपियों ने बेरोजगार युवकों को पुलिस में नौकरी दिलवाने का झांसा देकर करीब 25 लाख रुपये की वसूली की थी।
  • ग्वालियर में इससे पहले भी कई बार फर्जी पुलिस और धोखाधड़ी के मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें आरोपी पुलिस की वर्दी पहनकर ठगी करते थे।
ये खबर भी पढ़िए...ग्वालियर न्यूज: इंदौर में झांझरिया ज्वेलर्स से अनूठी ठगी, दस लाख की ज्वेलरी लेकर भागे, शताब्दी ट्रेन में ग्वालियर में पकड़ा

पुलिस में नौकरी दिलवाने का झांसा

आरोपियों ने अब तक 20 से ज्यादा लोगों से पैसे लेकर लगभग 25 लाख रुपए की वसूली की थी। इन पैसों से उन्होंने फर्जी पुलिस वर्दी (Fake Police Uniform), जूते, स्टार और गाड़ी खरीदी थी। शिवम चतुर्वेदी इस गैंग का सरगना (Gang Leader) था और उसने अपनी पत्नी के साथ मिलकर इस साजिश को रचा था। इस गैंग ने एक स्कॉर्पियो गाड़ी भी खरीदी थी। इसमें लाल बत्ती और सायरन भी लगवाए थे।

रातों-रात वसूली करने की योजना

पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस से पूछताछ में बताया कि वे बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात को ही हाइवे पर RTO दल बनाकर अवैध वसूली करने वाले थे, लेकिन उससे पहले ही क्राइम ब्रांच ने उन्हें दबोच लिया। यह वसूली योजना उन लोगों से पैसे ऐंठने की थी, जो अपनी गाड़ियों के कागजात चेक करवाने आते थे।

ये खबर भी पढ़िए...मध्यप्रदेश Digital Arrest : फर्जी पुलिस और सीबीआई अधिकारियों ने भाजपा नेता के बेटे को दिया धोखा, 45 लाख ठगे

आरोपियों से जारी है पूछताछ

ग्वालियर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे पहले भी इस प्रकार की धोखाधड़ी (Fraud) में शामिल रहे हैं या नहीं। ग्वालियर के एसएसपी धर्मवीर सिंह (SSP Dharmvir Singh) ने कहा कि इस मामले की पूरी गंभीरता से जांच की जा रही है।

ग्वालियर से पहले भी आ चुके हैं इस तरह के मामले

ग्वालियर में फर्जी पुलिस और धोखाधड़ी के मामलों की यह एक लंबी श्रृंखला है, जो पहले भी कई बार सामने आ चुकी है।

  • मई 2025 में, राहुल नामक युवक को BSF की फर्जी वर्दी पहनकर घुमते हुए पकड़ा गया था।
  • जनवरी 2025 में, ग्वालियर व्यापार मेले में दो युवकों को फर्जी स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की वर्दी पहने हुए पकड़ा गया था।
  • जुलाई 2025 में, ग्वालियर पुलिस ने मनोज नामक व्यक्ति को फर्जी CBI अधिकारी बनकर ठगी करने के आरोप में गिरफ्तार किया था।
  • दिसंबर 2017 में, ग्वालियर में चार व्यक्तियों को पुलिस की वर्दी पहनकर नकली पुलिस स्टेशन चलाते हुए पकड़ा गया था।
  • 2016 में, अंतरी थाने के फर्जी टीआई बनकर घूम रहे युवक को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
Tags:
  • MP News
  • मध्यप्रदेश
  • ग्वालियर न्यूज
  • ग्वालियर पुलिस
  • RTO
  • फर्जी पुलिस गैंग
  • ग्वालियर फर्जी पुलिस गैंग
  • ग्वालियर क्राइम ब्रांच
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा