नीट यूजी 2026: ग्वालियर हाईकोर्ट का एनटीए को सख्त निर्देश, मूल ओएमआर शीट तलब

Ratan Kumar Mishra | Aug 13, 2026, 20:20 IST
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ग्वालियर हाईकोर्ट ने नीट यूजी 2026 के दो मामलों में एनटीए को मूल ओएमआर शीट सीलबंद लिफाफे में पेश करने का आदेश दिया है। छात्रा अन्वी राजोरिया और निष्कर्ष सोनी ने स्कैन और मूल शीट के मिलान की मांग की थी। अगली सुनवाई 18 अगस्त 2026 को होगी।

ग्वालियर हाईकोर्ट ने नीट यूजी 2026 मामले में बड़ा आदेश दिया है। कोर्ट ने एनटीए को मूल ओएमआर शीट पेश करने कहा है। छात्रा अन्वी राजोरिया ने स्कैन और मूल शीट के मिलान की मांग की थी। कोर्ट ने शीट सीलबंद लिफाफे में पेश करने का निर्देश दिया है। अब मामले की अगली सुनवाई 18 अगस्त 2026 को होगी।

ग्वालियर हाईकोर्ट की पीठ में यह मामला पहुंचा है। यह विवाद नीट यूजी 2026 की ओएमआर (OMR – Optical Mark Recognition) शीट से जुड़ा है। छात्रा अन्वी राजोरिया ने अदालत में याचिका दायर की है।

याचिका में ओएमआर शीट की जांच की मांग की गई है। हाईकोर्ट ने अब एनटीए (NTA – National Testing Agency) को बड़ा निर्देश दिया है। अदालत ने मूल फिजिकल ओएमआर शीट पेश करने को कहा है। यह शीट सीलबंद लिफाफे में अदालत के सामने रखनी होगी।



छात्रा की मांग क्या है

अन्वी राजोरिया नीट यूजी 2026 (NEET UG 2026 – National Eligibility cum Entrance Test) परीक्षा में शामिल हुई थीं। उनकी याचिका में ओएमआर शीट को लेकर सवाल उठाए गए हैं।

छात्रा ने स्कैन कॉपी और मूल शीट मिलाने की मांग की है। उनका कहना है कि दोनों कॉपियों की जांच जरूरी है। याचिका में अंकों में सुधार की मांग भी शामिल है।

छात्रा ने काउंसलिंग में शामिल करने की मांग भी की है। हालांकि इसका फैसला आगे की जांच पर निर्भर करेगा। अभी अदालत ने इस पर कोई राहत नहीं दी है।

मिलान क्यों जरूरी है

मामले का मुख्य सवाल दोनों शीट के मिलान से जुड़ा है। छात्रा के वकील ने यह बात अदालत में साफ रखी। उनके अनुसार विवाद केवल ओएमआर शीट की समानता पर टिका है।

अगर दोनों शीट समान मिलती हैं, तो याचिका आगे नहीं बढ़ेगी। इस बात से मामले की जांच का दायरा भी साफ हो गया है। अब अदालत खुद मूल शीट का निरीक्षण कर सकेगी।

इसके बाद स्कैन कॉपी से उसका मिलान किया जाएगा। मिलान के बाद ही मामले की अगली दिशा तय होगी।



दूसरी याचिका भी अदालत में

इसी तरह की मांग एक और याचिका में भी है। यह याचिका निष्कर्ष सोनी ने दाखिल की है। इस मामले में भी ओएमआर शीट मिलाने की मांग है।

दोनों मामलों में ओएमआर रिकॉर्ड अहम माना जा रहा है। अदालत के सामने मूल रिकॉर्ड आने से तस्वीर साफ होगी।

एनटीए ने मांगा समय

सुनवाई के दौरान एनटीए की ओर से पक्ष रखा गया। केंद्र सरकार की ओर से भी अदालत में पक्ष रखा गया। डिप्टी सॉलिसिटर जनरल प्रवीण कुमार न्यूआस्कर ने समय मांगा।

उन्होंने मूल उत्तर पुस्तिका लाने के लिए तीन दिन मांगे। अदालत ने यह समय देने की बात स्वीकार कर ली। अब एनटीए को तय समय में शीट पेश करनी होगी।

18 अगस्त को सुनवाई

मामले की अगली सुनवाई 18 अगस्त 2026 को होगी। सुनवाई सुबह 10:30 बजे तय की गई है। पीठ ने एनटीए को आगे समय देने से इनकार किया है।

इसका मतलब अब रिकॉर्ड पेश करना जरूरी होगा। मूल ओएमआर शीट आने के बाद मामला आगे बढ़ेगा। अदालत उसी रिकॉर्ड के आधार पर सुनवाई करेगी।

जस्टिस अहलूवालिया की पीठ

इस मामले की सुनवाई खंडपीठ ने की है। पीठ में जस्टिस जीएस अहलूवालिया शामिल हैं। जस्टिस अनुराधा शुक्ला भी इस पीठ का हिस्सा हैं।

पीठ ने मूल ओएमआर शीट पेश करने का निर्देश दिया। अदालत ने समय सीमा को लेकर भी साफ रुख रखा है।

आगे क्या होगा

अब सबकी नजर 18 अगस्त की सुनवाई पर रहेगी। उस दिन मूल ओएमआर शीट अदालत में पेश होगी। इसके बाद दोनों रिकॉर्ड का मिलान होगा।

अगर दोनों रिकॉर्ड समान मिलते हैं, तो मामला बदल सकता है। वहीं अंतर मिलने पर मामला आगे बढ़ सकता है। अभी अदालत ने अंकों में बदलाव का आदेश नहीं दिया है।

काउंसलिंग को लेकर भी अंतिम राहत नहीं मिली है। पहले मूल ओएमआर शीट की जांच जरूरी होगी। 18 अगस्त की सुनवाई मामले के लिए अहम रहेगी।

क्या होती है ओएमआर (OMR) शीट

नीट परीक्षा में उपयोग होने वालीओएमआर (OMR) शीट यानी ऑप्टिकल मार्क रिकग्निशन शीट एक खास कागज होता है। इस पर परीक्षार्थी काले या नीले बॉलपॉइंट पेन से सही विकल्पों के गोलों को भरकर अपने उत्तर दर्ज करते हैं। कंप्यूटर मशीन इसे स्कैन करके बिना किसी गलती के तुरंत जाँचती है।

ओएमआर शीट की मुख्य बातें

  • दो हिस्से: इसमें ऊपर व्यक्तिगत जानकारी (रोल नंबर, नाम, कोड) और नीचे उत्तरों के गोले होते हैं।
  • दो बार गोले भरना: नीट में दो बार ओएमआर भरनी पड़ सकती है ताकि अंतिम परिणाम सही आएं।
  • मशीन से जांच: कंप्यूटर स्कैनर सिर्फ सही भरे गए गहरे गोलों को पढ़ता है।
  • कड़े नियम: अगर आप एक प्रश्न के दो गोले भरेंगे, तो नंबर कट जाएगा।

    भरने का सही तरीका

    • सिर्फ नीले या काले पेन का उपयोग करें।
    • गोले को पूरा और गहरा भरें।
    • आधा-अधूरा या टिक (✔) न लगाएं।
    • शीट को मोड़ें या गंदा न करें।
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