/sootr/media/media_files/2026/01/10/contaminated-water-took-another-life-in-bhagirathpura-2026-01-10-23-14-12.jpg)
Photograph: (the sootr)
INDORE. इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में नलों में बहते मौत के पानी ने 50 वर्षीय सुनीता वर्मा की भी जान ले ली। कई दिनों से एमवाय अस्पताल में सुनीता का इलाज चल रहा था। वहीं 4 मरीज वेंटिलेटर पर होकर जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं।
5 पाइंट में पूरी खबर
- भागीरथपुरा में दूषित पानी से 50 वर्षीय महिला की मौत, अब तक 21 लोग मर चुके हैं।
- चार मरीज वेंटिलेटर पर हैं, एक महिला कोमा में, इलाज चल रहा है।
- सुनीता वर्मा की मौत 6 जनवरी को हुई, उल्टी-दस्त के बाद एमवाय अस्पताल रेफर किया गया था।
- प्रशासन ने भागीरथपुरा में बोरिंग पानी पर रोक लगाई, केवल शुद्ध पानी की सप्लाई होगी।
- पार्वती बाई की हालत गंभीर, ट्रेकियोस्टामी के जरिए सांसों की मदद की जा रही है।
यह खबरें भी पढ़ें...
इंदौर में यूथ कांग्रेस अध्यक्ष उदय चिब के बयान पर बवाल: जिन्ना को 'जी' कहने पर छिड़ी सियासी जंग
गंभीर हालत में किया था भर्ती
फर्शी वाली गली भागीरथपुरा निवासी सुनीता की मौत के साथ ही इस जल त्रासदी में जान गंवाने वालों की संख्या 21 तक पहुंच चुकी है। परिजनों का कहना है कि छह जनवरी को उन्हें अचानक उल्टी-दस्त शुरू हुए। पहले स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत में एमवाय अस्पताल रेफर किया गया।
अब जाकर लगी रोक
घटना के बाद अब इंदौैर प्रशासन ने भागीरथपुरा क्षेत्र में बोरिंग का पानी पीने पर प्रतिबंध लगा दिया है। अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई और अनुपम राजन ने निर्देश दिए हैं कि किसी भी बोरिंग का पानी पेयजल के रूप में उपयोग न किया जाए और केवल परीक्षण किया हुआ शुद्ध जल ही सप्लाई किया जाए।
यह खबरें भी पढ़ें...
मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का इंदौर के नाम पत्र, उधर पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह आखिर आ रहे इंदौर
इंदौर भागीरथपुरा पर दो ACS आए, लेकिन मौतों के आंकड़े सब एक-दूसरे पर डाल रहे
वेंटिलेटर पर चार जिंदगी, एक महिला कोमा में
दूषित पानी के चार मरीज अभी वेंटीलेटर पर जिंदगी और मौत के बीच लड़ाई लड़ रहे हैं। वहीं एक महिला कोमा में पहुंच गई है। परिवार वालों को डाक्टरों द्वारा यहीं कहा जा रहा है कि इंतजार कीजिए। एक सप्ताह से पार्वती बाई वेंटीलेटर पर है, अब वह कोमा में चली गई है। बताया जा रहा है कि ट्रेकियोस्टामी कर वेंटिलेटर पर रखा गया है। इसके अलावा मल्टी आर्गन डिसफंक्शन और पालिन्यूरोपैथी से भी महिला पीड़ित है।
भागीरथपुरा कांड
/sootr/media/agency_attachments/dJb27ZM6lvzNPboAXq48.png)
Follow Us