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News in Short
- इंदौर में सीआरपी लाइन के पास अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई।
- वक्फ बोर्ड ने जमीन पर दावा किया, प्रशासन ने कब्जा हटाया।
- 27 फरवरी को हाईकोर्ट ने रिट पिटीशन खारिज की।
- प्रशासन ने कार्रवाई के बाद एक सप्ताह का समय दिया।
- वक्फ बोर्ड ने प्रशासन के खिलाफ अपील की है, केस जारी है।
News in Detail
INDORE. इंदौर में जिला प्रशासन, नगर निगम की टीम ने शनिवार सुबह साढ़े सात बजे सीआरपी लाइन के पास अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की। प्रशासन ने इसे सुपर स्पेशलिएटी अस्पताल के पास अवैध कब्जा बताया। यहां पर एमवाय प्रबंधन नया भवन बनाने जा रहा है। लेकिन वक्फ बोर्ड का दावा है कि यह जमीन शासकीय नहीं होकर उनकी है। इसे लेकर रिट अपील लगी और स्टे हुआ।
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रिट पिटीशन खारिज होते ही कार्रवाई
सीआरपी लाइन के प्लॉट नंबर 6,11 व 12 की 40 हजार वर्गफीट जमीन है। इसमें तहसीलदार जूनी इंदौर द्वारा 10 फरवरी को आदेश दिया। यहां प्लॉट नंबर 12 पर वक्फ बोर्ड का दावा है। यहां मुसाफिर खाना और मस्जिद बनी हुई है। मस्जिद सदर अंजुमन इस्लाउलमुसलीमीन सीईओ शबीर हाशमी ने इसके खिलाफ हाईकोर्ट में पहले रिट पिटीशन दायर की, जो 27 फरवरी को खारिज हो गई। लेकिन इसमें याचिकाकर्ता को राहत दी कि वह इसमें सक्षम अथाॅरिटी के पास अपील कर सकता है।
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लेकिन आदेश आने के अगले दिन कार्रवाई
वक्फ बोर्ड इंदौर के अध्यक्ष रेहान शेख ने कहा कि हाईकोर्ट का शुक्रवार को आदेश आते ही प्रशासन और निगम ने दल बनाकर शनिवार सुबह अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर दी। इस पर रिट अपील दायर की थी। केस में वरिष्ठ अधिवक्ता अजय बागडिया ने पक्ष रखते हुए कहा कि अपील करने का भी समय नहीं दिया गया है। सीधे कार्रवाई कर दी गई है। जबकि रिट पिटीशन में साफ निर्देश था।
इस पर शासन की ओर से बताया गया कि याचिकाकर्ता की मांग पर एक सप्ताह का समय दे दिया और कार्रवाई रोक दी है। हालांकि इसमें हाईकोर्ट जस्टिस विवेक रूसिया और जस्टिस द्वारिकाधीश बंसल ने आदेश दिया कि होली, ईद को देखते हुए एक महीने का समय देते हैं। याचिकाकर्ता इसमें सक्षम अथाॅरिटी के पास अपील कर सकता है।
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यह है पूरा विवाद
प्लॉट नंबर 12 जो 30 हजार 400 वर्गफीट का है, इसे वक्फ बोर्ड अपनी संपत्ति बताता है। इनका दावा है कि यहां पर मुसाफिर खाना और मस्जिद बनी है और इसके लिए निगम से मंजूरी हुई है। वहीं प्रशासन का कहना है कि यह नजूल की संपत्ति है और यह कब्जाधारी है। कुल जमीन प्लॉट नंबर 6, 11 व 12 की 40 हजार वर्गफीट जमीन पर कब्जा है और इसे हटाने के आदेश हो चुके हैं।
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