जमीन के बदले मुआवजा नहीं, अब जमीन ही मिलेगी! गुजरात मॉडल को अपना रही एमपी सरकार
Raj Singh | Mar 18, 2025, 09:25 IST
LAND PULLING
मध्यप्रदेश में अब सरकारी प्रोजेक्ट को लागू करने में होने वाली लेटलतीफी खत्म होगी। लैंड पूलिंग स्कीम के जरिए जमीन के मालिकों को 50% विकसित जमीन मिलेगी।
मध्यप्रदेश में सरकारी प्रोजेक्ट्स की लेटलतीफी को खत्म करने के लिए सरकार ने एक अहम कदम उठाया है। अब जमीन अधिग्रहण के बजाय लैंड पूलिंग (Land Pooling) का विकल्प अपनाया जाएगा, जिससे न सिर्फ प्रोजेक्ट्स की गति बढ़ेगी, बल्कि जमीन मालिकों को भी बेहतर मुआवजा मिलेगा। बीते दिन ( 17 मार्च, 2025 ) ही सरकार ने नगर और ग्राम निवेश अधिनियम (T&CP) कानून में संशोधन का बिल विधानसभा में पेश किया, जिसका उद्देश्य भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को अधिक सुगम और पारदर्शी बनाना है।
ये भी खबर पढ़ें... व्यापमं घोटाला : मध्य प्रदेश सरकार और सीबीआई को सुप्रीम कोर्ट ने भेजा नोटिस
नए बिल के तहत, सरकार ने विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण (SADA) जैसे संस्थाओं को समाप्त कर दिया है, जिससे अन्य सरकारी एजेंसियों को भी विकास परियोजनाओं का हिस्सा बनने का अवसर मिलेगा। अब यह काम हाउसिंग बोर्ड, विकास प्राधिकरण और पीडब्ल्यूडी जैसी एजेंसियां कर सकेंगी। इसके अलावा, सरकार ने गुजरात के फॉर्मूले को अपनाया है, जहां जमीन के बदले डेवलप की हुई जमीन मिलती है।
ये भी खबर पढ़ें... मध्य प्रदेश सरकार फिर लेगी 6 हजार करोड़ का कर्ज, 15 दिन में तीसरी बार उठाया लोन
इस नई व्यवस्था के तहत 500 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं के लिए सरकारी एजेंसियां विशेष क्षेत्र में काम कर सकेंगी। यह कदम मध्यप्रदेश के बड़े शहरों जैसे भोपाल और इंदौर में विकास कार्यों को तेज करने में मदद करेगा।
नई व्यवस्था के तहत, सरकारी परियोजनाओं को टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग से अधिकतम 17 महीने में मंजूरी मिलेगी। यह समयसीमा प्रोजेक्ट्स की तेजी से मंजूरी देने के लिए बनाई गई है, ताकि विकास कार्य समय पर पूरे हो सकें।
लैंड पूलिंग क्या है?
लैंड पूलिंग स्कीम में, सरकार जमीन का अधिग्रहण नहीं करती। इसके बदले, जमीन मालिकों को प्रोजेक्ट की 50% विकसित जमीन वापस दी जाती है। यह भूमि प्रोजेक्ट के पास स्थित होगी, जिससे जमीन की कीमत में इजाफा होगा। इस सिस्टम में कोई नकद मुआवजा नहीं दिया जाता है, लेकिन जमीन की कीमत बढ़ने के कारण मालिकों को अच्छा लाभ होता है। अब इसी स्कीम को लेकर आज ( 18 मार्च, 2025 ) विधानसभा में नया कानून पारित होगा।
क्या बदलाव किए गए हैं?
प्रमुख फायदे
भूमि मालिकों के लिए बेहतर मुआवजा: अब जमीन के मालिकों को विकसित जमीन मिलेगी, जिससे उनकी संपत्ति की कीमत बढ़ेगी। प्रोजेक्ट की गति में वृद्धि: लैंड पूलिंग के जरिए सरकारी परियोजनाओं को तेजी से लागू किया जा सकेगा। कम सरकारी औपचारिकताएं: लैंड पूलिंग स्कीम में कई सरकारी औपचारिकताएं खत्म होंगी, जिससे प्रक्रिया सरल और तेज होगी।
500 करोड़ से अधिक की परियोजनाएं
17 महीने में मिलेगी मंजूरी
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari