एमपी बोर्ड का बड़ा फैसला, अब बेसिक गणित वाले भी ले सकेंगे 11वीं में मैथ्स

Anjali Dwivedi | May 05, 2026, 12:39 IST
Share
mp board class 11 subject selection new rules
mp board class 11 subject selection new rules

एमपी बोर्ड ने नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब 10वीं पास छात्र 11वीं में अपनी पसंद का कोई भी विषय ले सकेंगे। बेसिक गणित वाले छात्रों के लिए भी अब 11वीं में मैथ्स पढ़ने का रास्ता साफ हो गया है।

News In Short

  • अब 11वीं में छात्र अपनी पसंद का कोई भी विषय चुन सकेंगे।
  • बेसिक गणित वाले छात्र भी अब 11वीं में मैथ पढ़ पाएंगे।
  • स्टैंडर्ड मैथ्स की अनिवार्यता वाला पिछला आदेश अब खत्म हुआ।
  • इस साल परीक्षा देने वाले 9 लाख छात्रों को सीधा लाभ मिलेगा।
  • ये नियम इसी शैक्षणिक सत्र से सभी स्कूलों में प्रभावी होंगे।

News In Detail

भोपाल. माध्यमिक शिक्षा मंडल भोपाल ने छात्रों को बड़ी खुशखबरी दी है। अब दसवीं पास छात्र 11वीं में अपनी पसंद का कोई भी विषय ले सकेंगे। बोर्ड ने विषय चुनने से जुड़ी पुरानी पाबंदियां अब पूरी तरह खत्म कर दी हैं। प्रदेश में इस साल करीब नौ लाख छात्रों ने दसवीं की परीक्षा दी है। ये सभी छात्र अब नए नियमों का पूरा लाभ उठा सकेंगे।

खत्म हुई विषय चुनने की पुरानी पाबंदी

नए नियमों के अनुसार बेसिक गणित वाले छात्र भी मैथ ले पाएंगे। पहले 11वीं में गणित पढ़ने के लिए स्टैंडर्ड मैथ्स लेना जरूरी था। अब छात्र अपनी रुचि के हिसाब से विषय का चुनाव कर सकते हैं।

छात्र अब मैथ्स, कॉमर्स या आर्ट्स में से कुछ भी चुनेंगे। मंडल की करिकुलम समिति ने अब इस पुरानी रोक को हटा दिया है। यह फैसला इसी शैक्षणिक सत्र से सभी स्कूलों में लागू होगा। बोर्ड ने इस संबंध में सभी जरूरी दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं।

क्यों बदले गए पुराने नियम?

पिछले साल तक बेसिक गणित वालों को मैथ की पात्रता नहीं थी। पुराने नियमों के कारण छात्रों को विषय चयन में दिक्कत होती थी। नवंबर 2024 में स्कूलों को विषय संबंधी कड़े निर्देश दिए गए थे।

उन पुराने आदेशों को अब विभाग ने पूरी तरह निरस्त कर दिया है। अब स्कूलों में दाखिले की प्रक्रिया नए नियमों के तहत होगी। गर्मियों की छुट्टियां खत्म होते ही नए नियम प्रभावी हो जाएंगे। स्कूलों को अब छात्रों की पसंद को प्राथमिकता देनी होगी।

अधिकारियों ने क्या जानकारी दी माध्यमिक शिक्षा मंडल के सचिव बुद्धेश कुमार वैद्य ने बताया कि पाठ्यचर्या समिति की बैठक में इस पर फैसला लिया गया है। इसके बाद अब जो बेसिक गणित का चयन करेंगे, उन्हें 11वीं में गणित चुनने की पात्रता मिल जाएगी। सभी जिलों को इसके बारे में निर्देश जारी कर दिए गए हैं और ये नियम इसी सत्र से लागू होंगे।

छात्रों और अभिभावकों को मिलेगी राहत

अब दसवीं के बाद छात्र अपनी प्रतिभा को निखार सकते हैं। नियमों में सरलता आने से प्रदेश के लाखों बच्चे खुश हैं। अब बेसिक और स्टैंडर्ड मैथ्स का भेदभाव पूरी तरह खत्म है। छात्र अपनी क्षमता के अनुसार अपना भविष्य खुद तय करेंगे।

स्कूल शिक्षा विभाग ने छात्रों के हित में यह फैसला लिया। अब प्रवेश प्रक्रिया में किसी भी तरह की बाधा नहीं आएगी। छात्रों को बस अपनी रुचि के हिसाब से आवेदन करना होगा।

भविष्य की राह हुई और भी आसान

यह बदलाव मध्य प्रदेश की शिक्षा नीति को और बेहतर बनाएगा। अभिभावकों ने भी एमपी बोर्ड के इस नए फैसले का स्वागत किया। अब बच्चों पर नौवीं कक्षा से ही विषयों का बोझ नहीं होगा।

दसवीं के परिणाम के बाद ही सही फैसला लिया जा सकेगा। प्रदेश के सभी निजी और सरकारी स्कूल इसे जल्द अपनाएंगे। अब छात्रों को गणित पढ़ने से कोई नियम नहीं रोकेगा। बोर्ड ने छात्रों के करियर की राह अब आसान कर दी। यह जानकारी सभी छात्रों तक पहुँचाना बहुत जरूरी है।

ये खबरें भी पढ़ें....

एमपी बोर्ड 5वीं-8वीं की दोबारा परीक्षा का शेड्यूल जारी, ऐसे डाउनलोड करें एडमिट कार्ड

एमपी बोर्ड दूसरी परीक्षा 2026: क्या आप गणित में कमजोर हैं? बोर्ड ने दिया विषय बदलने का मौका

MP Board Exam: बढ़ गई द्वितीय परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन की तारीख, अब 26 अप्रैल तक भरें फॉर्म

MP Board Results 2026: शिक्षकों की कमी ने बिगाड़ा छात्रों का रिजल्ट, जानें कैसे

Tags:
  • भोपाल
  • MP Board
  • एमपी बोर्ड
  • मध्य प्रदेश
  • माध्यमिक शिक्षा मंडल भोपाल
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती

By VINAY VERMA

मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं