मध्य प्रदेश में 1.20 लाख सरकारी पद खत्म, नहीं होगी नई भर्ती
Amresh Kushwaha | May 14, 2026, 07:56 IST
mp dying cadre pad khatam
मध्य प्रदेश सरकार ने एक लाख 20 हजार सरकारी पदों को डाइंग कैडर घोषित कर दिया है। अब इन पदों पर कोई नई भर्ती नहीं होगी। सामान्य प्रशासन विभाग ने आदेश जारी कर दिया है। नियमों का उल्लंघन करने पर अफसरों पर कार्रवाई होगी।
शॉर्ट में समझें क्या है पूरा मामला...
- मध्य प्रदेश में एक लाख 20 हजार सरकारी पद डाइंग कैडर घोषित किए गए हैं।
- इन पदों पर अब कोई नई भर्ती नहीं की जाएगी।
- यह आधिकारिक आदेश मध्यप्रदेश सामान्य प्रशासन विभाग ने जारी किया है।
- कार्यभारित, आकस्मिकता निधि और कोटवार पद इस फैसले में शामिल हैं।
- नियम तोड़ने पर कलेक्टर और विभागाध्यक्ष पर कार्रवाई होगी।
MP में 1.20 लाख पद डाइंग कैडर घोषित
सामान्य प्रशासन विभाग ने इस फैसले को लागू करने के लिए आधिकारिक आदेश जारी किया है। यह फैसला पहले कैबिनेट बैठक में लिया गया था। अब उसे जमीन पर उतारने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
किन पदों पर लगी रोक?
पहले हैं कार्यभारित पद, जो सड़क, सिंचाई और भवन निर्माण जैसी परियोजनाओं के लिए अस्थायी रूप से बनाए जाते थे।
दूसरे हैं आकस्मिकता निधि (Contingency Fund) के पद, जिनके कर्मचारियों को अस्थायी खर्च के लिए तय फंड से वेतन दिया जाता था।
तीसरे और चौथे हैं संविदा और कोटवार पद। इन पर निश्चित अवधि के अनुबंध के आधार पर नियुक्तियां होती थीं। ये सभी पद अब खत्म किए जा रहे हैं।
कितने पद किस कैटेगरी में?
नई भर्ती सिर्फ इन पदों पर
नियम तोड़ा तो होगी कार्रवाई
यह सख्ती इसलिए जरूरी है क्योंकि अतीत में ऐसे आदेशों को नजरअंदाज किया जाता रहा है। इस बार सीधे जिम्मेदारी तय की गई है।
आउटसोर्स कर्मचारियों पर भी असर
सरकार का दावा: वित्तीय बोझ होगा कम
FAQ
- डाइंग कैडर का मतलब क्या होता है?
डाइंग कैडर उन पदों को कहते हैं जिन पर भविष्य में कोई नई भर्ती नहीं होती। जो लोग अभी इन पदों पर काम कर रहे हैं, वे काम करते रहेंगे। लेकिन जैसे-जैसे ये लोग रिटायर होंगे या पद खाली होगा, वह पद हमेशा के लिए खत्म हो जाएगा। यानी यह एक तरह से धीरे-धीरे पद को समाप्त करने की प्रक्रिया है।
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