सिस्टम की मौत : पोता 70 साल की दादी को पीठ पर लादकर अस्पताल पहुंचा, एक किमी तक पैदल चला

Amit Baijnath Garg | Sept 16, 2025, 16:37 IST
Share
sirohi
Photograph: (the sootr)

राजस्थान के सिरोही से एक दिल छूने वाली घटना सामने आई है। साथ ही यह सरकार और प्रशासन की नाकामी की भी पोल खोलती है। पोते ने 70 साल की दादी को पीठ पर लादकर एक किमी चलकर अस्पताल पहुंचाया।

राजस्थान के सिरोही जिले से एक दिल को छू लेने वाली और साथ ही सोचने वाली तस्वीर सामने आई है, जिसने सभी को भावुक कर दिया है। आबू रोड के निचलागढ़ गांव से सामने आई इस तस्वीर में पोते कालाराम ने अपनी 70 साल की बीमार दादी सोमी बाई को अपनी पीठ पर लादकर 1 किलोमीटर का कच्चा और दुर्गम रास्ता तय किया।

उसने अपनी दादी को इलाज के लिए उप स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने के लिए यह लंबा रास्ता पार किया। इस तस्वीर के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोग इस पोते के समर्पण और जज्बे की तारीफ कर रहे हैं, वहीं प्रशासन की स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल भी खड़े हो रहे हैं।

🔴 जबलपुर से नवीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालयों का लोकार्पण कर रहे जेपी नड्डा एवं CM मोहन यादव

आदिवासी क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की कमी

निचलागढ़ गांव राजस्थान के एक आदिवासी बहुल इलाका है, जहां बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी है। यहां के लोगों को चिकित्सा सुविधा प्राप्त करने के लिए कई किलोमीटर तक पैदल चलने पर मजबूर होना पड़ता है। इस क्षेत्र में सोलंकीफली गांव के पास पिछले 42 सालों से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण नहीं हुआ है।

प्रशासन ने नहीं उठाया कोई कदम ग्रामीणों को चिकित्सा सुविधा के लिए कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। यह घटना इस बात का स्पष्ट उदाहरण है कि बुनियादी सुविधाओं का अभाव आज भी इस क्षेत्र में बड़ा मुद्दा है। ग्रामीणों का कहना है कि यहां के लोग 1983 से स्थापित एक ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर निर्भर हैं। इस लंबे समय से लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा का इंतजार है, लेकिन प्रशासन ने इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाया है।
​राजस्थान के अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों की कमी, खरीद पर कुंडली मार बैठा RMSCL, जानें पूरा मामला

ग्रामीणों का बुनियादी सेवाओं के लिए संघर्ष

राजस्थान के आबूरोड ब्लॉक का यह इलाका टीएसपी क्षेत्र में आता है, और यहां के ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का इंतजार है। यहां की 32 ग्राम पंचायतों में से 30 पंचायतों के ग्रामीण पिछले कई दशकों से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की मांग कर रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है। सोलंकीफली गांव के लोग आशा करते हैं कि सरकार और जनप्रतिनिधि इस क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाने के लिए कदम उठाएंगे।

छत्तीसगढ़ शराब घोटाला के आरोपी चैतन्य बघेल को बुखार, हाईकोर्ट ने जेल प्रशासन को दी चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने की हिदायत

बुनियादी सुविधाएं और सरकार की अनदेखी

राजस्थान में आदिवासी क्षेत्रों के लिए स्वास्थ्य सुविधाएं बेहद महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि इन क्षेत्रों में जाने के लिए उपयुक्त मार्गों और संसाधनों की कमी है। ग्रामीणों का मानना है कि अगर राजस्थान सरकार इन समस्याओं का समाधान करती है, तो यह उनकी जिंदगी को बेहतर बना सकता है। यहां की स्वास्थ्य समस्याओं का समाधान करने के लिए नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलने की तत्काल आवश्यकता है।

RGHS में पेंशनर्स के लिए OPD की निर्धारित सीमा में होगी वृद्धि, चिकित्सा विभाग को दिए अधिकार

प्रमुख तथ्य

स्थान : निचलागढ़, सिरोही
चिकित्सा सुविधा : प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
ग्रामीणों की मांग : नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
मुख्य मुद्दा : स्वास्थ्य सेवाओं का अभाव
समाधान की आवश्यकता : बेहतर चिकित्सा सुविधाएं

FAQ

  1. 1. पोते ने अपनी दादी को अस्पताल कैसे पहुँचाया?
    पोते कालाराम ने अपनी 70 साल की बीमार दादी को पीठ पर लादकर लगभग 1 किलोमीटर की कच्ची और दुर्गम सड़क तय की, ताकि उन्हें उप स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचा सके।
  2. 2. निचलागढ़ क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति क्या है?
    निचलागढ़ क्षेत्र में पिछले 42 वर्षों से कोई नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) नहीं खोला गया है, और यहां के लोग चिकित्सा सुविधाओं के लिए काफी परेशानी का सामना करते हैं।
  3. 3. ग्रामीणों के लिए स्वास्थ्य सेवाएं क्यों जरूरी हैं?
    इस क्षेत्र में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं (Better Health Services) उपलब्ध नहीं हैं, जिससे ग्रामीणों को इलाज के लिए भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। वे नई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की मांग कर रहे हैं।


Tags:
  • राजस्थान
  • राजस्थान सरकार
  • सोशल मीडिया
  • प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
  • सिरोही
  • चिकित्सा सुविधा
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई