किसानों का विरोध जीता : टिब्बी में एथेनॉल फैक्ट्री नहीं लगाएगी कंपनी, राइजिंग राजस्थान पर भी उठाए सवाल
Amit Baijnath Garg | Dec 20, 2025, 18:13 IST
Photograph: (the sootr)
राजस्थान के हनुमानगढ़ के टिब्बी में किसानों ने एथेनॉल फैक्ट्री का विरोध किया। कंपनी ने 37 दिनों के बाद निर्णय लिया कि अब फैक्ट्री राजस्थान के बाहर स्थापित होगी। कंपनी ने राजस्थान सरकार के राइजिंग राजस्थान पर भी सवाल उठाए।
Hanumangarh. राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले के टिब्बी में प्रस्तावित एथेनॉल फैक्ट्री को लेकर किसानों का विरोध अंततः सफल हो गया। किसानों के लगातार विरोध और हाल में हुई हिंसक घटनाओं के बाद एथेनॉल फैक्ट्री के लिए जिम्मेदार कंपनी प्रबंधन ने यह निर्णय लिया है कि अब टिब्बी में फैक्ट्री नहीं लगाएंगे। इसके साथ ही कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि अब वे राजस्थान के बाहर किसी अन्य राज्य में फैक्ट्री लगाने पर विचार करेंगे।
फरीदाबाद से गिरफ्तार कश्मीरी डॉक्टरों ने उगले राज, पाकिस्तान से हनुमानगढ़ के रास्ते राजस्थान में हथियारों की सप्लाई
टिब्बी में एथेनॉल फैक्ट्री की स्थापना का स्थानीय किसानों ने तीव्र विरोध किया था। किसानों का मुख्य विरोध इस बात से था कि फैक्ट्री से जल प्रदूषण बढ़ेगा और पर्यावरण पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। किसानों ने कई बार विरोध प्रदर्शन किए और दो बार महापंचायत भी आयोजित की। 10 दिसंबर को आयोजित महापंचायत के बाद फैक्ट्री परिसर में हिंसक घटना हुई, जिसमें तोड़फोड़ और आगजनी की गई।
हनुमानगढ़ी मंदिर क्षेत्र में नहीं मिल रहे अच्छे लड्डू... खाद्य विभाग का एक्शन, घी-बेसन में खामी
किसानों ने अपनी मांगों को लेकर राजस्थान सरकार से कई बार अनुरोध किया था। उनकी प्रमुख मांग यह थी कि टिब्बी के राठीखेड़ा में प्रस्तावित एथेनॉल फैक्ट्री का एमओयू रद्द किया जाए। इसके अलावा, किसानों के खिलाफ दर्ज किए गए मुकदमों को वापस लिया जाए। किसानों के इन आक्रामक विरोध प्रदर्शनों के बाद सरकार ने फैक्ट्री पर आपत्तियों और जल प्रदूषण की आशंका का अध्ययन करने के लिए एक कमेटी का गठन किया था।
जांगल जात्रा बनी प्रेरणा : धरोहर संरक्षण की राह दिखाने के लिए श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ से निकली यात्रा
विशेष प्रशिक्षण शिविर : राहुल गांधी सिखाएंगे संगठन के गुर, दिल्ली में लगेगी राजस्थान के कांग्रेस नेताओं की क्लास
सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लिया और एक कमेटी का गठन किया, जिसमें विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। इस कमेटी ने फैक्ट्री के पर्यावरणीय प्रभाव और जल प्रदूषण पर विचार किया। इसके बाद, कंपनी ने राजस्थान के बाहर एथेनॉल फैक्ट्री लगाने का निर्णय लिया। कंपनी ने यह भी कहा कि कई अन्य राज्य सरकारें उन्हें निवेश के लिए प्रस्ताव दे रही हैं।
खाद की कालाबाजारी में राजस्थान तीसरे और छत्तीसगढ़ पांचवें नंबर पर,जमाखोरी में एमपी का तीसरा स्थान
कंपनी प्रबंधन ने राजस्थान सरकार के राइजिंग राजस्थान कार्यक्रम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अगर राज्य में इस तरह का विरोध होता है, तो यहां निवेश कैसे आएगा? कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि वह अब राजस्थान में कोई नया प्रोजेक्ट शुरू नहीं करेंगे और अन्य राज्यों में निवेश करने का विचार कर रहे हैं।
राजस्थान में अप्रैल में ही होंगे स्थानीय निकाय चुनाव, हाईकोर्ट के फैसले में सुप्रीम कोर्ट का दखल से इनकार
फरीदाबाद से गिरफ्तार कश्मीरी डॉक्टरों ने उगले राज, पाकिस्तान से हनुमानगढ़ के रास्ते राजस्थान में हथियारों की सप्लाई
किसानों का विरोध क्यों था?
हनुमानगढ़ी मंदिर क्षेत्र में नहीं मिल रहे अच्छे लड्डू... खाद्य विभाग का एक्शन, घी-बेसन में खामी
हनुमानगढ़ में एथेनॉल फैक्ट्री का विरोध
जांगल जात्रा बनी प्रेरणा : धरोहर संरक्षण की राह दिखाने के लिए श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ से निकली यात्रा
हिंसक घटनाएं और प्रशासन की भूमिका 10 दिसंबर को टिब्बी में महापंचायत के बाद किसानों और स्थानीय लोगों का गुस्सा चरम पर पहुंच गया था। जब पुलिस ने उन्हें फैक्ट्री परिसर में जाने से रोका, तो विरोध और उग्र हो गया। इसके बाद फैक्ट्री परिसर में तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं हुईं। कई वाहनों को आग लगा दी गई और कुछ वाहनों को तोड़ दिया गया। इसके बाद, पुलिस ने किसानों को गिरफ्तार किया और 100 से अधिक किसानों पर एफआईआर दर्ज की।
tibbi
सरकार का दृष्टिकोण और कंपनी का निर्णय
खाद की कालाबाजारी में राजस्थान तीसरे और छत्तीसगढ़ पांचवें नंबर पर,जमाखोरी में एमपी का तीसरा स्थान
राइजिंग राजस्थान पर उठाए सवाल
राजस्थान में अप्रैल में ही होंगे स्थानीय निकाय चुनाव, हाईकोर्ट के फैसले में सुप्रीम कोर्ट का दखल से इनकार
मुख्य बिंदु
- हनुमानगढ़ के किसानों ने फैक्ट्री के कारण जल प्रदूषण बढ़ने और पर्यावरणीय प्रभाव की आशंका को लेकर विरोध किया।
- राज्य सरकार ने फैक्ट्री पर आपत्तियों की जांच के लिए एक कमेटी का गठन किया और बाद में कंपनी ने राजस्थान के बाहर फैक्ट्री लगाने का निर्णय लिया।
- कंपनी ने कहा कि राज्य में निवेश के लिए अनुकूल माहौल नहीं है, जब किसानों का विरोध होता है और परियोजनाओं में अड़चनें आती हैं। अब टिब्बी में एथेनॉल फैक्ट्री नहीं लगाएगी कंपनी।
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj