जोजरी नदी को बचाने आगे आए हनुमान बेनीवाल, बोले-मांगें नहीं मानी तो करेंगे जोधपुर कूच
Amit Baijnath Garg | Aug 17, 2025, 20:07 IST
Photograph: (the sootr)
राजस्थान के बालोतरा के डोली गांव में हनुमान बेनीवाल ने जोजरी नदी को बचाने के लिए आंदोलन में भाग लिया। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर मांगें नहीं मानी गईं, तो वह जोधपुर कूच करेंगे।
राजस्थान में कारखानों के रसायन से बर्बाद हो रही जोजरी नदी को बचाने की मुहिम में रविवार को राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (रालोपा) प्रमुख और सांसद हनुमान बेनीवाल ने शामिल होकर आंदोलन के प्रति एकजुटता दिखाई।
उन्होंने कहा कि अगर इस नदी को बचाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए, तो हम जोधपुर कूच करेंगे। उन्होंने वहां मौजूद बड़ी संख्या में लोगों को आश्वस्त किया कि नदी को बचाने के लिए हम सरकार की ईंट से ईंट बजा देंगे।
नागौर एसपी का विदाई जुलूस विवादों में; हनुमान बेनीवाल का आरोप, जुलूस में ठुमका लगाने वालों में हिस्ट्रीशीटर-तस्कर व अपराधी भी
रेगिस्तान में लूणी नदी की सहायक नदी जोजरी को बचाने के लिए बालोतरा के डोली गांव में जोजरी बचाओ आंदोलन चल रहा है। इसके तहत डोली टोल पर 11 अगस्त से अनिश्चितकालीन धरना चल रहा है। इसमें आसपास के बड़ी संख्या में ग्रामीण और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के कार्यकर्ता शामिल हो रहे हैं। आंदोलन को और गति देने के लिए आरएलपी सांसद हनुमान बेनीवाल लंबे काफिले के साथ रविवार को धरना स्थल पर पहुंचे।
हनुमान बेनीवाल को भाजपा क्यों कर रही है अंदरखाने से सपोर्ट? क्या है इसके पीछे की बड़ी कहानी?
राजस्थान में जोजरी नदी नागौर जिले के पुन्दलू गांव की पहाड़ियों से निकलकर जोधपुर से होती हुई दक्षिण-पश्चिम में बालोतरा तक पहुंचती है। बाद में यह मजल धूधाड़ा के पास लूनी नदी में मिल जाती है। जोजरी को लूनी नदी की सबसे लंबी सहायक नदी माना जाता है।
हनुमान बेनीवाल का ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर पर निशाना, 2.17 लाख का बिजली बिल बकाया
हनुमान बेनीवाल को एक और झटका, सरकारी बंगला खाली करने का नोटिस
आंदोलन में बेनीवाल के शामिल होने से पहले सुबह नदी का जायजा लेने बालोतरा जिला प्रशासन के अधिकारी पहुंचे। अधिकारियों का कहना है कि डोली गांव के आसपास नदी के प्रदूषित पानी को पाइप लाइन से निकाला जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि इस नदी का पानी पीकर जानवर और पक्षी दम तोड़ रहे हैं। नदी का पानी पूरी तरह काला हो चुका है।
पाइप लाइन से पानी निकालना तात्कालिक समाधान हो सकता है, लेकिन नदी को बचाने के लिए कारखानों के जहरीले रसायन को रोकना होगा। यह रसायन बरसात के पानी के साथ मिलकर जमीनों को खराब कर रहा है। हरे-भरे पेड़ सूख गए हैं।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
उन्होंने कहा कि अगर इस नदी को बचाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए, तो हम जोधपुर कूच करेंगे। उन्होंने वहां मौजूद बड़ी संख्या में लोगों को आश्वस्त किया कि नदी को बचाने के लिए हम सरकार की ईंट से ईंट बजा देंगे।
नागौर एसपी का विदाई जुलूस विवादों में; हनुमान बेनीवाल का आरोप, जुलूस में ठुमका लगाने वालों में हिस्ट्रीशीटर-तस्कर व अपराधी भी
डोली गांव में जोजरी बचाओ आंदोलन
हनुमान बेनीवाल को भाजपा क्यों कर रही है अंदरखाने से सपोर्ट? क्या है इसके पीछे की बड़ी कहानी?
आज बालोतरा जिले के डोली में टोल प्लाजा के पास आयोजित जोजरी बचाओ महारैली में उपस्थित जनता ने यह निर्णय लिया है कि आगामी एक घंटे में हमारी मांग के क्रम में कोई ठोस बात सरकार की तरफ नहीं की जाती है तो उसके बाद हम जोधपुर कूच करेंगे | pic.twitter.com/XSLhqVsymb
— HANUMAN BENIWAL (@hanumanbeniwal) August 17, 2025
रसायन मिलने से नदी हो गई दूषित
हनुमान बेनीवाल का ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर पर निशाना, 2.17 लाख का बिजली बिल बकाया
कुछ सालों से प्रदूषण के कारण इस नदी की स्थिति बेहद खतरनाक हो चुकी है। जोधपुर, पाली और बालोतरा के रंगाई-छपाई कारखानों से निकलने वाले जहरीले रसायन और भारी धातु सीधे नदी में छोड़े जा रहे हैं। शहरी क्षेत्रों का सीवेज भी बिना किसी उपचार के नदी में मिल जाने से स्थिति ज्यादा बिगड़ गई है।
अफसर बोले, पाइप से निकालेंगे खराब पानी
पाइप लाइन से पानी निकालना तात्कालिक समाधान हो सकता है, लेकिन नदी को बचाने के लिए कारखानों के जहरीले रसायन को रोकना होगा। यह रसायन बरसात के पानी के साथ मिलकर जमीनों को खराब कर रहा है। हरे-भरे पेड़ सूख गए हैं।
FAQ
- Q1: जोजरी नदी के प्रदूषण का मुख्य कारण क्या है?
जोजरी नदी के प्रदूषण का मुख्य कारण जोधपुर, पाली और बालोतरा के रंगाई-छपाई कारखानों से निकलने वाले जहरीले रसायन और भारी धातु हैं। इसके अलावा शहरी क्षेत्रों का सीवेज भी बिना उपचार के नदी में मिल रहा है। - Q2: जोजरी नदी को बचाने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
नदी के प्रदूषित पानी को पाइप लाइन के माध्यम से निकालने का प्रस्ताव किया गया है, लेकिन नदी को बचाने के लिए कारखानों से निकलने वाले जहरीले रसायन को रोकना जरूरी है। - Q3: हनुमान बेनीवाल ने इस आंदोलन में कैसे सहयोग दिया?
हनुमान बेनीवाल ने जोजरी नदी को बचाने के लिए आंदोलन में भाग लिया और सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर मांगें नहीं मानी गईं, तो वह जोधपुर कूच करेंगे।
thesootr links
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman