पचपदरा रिफाइनरी: देरी पर कांग्रेस का हमला, डबल इंजन की सरकार फिर क्यों चल रहा धीमा काम
Gyan Chand Patni | Aug 25, 2025, 15:58 IST
refinery raj
कांग्रेस नेताओं ने राजस्थान के बालोतरा जिले की पचपदरा रिफाइनरी की देरी पर भाजपा सरकार को घेरा, कहा- डबल इंजन सरकार के बावजूद काम धीमा क्यों? केंद्रीय मंत्री पुरी का विवादास्पद ट्वीट।
राजस्थान के पचपदरा में स्थित रिफाइनरी के निर्माण की देरी पर कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला किया है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल ने आरोप लगाया है कि रिफाइनरी परियोजना को लेकर भाजपा सरकार की नीतियों और फैसलों में अत्यधिक देरी हो रही है।
गहलोत ने इस मामले को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पोस्ट किया और रिफाइनरी के निर्माण की तारीखों में बार-बार बदलाव को लेकर सरकार की आलोचना की।
गहलोत ने अपनी पोस्ट में उल्लेख किया कि भाजपा सरकार ने वर्ष 2025-26 के बजट में यह घोषणा की थी कि पचपदरा-बालोतरा रिफाइनरी अगस्त 2025 से उत्पादन शुरू कर देगी। हालांकि, केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के रिफाइनरी के दौरे के बाद भी, इस परियोजना के शुरू होने की तारीख पर कोई स्पष्टता नहीं दी गई। गहलोत का कहना है कि भाजपा सरकार की इस चुप्पी से जनता में संदेह पैदा हो रहा है।
गहलोत ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में यह भी बताया कि कांग्रेस सरकार के दौरान कोविड महामारी के बावजूद रिफाइनरी के कार्य में तेजी आई थी और 80% से अधिक काम पूरा किया जा चुका था। लेकिन भाजपा सरकार के आने के बाद, काम धीमा हो गया और परियोजना की लागत में भारी बढ़ोतरी हुई। गहलोत ने आरोप लगाया कि अगर सरकार का काम रोकने के बजाय गति दी जाती, तो यह परियोजना अब तक पूरी हो चुकी होती।
pic.twitter.com/6QRxmzRVyn
सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल ने भी इस मुद्दे पर प्रेस वार्ता की और रिफाइनरी के निर्माण की तारीखों में बार-बार बदलाव पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पहले 2023, फिर 2024, और अब अगस्त 2025 तक की तारीखें दी गई हैं, लेकिन कोई स्पष्टता नहीं है कि रिफाइनरी कब पूरी होगी। बेनीवाल का कहना है कि अब कम से कम दो से ढाई साल लगेंगे रिफाइनरी के शुरू होने में।
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बेनीवाल ने यह भी कहा कि रिफाइनरी के लिए जमीन का मुआवजा अब तक नहीं दिया गया है। खारवाल समाज द्वारा किए गए विरोध और मुआवजे की मांग पर भी उन्होंने टिप्पणी की। उनका कहना था कि जब रिफाइनरी की स्थापना की योजना बनाई गई थी, तो समाज को आश्वासन दिया गया था कि उन्हें मुआवजा मिलेगा या वैकल्पिक जमीन दी जाएगी, लेकिन आज तक इन वादों का कोई पालन नहीं हुआ।
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कब शुरू होगी पचपदरा रिफाइनरी, यह सवाल बार-बार उठ रहा है। राजस्थान में पचपदरा रिफाइनरी परियोजना का केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और सीएम भजन लाल शर्मा ने रविवार को जायजा लिया था।
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गहलोत ने इस मामले को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पोस्ट किया और रिफाइनरी के निर्माण की तारीखों में बार-बार बदलाव को लेकर सरकार की आलोचना की।
गहलोत ने क्या कहा
पचपदरा स्थित रिफाइनरी को लेकर सवाल :
देखिए इन्होंने पूरा बर्बाद कर दिया। जो करीब लगभग चालीस हजार करोड़, अड़तीस हजार करोड़ का प्रोजेक्ट था ये पहले लगभग चालीस हजार करोड़ का जब हम ने इसका शिलान्यास करवाया सोनिया गांधी जी भी आई थीं वीरप्पा मोइली आए थे मंत्री थे जब मुझे बहुत दुःख… pic.twitter.com/UjXUxVE09R
— Ashok Gehlot (@ashokgehlot51) August 25, 2025
भाजपा सरकार पर लगाए गए आरोप
pic.twitter.com/6QRxmzRVyn
"रिफाइनरी शुरू होने में लगेंगे 2 साल"
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मुआवजे और जमीन का मुद्दा
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बार-बार उठ रहा सवाल
FAQ
- 1.
पचपदरा रिफाइनरी परियोजना में इतनी देरी क्यों हो रही है?
पचपदरा रिफाइनरी परियोजना में देरी का मुख्य कारण सरकारी नीतियों में बदलाव और कार्यों में कमी है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा सरकार के दौरान इस परियोजना की गति धीमी हो गई और परियोजना की लागत में भारी वृद्धि हुई। - 2. रिफाइनरी के निर्माण में अब तक कितनी राशि खर्च हो चुकी है?
कांग्रेस नेताओं के अनुसार, रिफाइनरी के निर्माण पर अब तक लगभग 37,000 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं, और परियोजना की लागत 1 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है। - 3. रिफाइनरी के निर्माण के दौरान खारवाल समाज को क्या परेशानी हुई?
रिफाइनरी के लिए जमीन अधिग्रहण के दौरान खारवाल समाज को मुआवजा और वैकल्पिक जमीन देने का वादा किया गया था, लेकिन अब तक उन्हें कोई मुआवजा नहीं मिला है, और उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया है।
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FAQ
- 1. पचपदरा रिफाइनरी परियोजना में इतनी देरी क्यों हो रही है?
पचपदरा रिफाइनरी परियोजना में देरी का मुख्य कारण सरकारी नीतियों में बदलाव है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा सरकार के दौरान इस परियोजना की गति धीमी हो गई और परियोजना की लागत में भारी वृद्धि हुई। - 2. रिफाइनरी के निर्माण में अब तक कितनी राशि खर्च हो चुकी है?
कांग्रेस नेताओं के अनुसार, रिफाइनरी के निर्माण पर अब तक लगभग 37,000 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं, और परियोजना की लागत 1 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है। - 3. रिफाइनरी के निर्माण के दौरान खारवाल समाज को क्या परेशानी हुई?
रिफाइनरी के लिए जमीन अधिग्रहण के दौरान खारवाल समाज को मुआवजा और वैकल्पिक जमीन देने का वादा किया गया था, लेकिन अब तक उन्हें कोई मुआवजा नहीं मिला है, और उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया है।
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