आज का इतिहास: LIC के 69 साल, जानें एक जीवन बीमा ने कैसे बदल दी देश की तस्वीर
Dablu Kumar | Sept 01, 2025, 08:00 IST
BIMA CAMPANY
भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) की स्थापना 1 सितंबर 1956 को हुई थी। यह न केवल बीमा उपलब्ध कराता है, बल्कि भारतीय अर्थव्यवस्था और सामाजिक विकास में भी अहम भूमिका निभा रहा है।
भारतीय जीवन बीमा निगम, जिसे हम सभी एलआईसी (LIC) के नाम से जानते हैं। यह भारत की सबसे बड़ी और सबसे पुरानी जीवन बीमा कंपनी है। इसकी स्थापना 1 सितंबर 1956 को हुई थी। यह केवल एक बीमा कंपनी नहीं, बल्कि भारत की आर्थिक और सामाजिक विकास में अहम भागीदार भी है। एलआईसी की स्थापना का मुख्य उद्देश्य देश में जीवन बीमा के कारोबार को आम जनता तक पहुंचाना था।
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स्वतंत्रता के बाद भारत सरकार ने महसूस किया कि देश में जीवन बीमा का कारोबार कुछ निजी कंपनियों के हाथों में केंद्रित है। जो अक्सर शहरी और अमीर लोगों को ही अपनी सेवाएं देती हैं। इन कंपनियों में पारदर्शिता की कमी थी और वे आम लोगों के हितों की रक्षा नहीं कर पाती थीं।
इस स्थिति को बदलने और बीमा को हर भारतीय तक पहुंचाने के लिए भारत सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया। 19 जून 1956 को भारत सरकार ने एक अध्यादेश (ordinance) जारी किया। इसके तहत भारत में काम कर रही 245 निजी बीमा कंपनियों का राष्ट्रीयकरण कर दिया गया। इन सभी कंपनियों को मिलाकर एक नई सरकारी कंपनी का गठन किया गया, जिसका नाम भारतीय जीवन बीमा निगम रखा गया।
एलआईसी की स्थापना के पीछे का मुख्य कारण यह था कि लोगों का भरोसा वापस जीता जाए और बीमा को एक सुरक्षित निवेश का जरिया बनाया जाए।
![Life Insurance Corporation of India - LIC of India - Profile, Plan & Policies]()
एलआईसी का मुख्य उद्देश्य भारत के लोगों को जीवन बीमा प्रदान करना है ताकि उनके परिवार को किसी भी घटना जैसे मृत्यु की स्थिति में वित्तीय सुरक्षा मिल सके। इसके अलावा एलआईसी गठन करने के कुछ और भी मुख्य कारण थे।
जन-जन तक बीमा पहुंचाना: शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण और पिछड़े इलाकों में भी बीमा की पहुंच बढ़ाना।
निवेश के अवसर: लोगों की छोटी-छोटी बचत को इकट्ठा करके उसे देश के विकास से जुड़े प्रोजेक्ट्स में निवेश करना।
बचत को प्रोत्साहन: लोगों को भविष्य के लिए बचत करने के लिए प्रोत्साहित करना।
कम प्रीमियम में अधिक सुरक्षा: कम आय वाले लोगों के लिए कम प्रीमियम वाली बीमा योजनाएं उपलब्ध कराना।
एलआईसी भारत में बीमा क्षेत्र को नियंत्रित और विनियमित करने वाले नियमों का पालन करती है और यह भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के अधीन काम करती है।
![LIC ने पेश की नई बीमा पॉलिसी Dhan Rekha, जानें इसमें क्या है खास | LIC introduces Savings Life Insurance Plan Dhan Rekha]()
एलआईसी का कामकाज एक बहुत ही विस्तृत और संगठित नेटवर्क पर आधारित है। यह अपनी सेवाओं को ग्राहकों तक पहुंचाने के लिए मल्टी-चैनल अप्रोच का इस्तेमाल करती है।
एजेंट नेटवर्क: एलआईसी का सबसे बड़ा और सबसे प्रभावी चैनल उसका विशाल एजेंट नेटवर्क है। लाखों एजेंट पूरे देश में घर-घर जाकर लोगों को बीमा योजनाओं के बारे में जानकारी देते हैं और पॉलिसी बेचने में मदद करते हैं।
डिजिटल प्लेटफॉर्म: आधुनिक समय के साथ तालमेल बिठाते हुए एलआईसी ने ऑनलाइन प्रीमियम भुगतान पॉलिसी की जानकारी और नई पॉलिसी खरीदने के लिए अपनी वेबसाइट और मोबाइल ऐप शुरू की हैं।
![Life Insurance Corporation Of India history. LIC की शुरुआत कैसे हुई, स्वदेशी आंदोलन से जुड़ा है इसकी स्थापना का क़िस्सा]()
शाखाएं : पूरे भारत में एलआईसी की हजारों शाखाएँ हैं जहाँ ग्राहक सीधे जाकर अपनी पॉलिसी से संबंधित काम करवा सकते हैं।
एलआईसी की बीमा योजनाएं
एंडोमेंट प्लान (Endowment Plan): यह एक बचत और बीमा योजना है जहां पॉलिसी की अवधि पूरी होने पर एक निश्चित राशि मिलती है।
टर्म इंश्योरेंस प्लान (Term Insurance Plan): यह शुद्ध बीमा योजना है, जिसमें अगर पॉलिसीधारक की मृत्यु हो जाती है तो उसके परिवार को एक बड़ी राशि मिलती है।
यूलिप (ULIP) प्लान: यह बीमा और निवेश का मिश्रण है।
पेंशन प्लान (Pension Plan): यह सेवानिवृत्ति (रिटायरमेंट) के बाद नियमित आय तय करने के लिए है।
चिल्ड्रन प्लान (Children Plan): यह बच्चों के भविष्य की जरूरतों जैसे शिक्षा और शादी के लिए बचत करने में मदद करती है।
![LIC Jeevan Umang Policy: 100 साल तक मिलेगा 40 हजार सालाना, LIC की इस पॉलिसी में देना होगा 44 रुपये रोजाना - LIC Jeevan Umang Policy invest 44 rupees per day and]()
एलआईसी का भारतीय अर्थव्यवस्था में योगदान बहुत बड़ा है। यह सिर्फ बीमा प्रीमियम जमा नहीं करती, बल्कि इस पैसे को देश के विकास से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करती है।
बुनियादी ढांचा (Infrastructure): एलआईसी ने सड़क, पुल, बिजली संयंत्रों और आवास परियोजनाओं जैसे बड़े बुनियादी ढांचा प्रोजेक्ट्स में भारी निवेश किया है।
शेयर बाजार (Stock Market): यह भारतीय शेयर बाजार में एक प्रमुख निवेशक है, जो विभिन्न कंपनियों में पैसा लगाकर अर्थव्यवस्था को गति देती है।
रोजगार (Employment): एलआईसी लाखों लोगों को सीधे और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार प्रदान करती है, जिसमें उसके एजेंट और कर्मचारी शामिल हैं।
राष्ट्रीय विकास (National Development): एलआईसी द्वारा जुटाए गए धन का उपयोग पंचवर्षीय योजनाओं और अन्य सरकारी योजनाओं के लिए किया गया है, जिससे देश का विकास हुआ है।
पिछले कुछ दशकों में निजी बीमा कंपनियों के आने से एलआईसी को चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। इन कंपनियों ने नए उत्पाद और आधुनिक मार्केटिंग तकनीकों के साथ बाजार में प्रवेश किया है।
इस प्रतिस्पर्धा का सामना करने के लिए एलआईसी ने भी अपनी रणनीतियों में बदलाव किए हैं:
डिजिटलीकरण: ग्राहकों को बेहतर अनुभव देने के लिए ऑनलाइन सेवाओं और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर ध्यान केंद्रित किया है।
उत्पादों का आधुनिकीकरण: ग्राहकों की बदलती जरूरतों के अनुसार नई और अभिनव बीमा योजनाएं पेश की हैं।
बाजार में विस्तार: नए बाजारों और क्षेत्रों में अपनी पहुँच बढ़ा रही है।
आज एलआईसी सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया के कुछ अन्य देशों में भी अपनी सेवाएं दे रही है। इसका मुख्य उद्देश्य भारत के हर नागरिक को वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना और राष्ट्रीय विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाना जारी रखना है।
1 सितंबर 1956 को शुरू हुई भारतीय जीवन बीमा निगम भारत की आर्थिक यात्रा का एक अहम अंग रहा है। इसने न केवल करोड़ों भारतीयों को वित्तीय सुरक्षा दी है, बल्कि देश के विकास में भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अपनी स्थापना के बाद से एलआईसी ने लोगों का विश्वास जीता है और आज भी यह भारत में बीमा का पर्याय बनी हुई है।
Reference
भारतीय जीवन बीमा निगम की आधिकारिक वेबसाइट (www.licindia.in)
भारत सरकार का राजपत्र (Gazette of India)
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और IRDAI की रिपोर्टें
आज का इतिहास: आज ही के दिन संविधान बनाने की रखी गई थी नींव, संविधान सभा ने प्रारूप समिति का किया था गठन
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एलआईसी का इतिहास
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स्वतंत्रता के बाद भारत सरकार ने महसूस किया कि देश में जीवन बीमा का कारोबार कुछ निजी कंपनियों के हाथों में केंद्रित है। जो अक्सर शहरी और अमीर लोगों को ही अपनी सेवाएं देती हैं। इन कंपनियों में पारदर्शिता की कमी थी और वे आम लोगों के हितों की रक्षा नहीं कर पाती थीं।
इस स्थिति को बदलने और बीमा को हर भारतीय तक पहुंचाने के लिए भारत सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया। 19 जून 1956 को भारत सरकार ने एक अध्यादेश (ordinance) जारी किया। इसके तहत भारत में काम कर रही 245 निजी बीमा कंपनियों का राष्ट्रीयकरण कर दिया गया। इन सभी कंपनियों को मिलाकर एक नई सरकारी कंपनी का गठन किया गया, जिसका नाम भारतीय जीवन बीमा निगम रखा गया।
एलआईसी की स्थापना के पीछे का मुख्य कारण यह था कि लोगों का भरोसा वापस जीता जाए और बीमा को एक सुरक्षित निवेश का जरिया बनाया जाए।
एलआईसी का काम
Life Insurance Corporation of India - LIC of India - Profile, Plan & Policies
एलआईसी का मुख्य उद्देश्य भारत के लोगों को जीवन बीमा प्रदान करना है ताकि उनके परिवार को किसी भी घटना जैसे मृत्यु की स्थिति में वित्तीय सुरक्षा मिल सके। इसके अलावा एलआईसी गठन करने के कुछ और भी मुख्य कारण थे।
जन-जन तक बीमा पहुंचाना: शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण और पिछड़े इलाकों में भी बीमा की पहुंच बढ़ाना।
निवेश के अवसर: लोगों की छोटी-छोटी बचत को इकट्ठा करके उसे देश के विकास से जुड़े प्रोजेक्ट्स में निवेश करना।
बचत को प्रोत्साहन: लोगों को भविष्य के लिए बचत करने के लिए प्रोत्साहित करना।
कम प्रीमियम में अधिक सुरक्षा: कम आय वाले लोगों के लिए कम प्रीमियम वाली बीमा योजनाएं उपलब्ध कराना।
एलआईसी भारत में बीमा क्षेत्र को नियंत्रित और विनियमित करने वाले नियमों का पालन करती है और यह भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के अधीन काम करती है।
कैसे काम करती है एलआईसी
LIC ने पेश की नई बीमा पॉलिसी Dhan Rekha, जानें इसमें क्या है खास | LIC introduces Savings Life Insurance Plan Dhan Rekha
एलआईसी का कामकाज एक बहुत ही विस्तृत और संगठित नेटवर्क पर आधारित है। यह अपनी सेवाओं को ग्राहकों तक पहुंचाने के लिए मल्टी-चैनल अप्रोच का इस्तेमाल करती है।
एजेंट नेटवर्क: एलआईसी का सबसे बड़ा और सबसे प्रभावी चैनल उसका विशाल एजेंट नेटवर्क है। लाखों एजेंट पूरे देश में घर-घर जाकर लोगों को बीमा योजनाओं के बारे में जानकारी देते हैं और पॉलिसी बेचने में मदद करते हैं।
डिजिटल प्लेटफॉर्म: आधुनिक समय के साथ तालमेल बिठाते हुए एलआईसी ने ऑनलाइन प्रीमियम भुगतान पॉलिसी की जानकारी और नई पॉलिसी खरीदने के लिए अपनी वेबसाइट और मोबाइल ऐप शुरू की हैं।
Life Insurance Corporation Of India history. LIC की शुरुआत कैसे हुई, स्वदेशी आंदोलन से जुड़ा है इसकी स्थापना का क़िस्सा
शाखाएं : पूरे भारत में एलआईसी की हजारों शाखाएँ हैं जहाँ ग्राहक सीधे जाकर अपनी पॉलिसी से संबंधित काम करवा सकते हैं।
एलआईसी की बीमा योजनाएं
एंडोमेंट प्लान (Endowment Plan): यह एक बचत और बीमा योजना है जहां पॉलिसी की अवधि पूरी होने पर एक निश्चित राशि मिलती है।
टर्म इंश्योरेंस प्लान (Term Insurance Plan): यह शुद्ध बीमा योजना है, जिसमें अगर पॉलिसीधारक की मृत्यु हो जाती है तो उसके परिवार को एक बड़ी राशि मिलती है।
यूलिप (ULIP) प्लान: यह बीमा और निवेश का मिश्रण है।
पेंशन प्लान (Pension Plan): यह सेवानिवृत्ति (रिटायरमेंट) के बाद नियमित आय तय करने के लिए है।
चिल्ड्रन प्लान (Children Plan): यह बच्चों के भविष्य की जरूरतों जैसे शिक्षा और शादी के लिए बचत करने में मदद करती है।
एलआईसी का देश की अर्थव्यवस्था में योगदान
LIC Jeevan Umang Policy: 100 साल तक मिलेगा 40 हजार सालाना, LIC की इस पॉलिसी में देना होगा 44 रुपये रोजाना - LIC Jeevan Umang Policy invest 44 rupees per day and
एलआईसी का भारतीय अर्थव्यवस्था में योगदान बहुत बड़ा है। यह सिर्फ बीमा प्रीमियम जमा नहीं करती, बल्कि इस पैसे को देश के विकास से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करती है।
बुनियादी ढांचा (Infrastructure): एलआईसी ने सड़क, पुल, बिजली संयंत्रों और आवास परियोजनाओं जैसे बड़े बुनियादी ढांचा प्रोजेक्ट्स में भारी निवेश किया है।
शेयर बाजार (Stock Market): यह भारतीय शेयर बाजार में एक प्रमुख निवेशक है, जो विभिन्न कंपनियों में पैसा लगाकर अर्थव्यवस्था को गति देती है।
रोजगार (Employment): एलआईसी लाखों लोगों को सीधे और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार प्रदान करती है, जिसमें उसके एजेंट और कर्मचारी शामिल हैं।
राष्ट्रीय विकास (National Development): एलआईसी द्वारा जुटाए गए धन का उपयोग पंचवर्षीय योजनाओं और अन्य सरकारी योजनाओं के लिए किया गया है, जिससे देश का विकास हुआ है।
भविष्य के लिए क्या है प्लान
इस प्रतिस्पर्धा का सामना करने के लिए एलआईसी ने भी अपनी रणनीतियों में बदलाव किए हैं:
डिजिटलीकरण: ग्राहकों को बेहतर अनुभव देने के लिए ऑनलाइन सेवाओं और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर ध्यान केंद्रित किया है।
उत्पादों का आधुनिकीकरण: ग्राहकों की बदलती जरूरतों के अनुसार नई और अभिनव बीमा योजनाएं पेश की हैं।
बाजार में विस्तार: नए बाजारों और क्षेत्रों में अपनी पहुँच बढ़ा रही है।
आज एलआईसी सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया के कुछ अन्य देशों में भी अपनी सेवाएं दे रही है। इसका मुख्य उद्देश्य भारत के हर नागरिक को वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना और राष्ट्रीय विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाना जारी रखना है।
1 सितंबर 1956 को शुरू हुई भारतीय जीवन बीमा निगम भारत की आर्थिक यात्रा का एक अहम अंग रहा है। इसने न केवल करोड़ों भारतीयों को वित्तीय सुरक्षा दी है, बल्कि देश के विकास में भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अपनी स्थापना के बाद से एलआईसी ने लोगों का विश्वास जीता है और आज भी यह भारत में बीमा का पर्याय बनी हुई है।
Reference
भारतीय जीवन बीमा निगम की आधिकारिक वेबसाइट (www.licindia.in)
भारत सरकार का राजपत्र (Gazette of India)
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और IRDAI की रिपोर्टें
2 सितंबर: भारत और विश्व इतिहास में
- 2014: पाकिस्तान में प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के इस्तीफे की मांग करते हुए स्टेट टीवी स्टेशन पर कब्जा कर लिया। बाद में सैनिकों और अर्धसैनिक बलों ने नियंत्रण पुनः प्राप्त किया।
- 2013: विवादास्पद बाबा आसाराम बापू को एक किशोरी द्वारा बलात्कार के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
- 2012: एक अध्ययन में पता चला कि फ्लैंडर्स के मध्यम वर्ग के बच्चों को खराब आर्थिक पृष्ठभूमि वाले बच्चों की तुलना में 15 गुना अधिक सीखने की समस्याएँ होती हैं।
- 2011: दुनिया के सबसे बड़े खाद्य समूह नेस्ले एसए ने स्विट्जरलैंड के कोनोलिंगेन में एक नई उत्पादन इकाई शुरू की।
- 2008: उड़ीसा सरकार ने रिपोर्ट जारी की जिसमें बताया गया कि 2008 में उड़ीसा में हिंसा के कारण 558 घरों और 17 पूजा स्थलों को बचाया गया।
- 2007: WWE के 11 कलाकारों को डोपिंग के आरोप में निलंबित कर दिया गया।
- 2006: रॉजर गुडेल ने NFL के आयुक्त के रूप में अपना कार्यकाल शुरू किया।
- 2005: कैलिफोर्निया के सीनेट ने समान-लिंग विवाह की अनुमति देने के लिए पहला बिल पारित किया।
- 1998: विक्टर चेर्नोमीर्डिन को रूस के नए प्रधानमंत्री के रूप में फिर से चुना गया।
- 1994: आयरिश रिपब्लिकन आर्मी ने उत्तरी आयरलैंड में युद्ध विराम की घोषणा की।
- 1989: नई कार सुरक्षा कानून में ड्राइवर के पक्ष में एयर बैग को अनिवार्य किया गया।
- 1986: जॉर्डन विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की स्थापना की गई।
- 1983: सोवियत जेट ने कोरियाई एयरलाइंस के विमान को मार गिराया, जिसमें 246 यात्री और 23 चालक दल के सदस्य मारे गए।
- 1979: श्रीलंका ने अपनी सेना महिला कोर की स्थापना की।
- 1976: ऑस्ट्रेलिया में टेलीविजन और रेडियो पर सिगरेट और तंबाकू के विज्ञापन पर प्रतिबंध लगा दिया गया।
- 1972: अमेरिकी शतरंज ग्रैंडमास्टर बॉबी फिशर ने रूस के बोरिस स्पैस्की को हराकर 11 वें विश्व चैंपियन बने।
- 1969: मुअम्मर गद्दाफी ने एक रक्तहीन तख्तापलट के जरिए लीबिया के इदरीस I को उखाड़ फेंका।
- 1965: चीन ने ब्रिटिश सरकार के खिलाफ आधिकारिक विरोध शुरू किया, जिससे हांगकांग से अमेरिकी सेना को बाहर निकाला गया।
- 1962: हांगकांग में एक तूफान ने 130 लोगों की जान ले ली और 600 से ज्यादा लोग घायल हुए।
- 1958: पहला कोड युद्ध यूनाइटेड किंगडम और आइसलैंड के बीच शुरू हुआ।
- 1957: जमैका में एक रेलवे दुर्घटना में 175 लोग मारे गए।
- 1951: संयुक्त राज्य अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड ने एएनज़स संधि पर हस्ताक्षर किए।
- 1939: द्वितीय विश्व युद्ध की शुरुआत जर्मनी द्वारा पोलैंड पर आक्रमण से हुई।
- 1928: अल्बानियाई गणराज्य के राष्ट्रपति अहमत ज़ोगू ने घोषणा की कि देश अब एक संवैधानिक राजशाही है।
- 1923: जापान के कांटो क्षेत्र में आए भूकंप ने टोक्यो और योकोहामा को तबाह कर दिया, जिसमें 100,000 से ज्यादा लोग मारे गए।
- 1914: यात्री कबूतर जो कभी 3 बिलियन से अधिक संख्या में थे, विलुप्त हो गए।
- 1902: पहली साइंस फिक्शन फिल्म 'ए ट्रिप टू द मून' फ्रांस में रिलीज़ हुई।
- 1880: मोहम्मद अयूब खान की सेना को अंग्रेजों ने कंधार में भेजा, और दूसरा एंग्लो-अफगान युद्ध समाप्त हो गया।
- 1878: एम्मा नट को दुनिया की पहली महिला टेलीफोन ऑपरेटर बनाया गया।
- 1866: पहला हवाईयन दैनिक समाचार पत्र प्रकाशित हुआ।
- 1863: ओहियो की 6वीं घुड़सवार सेना ने वर्जीनिया में बारबीस क्रॉसरोड्स पर हमला किया।
- 1849: कैलिफोर्निया में संवैधानिक सम्मेलन मोंटेरी में आयोजित हुआ।
- 1804: जर्मन खगोलज्ञ के एल. हार्डिंग ने एस्टेरॉयड जूनो की खोज की।
- 1799: न्यूयॉर्क शहर में बैंक ऑफ मैनहट्टन कंपनी खुली।
- 1798: ब्रिटेन ने हैदराबाद के निजाम के साथ संधि पर हस्ताक्षर किए।
- 1774: मैसाचुसेट्स के शाही गवर्नर थॉमस गैज ने सैनिकों को बारूद हटाने का आदेश दिया, जिससे पैट्रियट युद्ध की शुरुआत हुई।
- 1763: रूस की कैथरीन द्वितीय ने मास्को में एक संस्थापक होम के लिए इवान बेट्सकोय की योजना का समर्थन किया।
- 1715: फ्रांस के राजा लुई XIV का निधन हुआ, जिन्होंने 72 वर्षों तक शासन किया।
- 1689: रूस ने दाढ़ी पर टैक्स वसूलने की शुरुआत की।
- 1529: अर्जेंटीना में पहली यूरोपीय बस्ती सैंक्चुरी स्पिरिटु को स्थानीय मूल निवासियों द्वारा धोखे से लिया गया।
2 सितंबर: भारत के लिए
- 2009: वायस एडमिरल निर्मल कुमार वर्मा को भारतीय नौसेना के नए प्रमुख के रूप में नियुक्त किया गया।
- 2009: उड़ीसा में डायरिया का प्रकोप हुआ, जिसमें कम से कम 26 लोगों की मौत हो गई और 237 लोग अस्पताल में भर्ती हुए।
- 2008: पूर्व वित्तमंत्री पी. चिदम्बरम ने डी. सुब्बाराव को भारतीय रिज़र्व बैंक के 22वें गर्वनर के रूप में नियुक्त किया।
- 2000: भारत के पड़ोसी देश चीन ने तिब्बत होते हुए नेपाल जाने वाले रास्ते को बंद कर दिया था।
- 1973: भारत के मशहूर फिल्म अभिनेता राम कपूर का जन्म हुआ।
- 1964: भारत की पेट्रोलियम कंपनी इंडियन ऑयल रिफ़ाइनरी और इंडियन ऑयल कंपनी को मिलाकर इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन बनाई गई।
- 1956: भारत की सबसे बड़ी जीवन बीमा कंपनी "भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी)" की स्थापना हुई थी।
- 1956: भारतीय राज्यों के पुनर्गठन के बाद त्रिपुरा को केंद्रशासित प्रदेश बना दिया गया।
आज का इतिहास: आज ही के दिन संविधान बनाने की रखी गई थी नींव, संविधान सभा ने प्रारूप समिति का किया था गठन
आज का इतिहास: इस दिन तय हुआ था पूरे देश में एक समय, IST ने बदल दी तस्वीर
आज का इतिहास: स्वर्ण मंदिर में हुई सिखों के पवित्र धर्मग्रंथ गुरु ग्रंथ साहिब की स्थापना
आज का इतिहास | आज की तारीख का इतिहास | आज के दिन की कहानी | आज की यादगार घटनाएं
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